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गिफ्ट निफ्टी बना रॉकेट, निफ्टी में 400 अंक गैप अप ओपनिंग के संकेत, ब्रेंट क्रूड में हल्की तेजी

एशियाई बाजारों में मजबूती और अमेरिकी टेक इंडेक्स में रिकवरी के बीच गिफ्ट निफ्टी 400 अंक तेजी के साथ ट्रेड कर रहा है। ऐसे में निफ्टी में भी गैप-अप ओपनिंग की उम्मीद है। हालांकि, ओवरऑल ग्लोबल सेटअप अब भी पूरी तरह बेयरिश सेंटिमेंट में हैं।

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शेयर बाजार में तेजी के संकेत

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Global Market Signals: ग्लोबल बाजारों से आज मिले-जुले संकेत मिल रहे हैं, जहां एशियाई बाजारों में तेजी दिख रही है, वहीं अमेरिकी और यूरोपीय बाजार अब भी दबाव में हैं। कच्चे तेल में उछाल और डॉलर की मजबूती ने निवेशकों की चिंता बढ़ा दी है, जिससे बाजार की दिशा पर अनिश्चितता बनी हुई है। GIFT Nifty में करीब 436 अंकों का तेज उछाल दिख रही है, जो लगभग 1.6%–2% की मजबूती के संकेत के साथ भारतीय बाजार के लिए मजबूत शुरुआत का इशारा कर रही है। यह तेजी मुख्य रूप से ग्लोबल राहत संकेतों और एशियाई बाजारों की मजबूती के चलते आई है, जिससे संकेत मिल रहा है कि घरेलू बाजार में शुरुआती कारोबार पॉजिटिव रह सकता है।

एशिया की तेजी से मजबूत शुरुआत के संकेत

एशियाई बाजारों में आज व्यापक खरीदारी देखने को मिल रही है। GIFT Nifty करीब 436 अंकों की मजबूती के साथ ट्रेड कर रहा है, जो भारतीय बाजार के लिए मजबूत शुरुआत का संकेत दे रहा है। जापान का Nikkei, हांगकांग का Hang Seng और दक्षिण कोरिया का Kospi भी बढ़त में हैं, जिससे सेंटीमेंट पॉजिटिव बना हुआ है।

इंडेक्सलेटेस्ट स्तर (LTP)बदलाव% बदलावYTD (%)
GIFT Nifty22,901.00+436.00+1.94%-12.89%
Nikkei 22551,994.00+478.51+0.93%+3.29%
Straits Times4,842.89+1.59+0.03%+4.23%
Hang Seng24,730.00+347.53+1.43%-6.11%
Taiwan Weighted32,780.62+58.12+0.18%+11.69%
KOSPI5,495.49+89.74+1.66%+27.52%
SET Composite1,397.340.000.00%+9.16%
Jakarta Composite7,106.84+84.55+1.19%-18.76%
Shanghai Composite3,850.63+37.35+0.98%-2.98%

रिकवरी, लेकिन ट्रेंड कमजोर

अमेरिकी बाजारों में टेक शेयरों के सहारे रिकवरी जरूर दिखी है। Nasdaq और S&P 500 में 1% से ज्यादा की तेजी दर्ज हुई, लेकिन Dow Jones Futures अभी भी गिरावट में है। अहम बात यह है कि तीनों प्रमुख इंडेक्स की टेक्निकल रेटिंग अब भी “Very Bearish” बनी हुई है, जो बाजार की कमजोरी को दर्शाती है।

यूरोप में उछाल के बावजूद भरोसे की कमी

यूरोपीय बाजारों में DAX और CAC में तेजी आई, लेकिन FTSE दबाव में रहा। इसके बावजूद पूरे यूरोप में टेक्निकल संकेत कमजोर बने हुए हैं। यह दिखाता है कि मौजूदा तेजी टिकाऊ नहीं मानी जा रही और निवेशक अभी भी सतर्क रुख अपनाए हुए हैं।

कच्चे तेल में उछाल ने बढ़ाई चिंता

ब्रेंट क्रूड 100 डॉलर के ऊपर निकल चुका है और 3% से ज्यादा की तेजी दिखा रहा है। कच्चे तेल की यह तेजी वैश्विक महंगाई को बढ़ाने वाली मानी जाती है, जो इक्विटी बाजार के लिए नकारात्मक संकेत है। दूसरी ओर, सोने में हल्की गिरावट दिख रही है, जिससे सेफ हेवन डिमांड कमजोर नजर आ रही है।

सेगमेंटनामकीमत / स्तरबदलाव% बदलावहाईलोओपनपिछला बंदYTD (%)
कमोडिटीBrent Crude103.52+3.58+3.58%104.20100.52100.9699.94+70.15%
कमोडिटीGold4,372.69-35.46-0.80%4,448.624,305.734,440.834,408.15+1.22%
कमोडिटीCrude Oil91.16+3.03+3.43%92.0188.5089.6988.13+58.78%
करेंसीDollar Index99.32+0.18+0.18%99.4099.1499.1799.14
करेंसीUSD/INR93.97+0.25+0.27%93.9893.8093.8493.72

डॉलर मजबूत, रुपये पर दबाव

डॉलर इंडेक्स में मजबूती बनी हुई है और USD/INR 94 के करीब पहुंच गया है। मजबूत डॉलर आमतौर पर उभरते बाजारों से पूंजी निकासी को बढ़ाता है, जिससे भारतीय बाजार पर दबाव आ सकता है।

क्या रहेगी बाजार की रणनीति

ग्लोबल संकेतों को देखें तो भारतीय बाजार की शुरुआत मजबूत हो सकती है, लेकिन ऊपर के स्तरों पर दबाव देखने को मिल सकता है। एशियाई तेजी सपोर्ट दे रही है, जबकि US और यूरोप की कमजोरी और कच्चे तेल की तेजी बाजार की तेजी को सीमित कर सकती है। ऐसे में बाजार में “Sell on Rise” की रणनीति हावी रह सकती है।

डिस्क्लेमर: TIMES NOW नवभारत किसी स्टॉक, म्यूचुअल फंड, आईपीओ या कमोडिटी में निवेश की सलाह नहीं देता है। यहां पर केवल जानकारी दी गई है। निवेश से पहले अपने वित्तीय सलाहकार की राय जरूर लें।

Yateendra Lawaniya
यतींद्र लवानियाauthor

प्रिंट और डिजिटल मीडिया में बिजनेस एवं इकोनॉमी कैटेगरी में 10 वर्षों से अधिक का अनुभव। पिछले 7 वर्षों से शेयर बाजार, कॉरपोरेट सेक्टर और आर्थिक नीतियों से जुड़ी खबरों पर विशेष पकड़। लेखन में केवल हेडलाइन तक सीमित न रहकर आंकड़ों, नीतिगत फैसलों और कॉरपोरेट दावों के पीछे की वास्तविक तस्वीर को बैलेंस्ड और आसान शब्दों में पाठकों तक पहुंचाने का प्रयास। वर्तमान में Times Now Hindi के लिए बाजार की हर हलचल और आर्थिक घटनाक्रम पर नजर बनाए हुए हैं।

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