Hackers Stole Crypto Worth 791 Million Dollar : क्रिप्टोकरेंसी (Cryptocurrency) का विस्तार दुनिया में जितनी तेजी से हुआ, उतनी ही तेजी से इससे जुड़े फ्रॉड की संख्या बढ़ी। भारत समेत दुनिया भर में हैकर्स ने बड़े पैमाने पर क्रिप्टो की चोरी की है। ताजा मामला 5927 करोड़ रु के फ्रॉड का है, जिसमें दो देश शामिल हैं।
नॉर्थ कोरिया के हैकर्स ने की चोरी
निक्केई की एक रिपोर्ट में यूके ब्लॉकचेन एनालिसिस प्रोवाइड Elliptic की एक स्टडी के हवाले से बताया गया है कि उत्तर कोरिया से जुड़े हैकर ग्रुप्स ने 2017 के बाद से जापान से 721 मिलियन डॉलर की क्रिप्टोकरेंसी एसेट चुराई है। भारतीय करेंसी में ये आंकड़ा 5927 करोड़ रु बनता है। यह अमाउंट ग्लोबल लेवल पर ऐसे कुल नुकसान के 30 फीसदी के बराबर है।
दुनिया भर में टेंशन
ये रिपोर्ट सात वित्त मंत्रियों के ग्रुप और केंद्रीय बैंक के गवर्नरों की तरफ से शनिवार को जारी किए एक बयान के बाद सामने आई है, जिसमें उन्होंने स्टेट-एक्टर्स द्वारा क्रिप्टो एसेट की चोरी जैसी अवैध गतिविधियों से बढ़ते खतरों का मुकाबला करने के उपायों का समर्थन करने की बात कही।
2.3 अरब डॉलर की चोरी
Elliptic के मुताबिक, जिसने जापानी अखबार निक्केई की ओर से एनालिसिस किया, उत्तर कोरिया ने 2017 और 2022 के बीच बिजनेसों से क्रिप्टोकरेंसी में कुल 2.3 अरब डॉलर (18907 करोड़ रु) की चोरी की है।
बचने के लिए क्या करें
क्रिप्टो फ्रॉड से बचने के लिए आप कुछ टिप्स फॉलो कर सकते हैं। किसी भी क्रिप्टो प्लेटफॉर्म में निवेश करने से पहले निवेशकों को अच्छे से रिसर्च करना चाहिए और उसके सेफ्टी फीचर्स पर अच्छे से रिसर्च करना चाहिए।
अपने खाते को फ्रॉड से बचाने के लिए, निवेशकों को मजबूत पासवर्ड का उपयोग करना चाहिए जो यूनीक और कॉम्प्लेक्स हों। टू-फैक्टर ऑथेंटिकेशन निवेशक के खाते के लिए सेफ्टी का एक एक्स्ट्रा फीचर जोड़ता है।
डिस्क्लेमर : क्रिप्टोकरेंसी में जोखिम होता है, इसलिए निवेश अपने जोखिम पर करें। निवेश करने से पहले एक्सपर्ट की राय जरूर लें।
