Pulwama News: जम्मू-कश्मीर के पुलवामा जिले के एक वन क्षेत्र से सुरक्षा बलों ने आतंकवादियों के दो संदिग्ध मददगारों को गिरफ्तार किया है। इस कार्रवाई से क्षेत्र में आतंकवादी नेटवर्क को बड़ा झटका लगा है। अधिकारियों ने मंगलवार को यह जानकारी दी। अधिकारियों ने बताया, 'आतंकवादी नेटवर्क को ध्वस्त करने और शांति एवं सुरक्षा भंग करने की कोशिशों को रोकने की दिशा में बड़ी सफलता हासिल करते हुए पुलिस, सेना और सीआरपीएफ ने राजपोरा के सीबी नाथ इलाके के यारवन वन क्षेत्र में आतंकवादियों के दो सहयोगियों को गिरफ्तार किया। उनके कब्जे से एक पिस्तौल, पिस्तौल के 12 कारतूस और एक हथगोला बरामद किया गया।'
अधिकारियों ने बताया कि सुरक्षा एजेंसियों से मिली समन्वित जानकारी के आधार पर यारवन के वन क्षेत्र में घेराबंदी और तलाशी अभियान (कासो) चलाया गया। उन्होंने बताया, 'अभियान के दौरान संयुक्त दलों ने दो लोगों को संदिग्ध तरीके से जंगल से सीबी नाथ गांव की ओर आते देखा। सतर्क दलों ने दोनों को गिरफ्तार कर लिया।'
गिरफ्तार किए गए लोगों की पहचान लतीफ अहमद दीदाद और एजाज अहमद बजाद के रूप में हुई है। अधिकारियों ने बताया कि तलाशी के दौरान उनके कब्जे से एक पिस्तौल, 12 कारतूस और एक हथगोला बरामद किया गया। दोनों संदिग्धों को हिरासत में ले लिया गया है।
शोपियां में भी तीन मददगार पकड़े गए
संबंधित धाराओं के तहत शस्त्र अधिनियम और गैरकानूनी गतिविधियां (रोकथाम) अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया गया है। अधिकारियों ने बताया कि उनकी गतिविधियों का पता लगाने, बरामद हथियारों और गोला-बारूद के स्रोत का पता लगाने तथा उनके अन्य संपर्कों की पहचान करने के लिए जांच शुरू कर दी गई है। यह गिरफ्तारी सोमवार को शोपियां जिले में सुरक्षा बलों द्वारा तीन संदिग्ध आतंकवादी मददगारों (ओजीडब्ल्यू) को गिरफ्तार किए जाने के कुछ ही घंटों बाद हुई है। अधिकारियों ने बताया कि मोटरसाइकिल पर सवार तीन लोगों को हिरासत में लिया गया। उनकी तलाशी के दौरान दो हथगोले और हिज्बुल मुजाहिदीन आतंकी संगठन से जुड़ी कुछ आपत्तिजनक सामग्री बरामद हुई। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान जुनैद अहमद डार, आमिर यूसुफ और जुनैद मुजफ्फर के रूप में हुई है।
