इनकम टैक्स

Income Tax Slabs 2025: जब 12 लाख तक इनकम पर टैक्स नहीं तो टैक्स स्लैब का क्या मतलब? जानें कैसे काम करेगा

How does the rs 12 lakh taxable income work: बजट 2025 में वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने टैक्सपेयर्स को बड़ी राहत दी है। अब ₹12 लाख तक की आय पर कोई टैक्स नहीं लगेगा। स्टैंडर्ड डिडक्शन ₹75,000 तक बढ़ा दिया गया है। सेक्शन 87A के तहत छूट ₹60,000 तक हो गई, जिससे ₹7.75 लाख से ₹12.75 लाख की आय वाले ₹83,200 तक की बचत कर सकते हैं।

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नई टैक्स स्लैब के अनुसार, ₹15 लाख की आय पर कुल ₹1,22,150 टैक्स देना होगा।

Photo : टाइम्स नाउ डिजिटल

How does the rs 12 lakh taxable income work: वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने बजट 2025 में मध्य वर्ग के लिए बड़ी राहत की घोषणा की है। यह पिछले एक दशक में सबसे बड़ा टैक्स सुधार माना जा रहा है। अब ₹12 लाख तक की वार्षिक आय पर कोई टैक्स नहीं देना होगा। इसके अलावा, सैलरीड और पेंशनर्स के लिए स्टैंडर्ड डिडक्शन को ₹75,000 तक बढ़ा दिया गया है। इसका मतलब है कि टैक्स-फ्री आय की सीमा ₹12.75 लाख तक हो गई है।

₹12 लाख की कर योग्य आय कैसे काम करती है?

इसे समझने के लिए आपको मिलने वाली छूट को समझना होगा। धारा 87ए के तहत छूट बढ़ा दी गई है। यह छूट पहली बार 2013 में पेश की गई थी, जिससे ₹5 लाख तक की आय वालों को ₹2,000 की छोटी कर राहत दी गई थी। समय के साथ, सीमा और पात्रता को संशोधित किया गया है।

अगर आपकी आय ₹15 लाख है तो कितना टैक्स लगेगा?

अगर किसी व्यक्ति की वार्षिक आय ₹15 लाख है, तो उसे इस तरह से टैक्स देना होगा:

  • पहले ₹4 लाख पर कोई टैक्स नहीं लगेगा।
  • ₹4 लाख से ₹8 लाख तक (₹4 लाख) पर 5% टैक्स = ₹20,000।
  • ₹8 लाख से ₹12 लाख तक (₹4 लाख) पर 10% टैक्स = ₹40,000।
  • ₹12 लाख से ₹15 लाख तक (₹3 लाख) पर 15% टैक्स = ₹45,000।
  • कुल टैक्स = ₹1,22,150

उदाहरण के लिए, यदि आपकी आय ₹15 लाख है, तो पहला ₹4 लाख टैक्स फ्री है। अगले ₹4 लाख (₹4 लाख से ₹8 लाख तक) के लिए आपको 5% टैक्स देना होगा। ₹8 लाख से ₹12 लाख के बीच के हिस्से के लिए, कर की दर 10% है। अंत में, अंतिम ₹3 लाख (₹12 लाख से ₹15 लाख तक) पर 15% कर लगता है। सभी टैक्स को जोड़ने पर कुल टैक्स ₹1,22,150 आता है। तो, ₹15 लाख कमाने वाले व्यक्ति को टैक्स के रूप में ₹1,22,150 का भुगतान करना होगा।

किसे नहीं मिलेगा सेक्शन 87A का लाभ?

अगर किसी की आय ₹12 लाख से अधिक है, तो उसे स्टैंडर्ड टैक्स दरों के अनुसार ही टैक्स देना होगा और सेक्शन 87A के तहत कोई छूट नहीं मिलेगी।

टैक्स-फ्री आय कैसे काम करेगी?

टैक्स छूट सीमाटैक्स दर (% में)
4,00,000 रुपये तककोई टैक्स नहीं
4,00,001 से 8,00,000 रुपये तक5%
8,00,001 से 12,00,000 रुपये तक10%
12,00,001 से 16,00,000 रुपये तक15%
16,00,001 से 20,00,000 रुपये तक20%
20,00,001 से 24,00,000 रुपये25%
24,00,001 से अधिक आय पर30%

सेक्शन 87A के तहत छूट में बड़ा इजाफा

सेक्शन 87A के तहत टैक्स छूट को ₹60,000 तक बढ़ा दिया गया है। पहले यह ₹25,000 थी और ₹7 लाख तक की आय पर लागू होती थी। अब ₹12 लाख तक की आय वाले इस छूट का लाभ उठा सकते हैं। इस बदलाव से ₹7.75 लाख से ₹12.75 लाख की आय वालों को ₹83,200 तक की टैक्स बचत होगी।

डिस्क्लेमर- यह राय और डेटा बैंक बाजार डॉट कॉम के अपने हैं। टाइम्स नाउ नवभारत डॉट कॉम अपनी कोई सलाह नहीं दे रहा है।

Ashish Kushwaha
आशीष कुशवाहाauthor

<p>आशीष कुमार कुशवाहा Timesnowhindi.com में बतौर सीनियर कॉपी एडिटर काम कर रहे हैं। वह 2023 से Timesnowhindi.com के साथ जुड़े हैं। वह यहां शेयर बाजार, स्टॉक्स, IPO, पर्सनल फाइनेंस, बिजनेस न्यूज, कंपनी डेवलपमेंट, सक्सेस स्टोरी, यूटिलिटी, ऑटोमोबाइल, टेक्नोलॉजी और गैजेट से जुड़ी स्टोरी पर काम करते हैं। उनके पास पिछले 3 साल के भारतीय बजट को भी कवर करने का एक्सपीरियंस है। उनके पास ऑटो एक्सपो 2023 को कवर करने का अनुभव है। इसके अलावा ग्राउंड की स्टोरी और रिसर्च बेस्ड स्टोरी करने में विशेष रुचि रखते हैं। उनके पास डिजिटल मीडिया में कुल 3 साल से ज्यादा का एक्सपीरियंस है। इससे पहले इन्होंने वन इंडिया, दैनिक भास्कर डिजिटल में काम किया है। इन्होंने माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय, भोपाल से मीडिया में पोस्ट ग्रेजुएशन की पढ़ाई की है। वहीं ग्रेजुएशन की पढ़ाई रानी दुर्गावती विश्वविद्यालय जबलपुर से मास कम्यूनिकेशन में की है। उन्हें शुरू से ही डिबेट करने, सामाजिक मुद्दों पर बात करने और शेयर बाजार में रुचि थी। उन्हें बचपन से ही अखबार के संपादकीय पेज और न्यूज पढ़ने का सौख था। स्कूल के समय उन्होंने कई क्विज कंपटीशन में भी हिस्सा लिया और प्राइज जीते हैं।</p>

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