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Office Space Supply: भारत में नए ऑफिस की सप्लाई ऑल टाइम हाई पर पहुंची, 2024 में रही 515 लाख वर्ग फीट

Office Space Supply: भारत के ऑफिस मार्केट ने 2024 में किसी भी साल में सबसे अधिक सप्लाई दर्ज की है। गुरुवार को जारी एक रिपोर्ट में बताया गया है कि 2024 में सात प्रमुख शहरों में नए ऑफिस की सप्लाई 515 लाख वर्ग फीट पर पहुंच गई है।

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भारत में नए ऑफिस स्पेस की सप्लाई

Photo : iStock
KEY HIGHLIGHTS
  • नए ऑफिस की सप्लाई पर नया डेटा
  • ऑल टाइम हाई पर पहुंची सप्लाई
  • 2024 में रही 515 लाख वर्ग फीट

Office Space Supply: भारत के ऑफिस मार्केट ने 2024 में किसी भी साल में सबसे अधिक सप्लाई दर्ज की है। गुरुवार को जारी एक रिपोर्ट में बताया गया है कि 2024 में सात प्रमुख शहरों में नए ऑफिस की सप्लाई 515 लाख वर्ग फीट पर पहुंच गई है। ग्रेड-ए ऑफिस स्पेस की मांग में उछाल ने पूरे साल डेवलपर्स को एक्टिव रखा। कंस्ट्रक्शन एक्टिविटी में पिछले साल की तुलना में 7 प्रतिशत की वृद्धि हुई है, जो 515 लाख वर्ग फीट तक पहुंच गई है, जो अब तक की सबसे अधिक सप्लाई है। वेस्टियन की रिपोर्ट के अनुसार, टॉप सात शहरों में हैदराबाद और उसके बाद बेंगलुरु में सबसे अधिक फ्रेश सप्लाई देखी गई।

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टॉप सात शहरों में किराए में उछाल

2024 में मजबूत अब्सोर्प्शन और सप्लाई के साथ, वैकेंसी रेट में थोड़ा सुधार हुआ, जो 2023 में 13.98 प्रतिशत से घटकर 2024 में 13.91 प्रतिशत हो गई। इसके अतिरिक्त, टॉप सात शहरों में किराए में 3.8 से लेकर 8.2 प्रतिशत तक का उछाल आया है।

रिपोर्ट में बताया गया है कि 2024 में अब्सोर्प्शन 707 लाख वर्ग फीट के सर्वकालिक उच्च स्तर पर पहुंच गया, जो 16 प्रतिशत वार्षिक वृद्धि को दर्शाता है। एनसीआर और कोलकाता को छोड़कर सभी शहरों ने 2024 के दौरान अपने उच्चतम अब्सोर्प्शन लेवल की जानकारी दी।

इस मामले में बेंगलुरु पहले नंबर पर

वेस्टियन के सीईओ श्रीनिवास राव ने कहा, "आईटी-आईटीईएस सेक्टर ने 2024 के दौरान 36 प्रतिशत हिस्सेदारी के साथ लीजिंग एक्टिविटी पर अपना दबदबा बनाए रखा। एक साल पहले की तुलना में यह हिस्सेदारी 24 प्रतिशत से बढ़ गई है। जबकि, जीसीसी की मजबूत मांग के कारण आईटी इंडस्ट्री के 2025 में आगे होने की उम्मीद है, बीएफएसआई और फ्लेक्स स्पेस जैसे दूसरे सेक्टर में भी तेजी आने की उम्मीद है।"

बेंगलुरु ने 2024 में 177 लाख वर्ग फुट के साथ अब्सोर्प्शन पर अपना दबदबा बनाया, जो पिछले वर्ष की तुलना में 15 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज करता है। हालांकि, पिछले साल की तुलना में हिस्सेदारी 25 प्रतिशत पर स्थिर रही।

एनसीआर की हिस्सेदारी

पूरे भारत में अब्सोर्प्शन में मुंबई की हिस्सेदारी 2023 में 14 प्रतिशत से बढ़कर 2024 में 18 प्रतिशत हो गई, जबकि एनसीआर की हिस्सेदारी 2023 में 17 प्रतिशत से घटकर 2024 में 13 प्रतिशत हो गई।

भारत में कार्यालय वाली कई बहुराष्ट्रीय कंपनियों ने नेट-जीरो उत्सर्जन प्राप्त करने का संकल्प लिया है, जिससे भारत में ग्रीन-सर्टिफाइड ऑफिस स्पेस की मांग में वृद्धि हुई है, इसलिए व्यवसायियों के बीच स्थिरता पर जोर बढ़ गया है।

राव ने कहा कि इस बदलाव की उम्मीद करते हुए प्रमुख डेवलपर्स सस्टेनेबल ऑफिस बिल्डिंग के कंस्ट्रक्शन को प्राथमिकता दे रहे हैं। (इनपुट - आईएएनएस)

Kashid Hussain
काशिद हुसैन author

<p>काशिद हुसैन अप्रैल 2023 से Timesnowhindi.Com (टाइम्स नाउ नवभारत) के साथ काम कर रहे हैं। यहां पर वे सीनियर कॉरेस्पोंडेंट हैं। टाइम्स नाउ नवभारत की बिजनेस टीम में वह शेयर मार्केट, म्यूचुअल फंड और आर्थिक जगत से जुड़ी सभी तरह की स्टोरी और वेब स्टोरी करते हैं। रिसर्च आधारित स्टोरी के लिए नए एंगल तलाश करना और रीडर्स की रुचि के अनुसार कॉपी लिखने पर फोकस रहता है। शेयर बाजार में खास रुचि है और इससे जुड़ी रियल टाइम खबरें कम समय में लगाने में विशेषज्ञता है। मीडिया में काम करने का 8 वर्षों का अनुभव है, जिसमें गुडरिटर्न्स और शेयर मंथन वेबसाइटों के अलावा निवेश मंथन पत्रिका में भी काम किया है। दिल्ली यूनिवर्सिटी से हिंदी पत्रकारिता में ग्रेजुएशन के बाद आईआईएमसी, नई दिल्ली से रेडियो एंव टेलीविजन में पोस्ट ग्रेजुएशन की है। ग्रेजुएशन के दौरान सहारा समय और सिटी न्यूज में इंटर्नशिप के साथ-साथ अखबार और वेबसाइट के लिए लिखना शुरू कर दिया था। काशिद को किताबें पढ़ना, फिल्में देखना और क्रिकेट में रुचि है। बिजनेस के अलावा खेल जगत और इंटरनेशनल खबरों में भी रुचि है।<br></p>

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