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Stock Market Closing: शेयर बाजार में भूचाल, सेंसेक्स 964 अंक टूटा, US Fed के आउटलुक का दिखा असर

Stock Market Closing: शेयर बाजार में चौतरफा गिरावट थी। निफ्टी मिडकैप 100 इंडेक्स 167 अंक या 0.28 प्रतिशत गिरकर 58,556 और निफ्टी स्मॉलकैप 100 इंडेक्स 97.25 अंक या 0.51 प्रतिशत की गिरावट के साथ 19,133 पर बंद हुआ।

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नीचे फिसला शेयर बाजार

KEY HIGHLIGHTS
  • गिरा भारतीय शेयर बाजार
  • सेंसेक्स 964 अंक टूटा
  • US Fed के बयान का असर

Stock Market Closing: भारतीय शेयर बाजार के लिए गुरुवार का कारोबारी सत्र नुकसान वाला रहा। सेंसेक्स 964 अंक या 1.20 प्रतिशत गिरकर 79,218 अंक और निफ्टी 247 अंक या 1.02 प्रतिशत गिरकर 23,951 पर बंद हुआ। बाजार के गिरने की वजह अमेरिकी फेड के ब्याज दरों में कटौती का फैसला और आगे के आउटलुक को माना जा रहा है, जिसमें 2025 के लिए केवल दो बार ब्याज दरों में कमी की संभावना जताई गई है। वहीं, बाजार को अगले साल चार बार ब्याज दरों में कटौती होने की आशा थी।

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शेयर बाजार में चौतरफा गिरावट

शेयर बाजार में चौतरफा गिरावट थी। निफ्टी मिडकैप 100 इंडेक्स 167 अंक या 0.28 प्रतिशत गिरकर 58,556 और निफ्टी स्मॉलकैप 100 इंडेक्स 97.25 अंक या 0.51 प्रतिशत की गिरावट के साथ 19,133 पर बंद हुआ।

फार्मा और हेल्थकेयर को छोड़कर सभी इंडेक्स लाल निशान में बंद हुए हैं। ऑटो, आईटी, फिन सर्विस, रियल्टी, मीडिया, एनर्जी और प्राइवेट बैंक सबसे ज्यादा गिरने वाले इंडेक्स थे।

सेंसेक्स के 30 में से 27 शेयर गिरे

बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज (बीएसई) पर 1,684 शेयर हरे निशान में और 2,309 शेयर लाल निशान में और 102 शेयर बिना किसी बदलाव के बंद हुए हैं।

सेंसेक्स के 30 में से 27 शेयर लाल निशान में बंद हुए हैं। बजाज फिनसर्व, जेएसडब्लू स्टील, बजाज फाइनेंस, एशियन पेंट्स, आईसीआईसीआई बैंक, रिलायंस इंडस्ट्रीज, टीसीएस, इन्फोसिस, टाटा मोटर्स और आईटीसी टॉप लूजर्स थे। सन फार्मा, एचयूएल और पावर ग्रिड कॉरपोरेशन टॉप गेनर्स थे।

क्या है एक्सपर्ट्स की राय

बाजार के जानकारों का कहा, "अमेरिकी फेड के ब्याज दरों पर आक्रामक रुख के कारण वैश्विक स्तर पर हुई बिकवाली के बाद भारतीय बाजार में व्यापक गिरावट देखी गई। बैंकिंग और रियल एस्टेट जैसे ब्याज दरों के प्रति संवेदनशील क्षेत्रों को इसका काफी नुकसान उठाना पड़ा।

जानकारों ने आगे कहा, " बैंक ऑफ जापान के ब्याज दर को स्थिर रखने के फैसले ने अर्थशास्त्रियों को आश्चर्यचकित कर दिया, जिससे बिकवाली के दबाव को कम करने में मदद मिली। एफआईआई की ओर से जारी बिकवाली के बीच निवेशक सतर्क बने रहना चाहिए।" (इनपुट - आईएएनएस)

Kashid Hussain
काशिद हुसैन author

<p>काशिद हुसैन अप्रैल 2023 से Timesnowhindi.Com (टाइम्स नाउ नवभारत) के साथ काम कर रहे हैं। यहां पर वे सीनियर कॉरेस्पोंडेंट हैं। टाइम्स नाउ नवभारत की बिजनेस टीम में वह शेयर मार्केट, म्यूचुअल फंड और आर्थिक जगत से जुड़ी सभी तरह की स्टोरी और वेब स्टोरी करते हैं। रिसर्च आधारित स्टोरी के लिए नए एंगल तलाश करना और रीडर्स की रुचि के अनुसार कॉपी लिखने पर फोकस रहता है। शेयर बाजार में खास रुचि है और इससे जुड़ी रियल टाइम खबरें कम समय में लगाने में विशेषज्ञता है। मीडिया में काम करने का 8 वर्षों का अनुभव है, जिसमें गुडरिटर्न्स और शेयर मंथन वेबसाइटों के अलावा निवेश मंथन पत्रिका में भी काम किया है। दिल्ली यूनिवर्सिटी से हिंदी पत्रकारिता में ग्रेजुएशन के बाद आईआईएमसी, नई दिल्ली से रेडियो एंव टेलीविजन में पोस्ट ग्रेजुएशन की है। ग्रेजुएशन के दौरान सहारा समय और सिटी न्यूज में इंटर्नशिप के साथ-साथ अखबार और वेबसाइट के लिए लिखना शुरू कर दिया था। काशिद को किताबें पढ़ना, फिल्में देखना और क्रिकेट में रुचि है। बिजनेस के अलावा खेल जगत और इंटरनेशनल खबरों में भी रुचि है।<br></p>

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