Atiq Ahmed Benami Property Attached: माफिया अतीक अहमद और उसके भाई अशरफ की मौत के बाद भी उत्तर प्रदेश की प्रयागराज पुलिस उसके अवैध साम्राज्य और बेनामी संपत्तियों को ध्वस्त करने में लगातार जुटी हुई है। इसी कड़ी में मंगलवार को आईएस-227 (IS-227) गैंग के सरगना रहे दिवंगत अतीक अहमद की बेनामी संपत्तियों के खिलाफ एक और बड़ी और दंडात्मक कार्रवाई की गई। पुलिस कमिश्नर प्रयागराज कोर्ट के आदेश पर कैंट थाना पुलिस ने मुनादी (ढोल) कराकर और ढोल-नगाड़ों की गूंज के बीच अतीक अहमद की करीब 1 अरब 10 करोड़ रुपये की जमीन को गैंगस्टर एक्ट की धारा 14(1) के तहत कुर्क कर लिया है।
20.38 बीघा जमीन पर पुलिस का कब्जा
कैंट थाना पुलिस ने नायब तहसीलदार पीयूष कुशवाहा और प्रभारी निरीक्षक अमरनाथ राय की मौजूदगी में भारी पुलिस बल के साथ मौजा भीटी और मौजा कटाहुला गौसपुर में लगभग 20.38 बीघे (5.112668 हेक्टेयर) भूमि को कुर्क कर उस पर आधिकारिक नोटिस बोर्ड लगा दिया है।
अतीक अहमद ने अपने जीते जी अपराध और आतंक के बल पर भू-स्वामियों को डरा-धमकाकर बेहद कम कीमत पर विभिन्न गांवों में कुल 12.9544 हेक्टेयर जमीन अपने करीबियों के नाम दर्ज कराई थी।
इस पूरी जमीन की सरकारी कीमत 9 करोड़ 96 लाख 84 हजार 795 रुपये थी, जिसे अतीक अहमद ने महज 1 करोड़ 36 लाख 50 हजार रुपये में अनुसूचित समाज के व्यक्ति मदन लाल भारतीया के नाम पर बेनामी संपत्ति के रूप में पंजीकृत कराया था। प्रयागराज पुलिस के अनुसार, इस पूरे भूखंड का वर्तमान बाजार मूल्य लगभग 2.5 अरब (₹250 करोड़) रुपये के आसपास है।
सहयोगियों पर भी कड़ा शिकंजा
प्रयागराज पुलिस ने स्पष्ट किया है कि अतीक अहमद के नेटवर्क में शामिल रहे अन्य मददगारों और बेनामी संपत्तियों की गहन जांच अभी भी जारी है। पुलिस के अनुसार, गैंगस्टर अभियुक्त अतीक अहमद को अवैध गतिविधियों और बेनामी संपत्तियों को छिपाने में सहयोग देने वाले अन्य लोगों के खिलाफ भी मुकदमे दर्ज कर कठोर दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी। पुलिस की विशेष टीमें अतीक अहमद और उसके गिरोह के सदस्यों द्वारा अपराध के जरिये अर्जित की गई अन्य संपत्तियों की भी निरंतर जांच कर रही हैं, जिन्हें जानकारी मिलते ही कुर्क किया जाएगा। पुलिस अभिलेखों के अनुसार, माफिया अतीक अहमद के खिलाफ उत्तर प्रदेश के विभिन्न थानों में कुल 102 गंभीर आपराधिक मामले दर्ज थे।
