Mahindra भारतीय इलेक्ट्रिक एसयूवी सेगमेंट में अपनी पकड़ मजबूत करते हुए नई और अपडेटेड SUV की टेस्टिंग कर रही है। इनमें नई Mahindra BE 7, Vision S Concept पर बेस्ड कॉम्पैक्ट SUV, Thar Facelift और अपडेटेड BE 6 Coupe SUV शामिल हैं। इनमें से अपडेटेड Mahindra BE 6 को स्वतंत्रता दिवस 2026 के आसपास लॉन्च किए जाने की उम्मीद है, जबकि BE 7 को इस साल के अंत या अगले साल की शुरुआत में पेश किया जा सकता है।
ट्रिपल स्क्रीन से लैस होगा नया केबिन
स्पाई तस्वीरों से संकेत मिलता है कि अपडेटेड BE 6 और नई BE 7 दोनों में ट्रिपल स्क्रीन डैशबोर्ड दिया जाएगा। यह सेटअप Mahindra XEV 9e और XEV 9S में भी देखने को मिलता है।
ट्रिपल स्क्रीन सेटअप में 12.3 इंच की सेंट्रल इंफोटेनमेंट स्क्रीन, 12.3 इंच का डिजिटल इंस्ट्रूमेंट कंसोल और पैसेंजर के लिए अलग 12.3 इंच की एंटरटेनमेंट स्क्रीन शामिल होगी। इससे दोनों इलेक्ट्रिक SUVs का केबिन ज्यादा प्रीमियम और टेक्नोलॉजी से लैस नजर आ सकता है।
BE 7 में मिलेंगे कई प्रीमियम फीचर्स
Mahindra BE 7 को कंपनी के Born-EV पोर्टफोलियो में BE 6 और XEV 9e के बीच पोजिशन किया जाएगा। खास बात यह है कि यह भारत की पहली मेनस्ट्रीम कार हो सकती है, जिसमें Frameless Doors दिए जाएंगे।
इसके अलावा, SUV में Motorised Flush-Fitting Door Handles और बड़े Aero-Optimised Alloy Wheels मिलने की उम्मीद है। केबिन में Mahindra की दूसरी Born-EV SUVs जैसा स्टीयरिंग व्हील देखने को मिल सकता है। सेंटर कंसोल पर AC और मीडिया कंट्रोल के लिए पारंपरिक फिजिकल बटन नहीं दिए जाने की संभावना है।
फीचर्स की बात करें तो BE 7 में Panoramic Sunroof, 360-Degree Surround View Camera, Level 2 ADAS, Ventilated Front Seats और Multi-Zone Climate Control जैसे फीचर्स मिल सकते हैं। इसके अलावा Wireless Apple CarPlay और Android Auto, Heads-Up Display यानी HUD और Type-C Fast Charging Ports भी दिए जा सकते हैं।
Mahindra BE 7 में BE 6 की तरह 59kWh और 79kWh के बैटरी पैक दिए जाने की उम्मीद है। बड़ी बैटरी के साथ इलेक्ट्रिक SUV की वास्तविक ड्राइविंग रेंज 500 किलोमीटर से ज्यादा हो सकती है।
अपडेटेड BE 6 में भी होंगे बदलाव
Mahindra BE 6 के अपडेटेड मॉडल में कंपनी मुख्य रूप से केबिन की रोजमर्रा की उपयोगिता बेहतर करने पर ध्यान दे सकती है। रिपोर्ट्स के मुताबिक, वायरलेस चार्जर और USB पोर्ट्स को ऐसी जगह पर रखा जा सकता है, जहां ड्राइवर और पैसेंजर के लिए इनका इस्तेमाल ज्यादा आसान हो।
