Budget 2024: 1 फरवरी को अंतरिम बजट पेश किया जाएगा। इस साल आम चुनाव होने हैं, इसलिए पहले अंतरिम बजट पेश किया जाएगा, उसके बाद जब नई सरकार चुनकर आएगी, तो फुल बजट पेश किया जाएगा। बजट में हर साल अलग-अलग कैटेगरी के लोगों की ढेरों उम्मीदें और आशाएं होती हैं। इनमें निवेशक भी शामिल होते हैं, जो कई तरह की छूट मिलने की उम्मीद करते हैं। इस बार निवेशकों को आयकर अधिनियम की धारा 80सी के तहत निवेश पर मिलने वाली टैक्स छूट की लिमिट के बढ़ाए जाने की उम्मीद है।
कितनी है लिमिट
फिलहाल आयकर अधिनियम की धारा 80सी के तहत निवेश पर मिलने वाली टैक्स छूट की लिमिट सालाना 1.5 लाख रु है। कई ऐसे निवेश ऑप्शन हैं, जिनमें आप यदि साल में 1.5 लाख रु तक का निवेश करते हैं तो वो राशि टैक्स फ्री रहेगी। इनमें पीपीएफ, सुकन्या समृद्धि योजना आदि शामिल हैं।
कितनी की जा सकती है लिमिट
इस 1.5 लाख रु की लिमिट को बढ़ाकर 5 लाख रु किए जाने की उम्मीद है। हालांकि ये एक ऐसी उम्मीद और मांग रही है, जिसकी चर्चा कई सालों से है। पहले इस लिमिट को 1.5 लाख रु से दोगुना कर 3 लाख रु किए जाने की मांग रहती थी। मगर अब इस लिमिट को 5 लाख रु तक बढ़ाए जाने की चर्चा है। हालांकि इस लिमिट को बढ़ाया ही जाए इसकी कुछ गारंटी नहीं है।
क्या है 80सी का फायदा
इस धारा के तहत एक व्यक्ति 1,50,000 रुपये तक की कटौती का दावा कर सकता है। 80 सी के तहत टैक्स बेनेफिट लेने से व्यक्ति टैक्स के बोझ को कम कर सकता है।
