Traffic Challan Rules 2026: सड़क पर वाहन चलाते समय केवल ट्रैफिक नियमों का पालन करना ही काफी नहीं है। आपको ड्राइविंग लाइसेंस (DL) से जुड़े नियमों की भी जानकारी होनी चाहिए। ड्राइविंग लाइसेंस से जुड़ी छोटी-सी लापरवाही भी भारी चालान का कारण बन सकती है।
वैलिड ड्राइविंग लाइसेंस रखना अनिवार्य
दिल्ली परिवहन विभाग के अनुसार किसी भी व्यक्ति को सार्वजनिक सड़क पर वाहन चलाने के लिए संबंधित श्रेणी का वैलिड ड्राइविंग लाइसेंस रखना अनिवार्य है। अगर कोई व्यक्ति बिना वैध लाइसेंस के वाहन चलाते हुए पकड़ा जाता है तो उसके खिलाफ चालान की कार्रवाई की जा सकती है। इसके अलावा, केवल फिजिकल लाइसेंस ही नहीं बल्कि डिजिलॉकर में उपलब्ध डिजिटल ड्राइविंग लाइसेंस भी मान्य दस्तावेज माना जाता है।
एक साल में पांच या उससे अधिक उल्लंघन
2026 में लागू संशोधित केंद्रीय मोटर वाहन नियमों के तहत अगर किसी चालक के खिलाफ एक वर्ष के भीतर पांच या उससे अधिक ट्रैफिक उल्लंघन दर्ज हो जाते हैं, तो उसका ड्राइविंग लाइसेंस निलंबित या अयोग्य घोषित किया जा सकता है। यह नियम 1 जनवरी 2026 से लागू किया गया है ताकि बार-बार नियम तोड़ने वालों पर सख्ती की जा सके।
चालान मिलने पर समय पर भुगतान
नए नियमों के अनुसार ट्रैफिक चालान मिलने के बाद उसे निर्धारित समय सीमा के भीतर जमा करना जरूरी है। रिपोर्ट्स के मुताबिक, चालान का भुगतान 45 दिनों के भीतर नहीं करने पर वाहन से संबंधित कई सेवाएं प्रभावित हो सकती हैं।
पेंडिंग चालान से अटक सकते हैं वाहन संबंधी काम
अगर वाहन पर कई चालान पेडिंग हैं तो परिवहन विभाग वाहन को ब्लैकलिस्ट भी कर सकता है। ऐसी स्थिति में वाहन का पता बदलना, स्वामित्व ट्रांसफर करवाना, फिटनेस सर्टिफिकेट लेना या अन्य कई सेवाओं का लाभ लेना मुश्किल हो सकता है।
लाइसेंस की सही श्रेणी में ही चलाएं वाहन
कई बार लोग दोपहिया वाहन का लाइसेंस होने के बावजूद चारपहिया वाहन चला लेते हैं या फिर कमर्शियल वाहन के लिए आवश्यक लाइसेंस के बिना ड्राइविंग करते हैं। यह नियमों का उल्लंघन माना जाता है और चालान का कारण बन सकता है। इसलिए जिस श्रेणी का वाहन चला रहे हैं, उसी श्रेणी का वैध लाइसेंस होना जरूरी है।
ई-चालान को नजरअंदाज न करें
अब AI कैमरों और इलेक्ट्रॉनिक निगरानी प्रणाली के जरिए बिना रोके भी ई-चालान जारी किए जा सकते हैं। ऐसे में समय-समय पर अपने वाहन के लंबित चालान की जांच करते रहना जरूरी है।
