चंडीगढ़ पुलिस के साइबर सेल ने एक बड़ी कामयाबी हासिल करते हुए दिल्ली में चल रहे एक संगठित साइबर धोखाधड़ी गिरोह का पर्दाफाश किया है। इस मामले में तीन महिलाओं प्रतिमा शर्मा, रोशनी और जूही सेठी को गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई चंडीगढ़ के सेक्टर 45 के एक निवासी की शिकायत पर दर्ज एफआईआर संख्या 150 के तहत की गई, जिसमें पीड़ित से अमेरिकन एक्सप्रेस क्रेडिट कार्ड प्रतिनिधि बनकर ₹1,73,463 की ठगी की गई थी।
एसपी साइबर क्राइम गीतांजलि खंडेलवाल की अगुवाई में पुलिस टीम ने दिल्ली के तिलक नगर में छापेमारी कर भारी मात्रा में इलेक्ट्रॉनिक उपकरण बरामद किए, जिनमें 28 मोबाइल फोन, 82 सिम कार्ड, 55 एटीएम कार्ड, 27 लैंडलाइन फोन और कई वायरलेस ट्रांसमीटर शामिल हैं। जांच में खुलासा हुआ कि ये आरोपी महिलाएं बैंक अधिकारियों के रूप में फर्जी पहचान बनाकर लोगों को क्रेडिट कार्ड की लिमिट बढ़ाने या कार्ड अपग्रेड करने का झांसा देती थीं और उनके फोन पर 'गूगल फॉर्म' के नाम से एक घातक लिंक भेजकर फोन का एक्सेस प्राप्त कर लेती थीं।
साइबर क्राइम को लेकर चंडीगढ़ पुलिस का ऑपरेशन
आरोपियों के पास से ग्राहकों की विस्तृत संपर्क सूचियां भी बरामद हुई हैं, जिनका उपयोग वे ठगी के लिए करते थे। फिलहाल पुलिस इस गिरोह के अन्य सहयोगियों और फर्जी दस्तावेजों के जरिए खोले गए बैंक खातों की पहचान करने के लिए आगे की जांच कर रही है। इस घटना के बाद पुलिस ने जनता से सावधान रहने के लिए कहा है कि वे किसी भी अज्ञात लिंक पर क्लिक न करें और न ही ओटीपी या बैंकिंग क्रेडेंशियल किसी के साथ साझा करें। साइबर क्राइम को लेकर लगातार चंडीगढ़ पुलिस ऑपरेशन चला रही है । इससे पहले भी कई अंतरराज्यीय गिरोहों का भंडाफोड़ हो चुका है लेकिन पुलिस के सामने सबसे बड़ी चुनौती ये है कि ये गिरोह बेहद संगठित और पेशेवर तरीके से वारदात को अंजाम देते हैं। इसलिए पुलिस को साइबर क्राइम से निपटने के लिए विशेष प्रशिक्षण दिया जा रहा है।
