Defence Stocks India: अमेरिका-इजराइल और ईरान के बीच जारी युद्ध ने दुनिया को एक बात साफ करा दी है कि सैन्य तैयारी में देरी खतरनाक होती है। शायद यही सोचकर भारत सरकार ने एक बड़ा कदम उठाया। रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह की अध्यक्षता में रक्षा अधिग्रहण परिषद यानी DAC ने ₹2.38 लाख करोड़ की डिफेंस डील्स को एक झटके में मंजूरी दे दी। मौजूदा वित्त वर्ष (FY26) में अब तक कुल ₹6.73 लाख करोड़ के रक्षा सौदे मंजूर हो चुके हैं। यह पिछले साल के ₹2.2 लाख करोड़ से तीन गुना ज्यादा है।
इस बार क्या-क्या मिला?
इस बार की मंजूरी में तीनों सेनाओं को कुछ न कुछ मिला है। थल सेना को मिला एयर डिफेंस ट्रैक्ड सिस्टम की मंजूरी मिली है। यह सैन्य ठिकानों से दुश्मन की मिसाइल और ड्रोन्स बचाने में अहम है। इसके साथ ही हाई कैपेसिटी रेडिया रिले उपकरणों की खरीद को मंजूरी दी गई है। इनका इस्तेमाल युद्ध के दौरान सिक्योर चैनल पर बातचीत के लिए होता है। इसके अलावा Runway Independent Aerial Surveillance System खरीद की मंजूरी दी गई है, जो किसी भी जगह से हवाई निगरानी कर सकता है।
वायु सेना को मिला सबसे बड़ा तोहफा मिला है। इसे S-400 एयर डिफेंस मिसाइल सिस्टम की के 5 और यूनिट मिलेंगी। यह वही सिस्टम है, जो दुश्मन के एयरक्राफ्ट और मिसाइल को 400 किलोमीटर दूर से ही नष्ट कर सकता है। इसकी कीमत $6-7 अरब है। इसके अलावा आर्म्ड ड्रोन यानी Remotely Piloted Strike Aircraft और Su-30 इंजन के ओवरहॉल प्रोग्राम को भी मंजूरी दी गई है। इसके साथ ही तटरक्षक बल को मिले हैवी ड्यूटी हॉवरक्राफ्ट खरीदने की मंजूरी मिली है।
| सेगमेंट / फोर्स | मंजूर प्रोजेक्ट / सिस्टम | क्या काम है | संभावित लाभार्थी कंपनियां |
|---|---|---|---|
| थल सेना (Army) | Air Defence Tracked System | रियल टाइम एयर डिफेंस कंट्रोल और रिपोर्टिंग | Bharat Electronics (BEL) |
| थल सेना | High Capacity Radio Relay | युद्ध में secure और reliable communication | Bharat Electronics (BEL) |
| थल सेना | Runway Independent Aerial Surveillance System | बिना रनवे के surveillance capability | Bharat Electronics (BEL), Drone/ISR कंपनियां |
| थल सेना | Dhanush Gun System | लंबी दूरी की आर्टिलरी फायरपावर | Advanced Weapons/Artillery PSU |
| थल सेना | Armoured Piercing Ammunition | टैंक रोधी क्षमता बढ़ाना | Solar Industries |
| वायु सेना (IAF) | S-400 Missile System | 400 किमी तक एयर डिफेंस | Bharat Electronics (integration/ support) |
| वायु सेना | Medium Transport Aircraft | AN-32/IL-76 रिप्लेसमेंट | HAL, Tata-Airbus ecosystem |
| वायु सेना | Remotely Piloted Strike Aircraft (Drones) | offensive strike + surveillance | Solar Industries, Drone startups |
| वायु सेना | Su-30 Engine Overhaul | aircraft life और performance बढ़ाना | Hindustan Aeronautics (HAL) |
| तटरक्षक (Coast Guard) | Heavy Duty Hovercrafts | coastal patrol, rescue, amphibious ops | Garden Reach Shipbuilders (GRSE) |
अब तक ₹6.73 लाख करोड़ की मंजूरी
FY26 में अब तक ₹6.73 लाख करोड़ के रक्षा सौदों को मंजूरी दी गई है। रक्षा खरीद के लिहाज से यह आंकड़ा ऐतिहासिक है। पिछले साल के ₹2.2 लाख करोड़ की तुलना में यह तीन गुना उछाल दिखाता है। सबसे बड़ी बात यह है कि इन रक्षा सौदों में से ज्यादातर खरीद घरेलू कंपनियों से की जाएगी।
| क्या हुआ | आंकड़ा |
|---|---|
| इस बार DAC मंजूरी | ₹2.38 लाख करोड़ |
| FY26 कुल AoN | ₹6.73 लाख करोड़ |
| कुल प्रपोजल्स (FY26) | 55 |
| साइन किए गए कॉन्ट्रैक्ट | ₹2.28 लाख करोड़ |
4 Stocks पर दिखेगा असर
Bharat Electronics (BEL): BEL भारत की सबसे बड़ी डिफेंस इलेक्ट्रॉनिक्स कंपनी है। High Capacity Radio Relay system और Air Defence Control systems दोनों ही BEL बनाती है। यानी हालिया मंजूरी का सीधा फायदा BEL को मिलेगा।
हिंदुस्तान एयरोनॉटिक्स (HAL): Su-30 इंजन ओवरहॉल प्रोग्राम सीधे HAL की झोली में जाएगा। HAL के Koraput plant में AL-31FP engines 2004 से बन रहे हैं। FY25 में MoD ने 240 इंजन का कॉन्ट्रैक्ट साइन किया था। अब ओवरहॉल प्रोग्राम से और ऑर्डर आएंगे। S-400 जैसे बड़े systems के साथ काम करने की HAL की क्षमता इसे लॉन्ग टर्म विनर बनाती है।
गार्डन रीच शिपबिल्डर (GRSE): हॉवरक्राफ्ट और कोस्टल डिफेंस वेसल GRSE की स्पेशियलिटी है। यह PSU पहले से लैंडिंग शिप टैंक, फास्ट अटैक क्राफ्ट और हॉवरक्राफ्ट बना रहा है। कोस्ट गार्ड के लिए हैवी ड्यूटी हॉवरक्राफ्ट का अप्रूवल GRSE के ऑर्डर बुक को बूस्ट देगा।
सोलार इंडस्ट्रीज : यह नाम थोड़ा असामान्य लग सकता है। लेकिन Solar Industries ने भारत का पहला इंडिजीनियस सुसाइड ड्रोन नागास्त्र (Nagastra-1) बनाया है। यह एक GPS बेस्ड 2 मीटर की सटीकता से हमला करने में सक्षम kamikaze ड्रोन है। रक्षा सौदों को मिली मंजूरी के तहत Solar Industries की सहायक EEL को बड़े ऑर्डर मिल सकते हैं।
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