Indore News: मध्यप्रदेश की आर्थिक राजधानी कहे जाने वाले इंदौर में राज्य सरकार ने हर उस जगह सीसीटीवी कैमरा लगाना अनिवार्य कर दिया है, जहां एक समय में 100 या इससे ज्यादा लोगों के जुटने की संभावना हो। अधिकारियों ने बताया कि सूबे के नगरीय विकास एवं आवास विभाग ने 'इंदौर सामुदायिक कैमरा निगरानी प्रणाली' की उप-विधियों को मंजूरी देते हुए प्रदेश के राजपत्र में इसके नियम-कायदों का प्रकाशन भी कर दिया है।
अपराधों पर लगेगा अंकुश
महापौर पुष्यमित्र भार्गव ने कहा कि सीसीटीवी कैमरों के जरिये सामुदायिक निगरानी प्रणाली को जन भागीदारी से लागू कराने के मामले में इंदौर देश का पहला शहर बनेगा। उन्होंने कहा कि इस प्रणाली के तहत शहर भर में हजारों नये सीसीटीवी कैमरे लगने से अपराधों पर अंकुश लगेगा और नागरिकों में सुरक्षा की भावना बढ़ेगी।
इलाके में रखी जाएगी नजर
भार्गव ने बताया कि शहर के सारे सीसीटीवी कैमरों को एक नियंत्रण कक्ष से जोड़ा जाएगा और वहां इनकी लाइव फीड देखी जा सकेगी। अगर किसी स्थान पर लगा सीसीटीवी कैमरा बंद होगा, तो संबंधित व्यक्ति के पास नोटिस पहुंच जाएगा कि वह दंडात्मक कार्रवाई से बचने के लिए इसे 24 घंटे के भीतर चालू कर ले।
अधिकारियों ने बताया कि सामुदायिक कैमरा निगरानी प्रणाली के नियम-कायदों का उल्लंघन करने वाले व्यक्ति या प्रतिष्ठान पर भारतीय न्याय संहिता, सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम और अन्य संबद्ध कानूनों के तहत दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी और उससे जुर्माना भी वसूला जाएगा।
इनपुटः भाषा
