Bitcoin की कीमत में लगातार गिरावट आ रही है। 16 दिसंबर को (सुबह 10:13 बजे IST) बिटकॉइन की कीमत $85,789.55 थी, जो पिछले 24 घंटों में 0.73% की गिरावट है। वहीं, अगर पिछले 6 महीने का डेटा देखें तो बिटकॉइन की कीमत में 19.03% की बड़ी गिरावट आ चुकी है। इससे निवेशकों को भारी नुकसान हुआ है। अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप के आने के बाद बिटकॉइन समेत तमाम क्रिप्टो करेंसी के भाव में बड़ा उछाल देखने को मिला था। हालांकि, उसके बाद लगातार गिरावट है। बिटकॉइन में गिरावट से कुल क्रिप्टो मार्केट कैपिटलाइजेशन $130 बिलियन से अधिक नीचे लुढ़क गया है।
126,000 डॉलर के रिकॉर्ड स्तर पर पहुंचा था बिटकॉइन
आपको बता दें कि नवंबर, 2024 में ट्रम्प के चुनाव से पहले बिटकॉइन लगभग $69,000 पर ट्रेड कर रहा था दिसंबर 2024 की शुरुआत में बिटकॉइन पहली बार $100,000 से ऊपर निकल गया, क्योंकि निवेशकों ने ट्रम्प प्रशासन द्वारा क्रिप्टो-अनुकूल नियमों को लाने के बारे में आशावाद दिखाया। जिसके बाद इसमें लगभग 83% की तेजी आई। इस साल अक्टूबर की शुरुआत में यह $126,000 से ऊपर के अपने रिकॉर्ड उच्च स्तर पर पहुंचा। ट्रम्प ने क्रिप्टोकरेंसी उद्योग को अपनाया है और उनके प्रशासन ने निगरानी में ढील दी है और प्रो-क्रिप्टो कानून की वकालत की है। GENIUS एक्ट कांग्रेस द्वारा पारित किया गया था और जुलाई में ट्रम्प द्वारा कानून के रूप में हस्ताक्षरित किया गया था, जिससे स्टेबलकॉइन, एक और तरह की क्रिप्टो के लिए विनियमन का एक नया युग शुरू हुआ।
क्रिप्टो मार्केट में क्या हो रहा है?
क्रिप्टो एक्सपर्ट के अनुसार, क्रिप्टो करेंसी ग्लोबल मार्केट पश्चिम देशों में ढील और एशिया देशों में सख्ती के बीच फंसा हुआ है। प्रमुख पश्चिमी सेंट्रल बैंकों से और रेट कट की उम्मीदों से लिक्विडिटी की स्थिति आसान हो रही है। UK की ट्रेजरी द्वारा क्रिप्टो रेगुलेशन की घोषणा से उम्मीद की एक नई लहर आई है। लेकिन पूरे एशिया में, मार्केट रिस्क वाली एसेट्स से पीछे हट रहे हैं, जो इक्विटी मार्केट के ट्रेंड को दिखा रहा है। इसके चलते क्रिप्टो में बिकवाली हो रही है और भाव नीचे आ रहा है।
2026 के लिए क्या है आउटलुक?
क्रिप्टो एक्सपर्ट के अनुसार, क्रिप्टो बाजार धीरे-धीरे स्थिर होगा, लेकिन बड़ा उतार-चढ़ाव जारी रह सकता है। इसलिए, निवेशकों को सावधानीपूर्वक रणनीति बनाने और छोटे निवेश से शुरुआत करनी चाहिए। ब्लॉकचेन तकनीक और डेफाई (DeFi) प्रोजेक्ट्स में सुधार से लॉन्ग टर्म में कमाई हो सकती है। कुल मिलाकर, क्रिप्टो बाजार अभी भी हाई रिस्क वाला क्षेत्र है। निवेशकों को सावधानी और रिसर्च के साथ कदम रखना चाहिए।
