Yevgeny Prigozhin: 'कल तक जो रास्ते में आएगा उसको सबक सिखा देंगे' की बात करने वाले वैगनर पीएमसी के मुखिया येविगेनी प्रिगोझिन के सुर ठंडे पड़े और मॉस्को से महज 360 किमी पहले उन्होंने फैसला लिया कि अब मॉस्को नहीं जाएंगे। इसके साथ ही रोस्तोव से भी उनके लड़ाके बाहर निकल गए। इन सबके बीच सवाल यह उठा कि आखिर ऐसा क्या हुआ के प्रिगोझिन का दिल और दिमाग दोनों बदल गया। क्या पुतिन का खौफ काम किया, क्या राष्ट्र के नाम संदेश की अपील काम कर गई या बेलारूस मध्यस्थता कराने में सफल हो गया। इस बारे में जानकार कहते हैं कि प्रिगोझिन के बयान को देखें तो उन्होंने पुतिन के ऊपर सीधे कोई आरोप नहीं लगाया था। उनका गुस्सा रक्षा मंत्री सर्गेई शोगू और आर्मी स्टॉफ वालरेव गेरासीमोव से था। लेकिन वो चुनौती तो एक तरह से पुतिन को ही दे रहे थे। स्टेट हेड होने के नाते जब पुतिन ने कहा कि जो लड़ाके हैं या विद्रोहियों के साथ उन्होंने देशद्रोह का काम किया है। यही नहीं उन्होंने कहा था कि पीठ में छूरा घोंपा गया और उसे बर्दाश्त नहीं किया जा सकता है। उनकी इस अपील के बाद प्रिगोझिन को लगा कि अगर जनमत उनके साथ नहीं होगा तो लड़ाई आसान नहीं होगी।
पुतिन की अपील, बेलारुस की मध्यस्थता
इसके साथ ही प्रिगोझिन के लड़ाकों को महारत हासिल हो वो इस बात को समझते थे कि अंजाम बुरा होगा, लिहाजा बैक चैनल को भी एक्टिवेट किया गया जिसमें बेलारूस के राष्ट्रपति लुकाशेंको ने भी खास भूमिका निभाई। मध्यस्थता में यह तय हुआ कि प्रिगोझिन अब रूस नहीं बेलारूस में रहेंगे, उनके और वैगनल लड़ाकों के ऊपर सभी आपराधिक मुकदमों को हटा लिया जाएगा। यही नहीं वैगनर लड़ाकों को अनुबंध के आधार पर रूसी सेना में नौकरी का अवसर मिलेगा।मॉस्को ने शहर के दक्षिणी किनारे पर बख्तरबंद वाहनों और सैनिकों के साथ चौकियां बनाकर यूक्रेन में नियमित रूसी सैनिकों के साथ लड़ने वाली येवगेनी प्रिगोझिन के नेतृत्व वाली एक निजी सेना, वैगनर ग्रुप की सेनाओं के आगमन के लिए कमर कस ली थी। रेड स्क्वायर को बंद कर दिया गया और मेयर ने मोटर चालकों से कुछ सड़कों से दूर रहने का आग्रह किया।
इस तरह प्रिगोझिन ने लिया यू टर्न
प्रिगोझिन ने घोषणा की कि जब उनके लोग मास्को से सिर्फ 200 किलोमीटर (120 मील) दूर थे, तो उन्होंने रूसी खून बहाने से बचने के लिए उन्हें वापस भेजने का फैसला किया। उन्होंने यह नहीं बताया कि क्रेमलिन ने रक्षा मंत्री सर्गेई शोइगु को हटाने की उनकी मांग पर प्रतिक्रिया दी थी या नहीं। पुतिन सरकार की ओर से तत्काल कोई टिप्पणी नहीं आई।यह बदलाव बेलारूसी राष्ट्रपति अलेक्जेंडर लुकाशेंको के कार्यालय के एक बयान के बाद आया, जिसमें कहा गया था कि उन्होंने पुतिन के साथ इस मुद्दे पर चर्चा करने के बाद प्रिगोझिन के साथ एक समझौते पर बातचीत की थी। लुकाशेंको के कार्यालय ने बिना विस्तार से बताया कि प्रिगोझिन वैगनर सैनिकों के लिए सुरक्षा गारंटी सहित एक प्रस्तावित समझौते में प्रगति को रोकने पर सहमत हुए।
