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Bank News: बंद हुआ एक और बैंक, RBI ने क्यों रद्द किया लाइसेंस, कहीं आपका पैसा तो नहीं फंसा!

Bank News: एक और बैंक बंद हो गया है। भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) ने अजंता अर्बन कोऑपरेटिव बैंक का लाइसेंस रद्द कर दिया है। इस बैंक में 22 अप्रैल 2025 से कोई कारोबार नहीं हो रहा है। यहां जानिए जमाकर्ताओं का पैसा क्या होगा।

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एक और बैंक पर लगा ताला

Bank News : भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) ने 22 अप्रैल 2025 को महाराष्ट्र के औरंगाबाद स्थित अजंता अर्बन कोऑपरेटिव बैंक (Ajanta Urban Cooperative Bank) का बैंकिंग लाइसेंस रद्द कर दिया। आरबीआई ने अपने बयान में कहा कि यह निर्णय बैंक की वित्तीय स्थिति खराब होने और पूंजी व कमाई की संभावनाएं नगण्य होने के कारण लिया गया है। बैंक अब 22 अप्रैल से कोई बैंकिंग कारोबार नहीं कर पा रहा है और इसे पूरी तरह बंद कर दिया गया है।

नुकसान में चल रहा था बैंक

RBI ने कहा कि अजंता अर्बन कोऑपरेटिव बैंक (Ajanta Urban Cooperative Bank) के पास न तो पर्याप्त पूंजी थी और न ही मुनाफा कमाने की संभावनाएं। इसके चलते बैंक का भविष्य असुरक्षित माना गया। केंद्रीय बैंक ने महाराष्ट्र सरकार के सहकारी समितियों के रजिस्ट्रार से कहा है कि वह बैंक को आधिकारिक रूप से बंद करने और एक परिसमापक (लिक्विडेटर) नियुक्त करने का आदेश जारी करें।

जमाकर्ताओं को राहत: DICGC की गारंटी

बैंक के जमाकर्ताओं के हितों को ध्यान में रखते हुए, जमा बीमा और ऋण गारंटी निगम (DICGC) के तहत हर खाताधारक को अधिकतम ₹5 लाख तक की बीमा राशि मिलेगी। यह राशि उनके खातों में मौजूद जमा के अनुसार दी जाएगी। आरबीआई ने जानकारी दी कि बैंक के कुल 91.55 प्रतिशत जमाकर्ता ऐसे हैं जिनकी जमा राशि ₹5 लाख या उससे कम है। इसका मतलब है कि ये 91.55% ग्राहक अपनी पूरी जमा राशि वापस पा सकेंगे।

ग्राहकों को क्या करना होगा?

बैंक बंद होने के बाद, ग्राहकों को DICGC से पैसा प्राप्त करने के लिए बीमा दावा फॉर्म भरना होगा। यह प्रक्रिया संबंधित परिसमापक के मार्गदर्शन में की जाएगी। ग्राहक को पहचान पत्र और खाता विवरण के साथ दावा करना होगा।

सहकारी बैंकों की स्थिति पर सवाल

यह मामला एक बार फिर सहकारी बैंकों की स्थिति और पारदर्शिता पर सवाल उठाता है। पिछले कुछ वर्षों में कई सहकारी बैंकों को बंद किया गया है, जिससे आम ग्राहकों का भरोसा डगमगाया है। आरबीआई ने इस पर सख्त रुख अपनाते हुए ऐसे बैंकों की लगातार निगरानी शुरू कर दी है। (इनपुट पीटीआई)

Ramanuj Singh
रामानुज सिंहauthor

रामानुज सिंह पत्रकारिता में दो दशकों का व्यापक और समृद्ध अनुभव रखते हैं। उन्होंने टीवी और डिजिटल—दोनों ही प्लेटफॉर्म्स पर काम करते हुए बिजनेस, पर्सनल फाइनेंस, शेयर बाजार, इनकम टैक्स, बैंकिंग, बुलियन और कमोडिटी मार्केट जैसे विषयों पर गहरी विशेषज्ञता विकसित की है। जर्नलिज्म में एमए की डिग्री और वर्षों के अनुभव से विकसित विश्लेषणात्मक दृष्टिकोण के साथ, रामानुज जटिल वित्तीय विषयों को सरल, विश्वसनीय और प्रभावी तरीके से पाठकों तक पहुंचाने के लिए जाने जाते हैं। अब तक वे 22,000 से अधिक स्टोरीज लिख चुके हैं।

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