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Gold Prices: 713 रुपए सस्ता हुआ सोना! युद्ध का डर कम होने से कीमत में सबसे बड़ी सप्ताहिक गिरावट

Gold Prices: इस हफ्ते सोने की कीमतों में गिरावट देखने को मिली है। इंडिया बुलियन एंड ज्वैलर्स एसोसिएशन (IBJA) की वेबसाइट के अनुसार सर्राफा बाजार में इस हफ्ते की शुरुआत, यानी 22 अप्रैल को सोना 73,161 रुपए पर था, जो अब, यानी 27 अप्रैल को 72,448 रुपए प्रति 10 ग्राम पर आ गया है। यानी इस हफ्ते इसकी कीमत में 713 रुपए की गिरावट आई है।

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Gold Prices: 713 रुपए सस्ता हुआ सोना! युद्ध का डर कम होने से कीमत में सबसे बड़ी सप्ताहिक गिरावट

Gold Prices: गोल्ड की कीमतें अंतरराष्ट्रीय बाजार में दिसंबर महीनें के खत्म होने के बाद से अबतक की सबसे बड़ी साप्ताहिक गिरावट देखने को मिल रही है। न्यूज एजेंसी रॉयटर्स के 27 अप्रैल शनिवार की एक रिपोर्ट के एक रिपोर्ट के मुताबिक शुक्रवार 26 अप्रैल को अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोना 0.1 फीसदी ऊपर बढ़कर 2,334.57 डॉलर प्रति औंस पर बंद हुआ। वहीं यूएस गोल्ड फ्यूचर्स 0.2 फीसदी ऊपर जाकर 2,346.70 रुपये के स्तर पर बंद हुआ। पूरे कारोबारी हफ्ते (22 से 26 अप्रैल) में सोने की कीमतों 2.3 फीसदी की गिरावट देखने को मिली है।

इस हफ्ते सोने की कीमतों में गिरावट देखने को मिली है। इंडिया बुलियन एंड ज्वैलर्स एसोसिएशन (IBJA) की वेबसाइट के अनुसार सर्राफा बाजार में इस हफ्ते की शुरुआत, यानी 22 अप्रैल को सोना 73,161 रुपए पर था, जो अब, यानी 27 अप्रैल को 72,448 रुपए प्रति 10 ग्राम पर आ गया है। यानी इस हफ्ते इसकी कीमत में 713 रुपए की गिरावट आई है।

किस वजह से गिरे सोने के दाम

दरअसल पश्चिम एशिया में भू-राजनीतिक तनाव कम हो रहा है। जिसकी वजह से इस असर सोने की कीमतों पर हो रहा है और इसमें गिरावट देखने को मिल रही है। हालही में पश्चिम एशिया के देशों में युद्ध होने की आशंका के बीच सोने की कीमत 12 अप्रैल को 2,431.29 डॉलर के ऑल-टाइम हाई के स्तर पर पहुंच गई थी। और जैसे ही युद्ध होने की संभावना कम हो रही है, उच्च स्तर से सोने की कीमतों में करीब 100 डॉलर की कमी देखने को मिली है।

कुछ दिनों से सोने की कीमतों में तेजी थमी

भारत में सोने की कीमतें मार्च में करीब 8 फीसदी की तेजी आई थी। वहीं अप्रैल में अबतक करीब 5 प्रतिशत बढ़ी हैं। अब पिछले कुछ दिनों से इसकी कीमतों स्थिरता देखने को मिल रही है। इसके पीछे ब्याज दर में कटौती की उम्मीदें जैसी कई वजह शामिल हैं। अमेरिका से आ रहे आर्थिक आंकड़ों से मिला-जुला संकेत मिल रहा है। अमेरिका में महंगाई के दबाव के कारण ग्रोथ धीमी होती देखी जा रही है। इसके चलते अमेरिकी फेडरल रिजर्व बैंक की ओर से ब्याज दरों में कटौती को लेकर अनिश्चितता की स्थिति बन गई है।

Ashish Kushwaha
आशीष कुशवाहाauthor

<p>आशीष कुमार कुशवाहा Timesnowhindi.com में बतौर सीनियर कॉपी एडिटर काम कर रहे हैं। वह 2023 से Timesnowhindi.com के साथ जुड़े हैं। वह यहां शेयर बाजार, स्टॉक्स, IPO, पर्सनल फाइनेंस, बिजनेस न्यूज, कंपनी डेवलपमेंट, सक्सेस स्टोरी, यूटिलिटी, ऑटोमोबाइल, टेक्नोलॉजी और गैजेट से जुड़ी स्टोरी पर काम करते हैं। उनके पास पिछले 3 साल के भारतीय बजट को भी कवर करने का एक्सपीरियंस है। उनके पास ऑटो एक्सपो 2023 को कवर करने का अनुभव है। इसके अलावा ग्राउंड की स्टोरी और रिसर्च बेस्ड स्टोरी करने में विशेष रुचि रखते हैं। उनके पास डिजिटल मीडिया में कुल 3 साल से ज्यादा का एक्सपीरियंस है। इससे पहले इन्होंने वन इंडिया, दैनिक भास्कर डिजिटल में काम किया है। इन्होंने माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय, भोपाल से मीडिया में पोस्ट ग्रेजुएशन की पढ़ाई की है। वहीं ग्रेजुएशन की पढ़ाई रानी दुर्गावती विश्वविद्यालय जबलपुर से मास कम्यूनिकेशन में की है। उन्हें शुरू से ही डिबेट करने, सामाजिक मुद्दों पर बात करने और शेयर बाजार में रुचि थी। उन्हें बचपन से ही अखबार के संपादकीय पेज और न्यूज पढ़ने का सौख था। स्कूल के समय उन्होंने कई क्विज कंपटीशन में भी हिस्सा लिया और प्राइज जीते हैं।</p>

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