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पहली बार होगी लिथियम-नियोबियम और REE ब्लॉक की नीलामी, जीरो प्रदूषण के लिए अहम फैसला

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  • Updated Oct 11, 2023, 08:12 PM IST

Cabinet Approve Lithium, REE Blocks Royalty: केंद्र सरकार देश में पहली बार लिथियम, नियोबियम और आरईई ब्लॉक की नीलामी कर सकेगी। 2070 तक शुद्ध-शून्य कॉर्बन उत्सर्जन के लक्ष्य को प्राप्त करने के प्रति भारत के संकल्प के मद्देनजर लिथियम और आरईई जैसे महत्वपूर्ण खनिजों की अहमियत बढ़ गई है।

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कैबिनेटका अहम फैसला

Cabinet Approve Lithium, REE Blocks Royalty:केंद्रीय मंत्रिमंडल ने तीन महत्वपूर्ण और रणनीतिक खनिजों के लिए रॉयल्टी दर को मंजूरी दे दी है।प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की अध्यक्षता में केंद्रीय मंत्रिमंडल की बुधवार को हुई बैठक में तीनों खनिजों की रॉयल्टी दर को मंजूरी देने का फैसला किया गया। इनमें लिथियम और नियोबियम के लिए तीन-तीन प्रतिशत और ‘रेयर अर्थ एलिमेंट्स’ (आरईई) के लिए एक प्रतिशत की रॉयल्टी दर तय की गई है।मंत्रिमंडल के इस फैसले के बाद केंद्र सरकार देश में पहली बार लिथियम, नियोबियम और आरईई ब्लॉक की नीलामी कर सकेगी।इसके अलावा, इन खनिजों के औसत बिक्री मूल्य (एएसपी) की गणना करने की विधि भी केंद्र द्वारा तैयार की गई है, जो नीलामी मापदंडों को निर्धारित करने में मदद करेगी।

जीरो कार्बन उत्सर्जन की दिशा में अहम पहल

2070 तक शुद्ध-शून्य कॉर्बन उत्सर्जन के लक्ष्य को प्राप्त करने के प्रति भारत के संकल्प के मद्देनजर लिथियम और आरईई जैसे महत्वपूर्ण खनिजों की अहमियत बढ़ गई है।मंत्रालय ने बयान में कहा, “एमएमडीआर अधिनियम की दूसरी अनुसूची विभिन्न खनिजों के लिए रॉयल्टी दर औसत बिक्री मूल्य (एएसपी) का 12 प्रतिशत होगी,यह 12 प्रतिशत की रॉयल्टी दर अन्य खनिज उत्पादक देशों के बराबर नहीं है। इस प्रकार लिथियम, नियोबियम और आरईई की उचित रॉयल्टी दर निम्नानुसार निर्दिष्ट करने का निर्णय लिया गया है।

रोजगार बढ़ने की उम्मीद

मंत्रिमंडल के फैसले से खनन क्षेत्र में रोजगार बढ़ने की भी उम्मीद है। भारतीय भूवैज्ञानिक सर्वेक्षण (जीएसआई) और अन्य एजेंसियां देश में महत्वपूर्ण और रणनीतिक खनिजों की खोज कर रही हैं।केंद्र लिथियम, आरईई, निकल, प्लैटिनम समूह के तत्वों, पोटाश, ग्लौकोनाइट, फॉस्फोराइट, ग्रेफाइट और मोलिब्डेनम जैसे महत्वपूर्ण और रणनीतिक खनिजों की नीलामी का पहला दौर जल्द शुरू करने के लिए काम कर रहा है।

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