बिजनेस

Share Market Crash: स्टॉक मार्केट में कैसे डूबते हैं निवेशकों के लाखों-करोड़? जानें नुकसान का कैलकुलेशन और बचने का तरीका

Share Market Crash, Investors Loss Calculation: शेयर बाजार में भारी गिरावट ने निवेशकों के लाखों-करोड़ रुपये डुबो दिए। निफ्टी लगातार पांच महीनों से गिर रहा है, जिससे निवेशकों में घबराहट बढ़ गई है। जानिए, कैसे बाजार क्रैश होने पर आपका पैसा डूबता है और इससे बचने के तरीके।

Image

निवेशकों के लाखों-करोड़ स्वाहा, जानिए कैसे

Photo : टाइम्स नाउ डिजिटल
KEY HIGHLIGHTS
  • सेंसेक्स-निफ्टी में गिरावट से 5 महीने में 12% से ज्यादा नुकसान, निवेशकों को भारी झटका।
  • बड़े निवेशकों की बिकवाली से FII और DII के शेयर बेचने से छोटे निवेशकों का नुकसान बढ़ा।

Share Market Crash, Investors Loss Calculation: शेयर बाजार में निवेश करना जितना फायदेमंद हो सकता है, उतना ही जोखिम भरा भी होता है। हर साल हजारों निवेशक बाजार की अस्थिरता, गलत रणनीतियों और भावनात्मक फैसलों के कारण अपने लाखों-करोड़ों रुपये गंवा देते हैं। हाल ही में भारतीय शेयर बाजार में आई बड़ी गिरावट ने 30 साल पुराना रिकॉर्ड तोड़ दिया है, जिससे निवेशकों में घबराहट बढ़ गई है। अक्टूबर 2024 से निफ्टी लगातार गिरावट में रहा है और पिछले 5 महीनों में 12% तक लुढ़क चुका है। इससे पहले, 1996 में भी जुलाई से नवंबर के बीच लगातार पांच महीने गिरावट दर्ज की गई थी, जब निफ्टी 50 इंडेक्स 26% तक गिर गया था।

बीएसई सेंसेक्स की कुल बाजार पूंजीकरण (Market Capitalization) 26 सितंबर 2024 से अब तक लगभग 25 लाख करोड़ रुपये घट चुका है। इसी दौरान बीएसई में सूचीबद्ध सभी कंपनियों का कुल मार्केट वैल्यूएशन 92 लाख करोड़ रुपये कम हो गया है। जब बाजार में तेज गिरावट (Market Crash) आती है, तो निवेशकों के लाखों-करोड़ रुपये डूब जाते हैं। लेकिन यह कैलकुलेट कैसे होता है? आइए, आसान भाषा में समझते हैं।

शेयर बाजार क्रैश में कैसे होता है नुकसान?

जब शेयर बाजार में भारी गिरावट आती है, तो निवेशकों के पोर्टफोलियो की कुल वैल्यू घट जाती है। इसे एक उदाहरण से समझते हैं:

यदि किसी कंपनी का शेयर ₹1000 से घटकर ₹800 हो जाता है, तो इसमें 20% की गिरावट हुई। यदि किसी निवेशक ने 10,000 शेयर खरीदे थे, तो पहले उनकी कुल वैल्यू ₹1 करोड़ थी। लेकिन 20% गिरावट के बाद इसकी वैल्यू घटकर ₹80 लाख हो गई। यानी सिर्फ एक दिन में ₹20 लाख का नुकसान हो गया।

निवेशकों के लाखों-करोड़ कैसे डूबते हैं?

1. सेंसेक्स और निफ्टी में गिरावट से नुकसान

जब बाजार गिरता है, तो सेंसेक्स और निफ्टी में भारी गिरावट दर्ज की जाती है। उदाहरण के लिए, अगर सेंसेक्स 1000 अंक गिरता है, तो कंपनियों की कुल मार्केट वैल्यू अरबों रुपये कम हो जाती है। यदि किसी दिन सेंसेक्स 2% गिरता है और कुल बाजार पूंजीकरण ₹300 लाख करोड़ था, तो लगभग ₹6 लाख करोड़ का नुकसान हो सकता है।

2. बड़े निवेशकों (FII & DII) की बिकवाली से नुकसान

जब विदेशी और घरेलू संस्थागत निवेशक (FII & DII) बड़े पैमाने पर शेयर बेचते हैं, तो शेयर की कीमतें गिरने लगती हैं। इससे छोटे निवेशकों को भी बड़ा नुकसान झेलना पड़ता है क्योंकि उनकी होल्डिंग की वैल्यू गिर जाती है।

Stock Market Crash | बड़े नुकसान से कैसे बचें?

बड़े नुकसान से कैसे बचें?

3. मार्जिन ट्रेडिंग से भारी नुकसान

कई निवेशक उधार (Margin) लेकर ट्रेडिंग करते हैं, जिससे उन्हें अधिक रिटर्न मिलने की संभावना होती है। लेकिन जब बाजार गिरता है, तो उन्हें लोन चुकाने के लिए मजबूरी में अपने शेयर बेचने पड़ते हैं, जिससे और गिरावट आती है। ऐसे में छोटे निवेशकों का पूरा पैसा डूब सकता है।

बड़े नुकसान से कैसे बचें?

  • घबराहट में स्टॉक्स न बेचें – लॉन्ग-टर्म निवेश करें और अच्छी कंपनियों में पैसा लगाएं।
  • मार्जिन ट्रेडिंग से बचें – बिना पूरी समझ के लोन लेकर निवेश न करें।
  • पोर्टफोलियो को डायवर्सिफाई करें – केवल एक सेक्टर पर निर्भर न रहें, अलग-अलग क्षेत्रों में निवेश करें।
  • स्टॉप लॉस सेट करें – नुकसान को सीमित करने के लिए स्टॉप लॉस ऑर्डर का उपयोग करें।

डिस्क्लेमर : यहां शेयर बाजार में निवेश की सलाह नहीं दी गई है। इक्विटी मार्केट में जोखिम होता है, इसलिए निवेश अपने जोखिम पर करें। निवेश करने से पहले एक्सपर्ट की राय जरूर लें।

Ashish Kushwaha
आशीष कुशवाहाauthor

<p>आशीष कुमार कुशवाहा Timesnowhindi.com में बतौर सीनियर कॉपी एडिटर काम कर रहे हैं। वह 2023 से Timesnowhindi.com के साथ जुड़े हैं। वह यहां शेयर बाजार, स्टॉक्स, IPO, पर्सनल फाइनेंस, बिजनेस न्यूज, कंपनी डेवलपमेंट, सक्सेस स्टोरी, यूटिलिटी, ऑटोमोबाइल, टेक्नोलॉजी और गैजेट से जुड़ी स्टोरी पर काम करते हैं। उनके पास पिछले 3 साल के भारतीय बजट को भी कवर करने का एक्सपीरियंस है। उनके पास ऑटो एक्सपो 2023 को कवर करने का अनुभव है। इसके अलावा ग्राउंड की स्टोरी और रिसर्च बेस्ड स्टोरी करने में विशेष रुचि रखते हैं। उनके पास डिजिटल मीडिया में कुल 3 साल से ज्यादा का एक्सपीरियंस है। इससे पहले इन्होंने वन इंडिया, दैनिक भास्कर डिजिटल में काम किया है। इन्होंने माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय, भोपाल से मीडिया में पोस्ट ग्रेजुएशन की पढ़ाई की है। वहीं ग्रेजुएशन की पढ़ाई रानी दुर्गावती विश्वविद्यालय जबलपुर से मास कम्यूनिकेशन में की है। उन्हें शुरू से ही डिबेट करने, सामाजिक मुद्दों पर बात करने और शेयर बाजार में रुचि थी। उन्हें बचपन से ही अखबार के संपादकीय पेज और न्यूज पढ़ने का सौख था। स्कूल के समय उन्होंने कई क्विज कंपटीशन में भी हिस्सा लिया और प्राइज जीते हैं।</p>

और पढ़ें
End of Article