अमेरिकी सेंट्रल कमांड (CENTCOM) की सेना ने सीरिया में एक बड़ा आतंकवाद विरोधी अभियान चलाते हुए आतंकवादी संगठन आईएसआईएस (ISIS) को गहरा झटका दिया है। अमेरिकी सेंट्रल कमांड ने पुष्टि की है कि इस सटीक हवाई हमले में अली हुसैन अल-‘उलैवी (Ali Husayn al-‘Ulaywi) नाम का वरिष्ठ ISIS नेता मारा गया है। अल-उलैवी संगठन के बड़े ऑपरेशन्स और नेटवर्क को संभालने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा था। 19 जून को उत्तर-पश्चिम सीरिया में किए गए एक सटीक हवाई हमले में उसकी मौत हो गई।
सेंट्रल कमांड के अनुसार, यह कार्रवाई उन आतंकवादियों को खत्म करने के अमेरिकी प्रयासों का हिस्सा है जो विदेशों में मौजूद अमेरिकी नागरिकों या सीधे अमेरिकी धरती को निशाना बनाने की साजिश रच रहे हैं।
'ISIS के बचे-खुचे तत्वों को जड़ से उखाड़ फेकेंगे'
इस सफल ऑपरेशन के बाद CENTCOM के कमांडर एडमिरल ब्रैड कूपर ने साफ किया कि अमेरिकी सेना अपने क्षेत्रीय साझेदारों के साथ मिलकर ISIS के बचे-कुचे तत्वों को जड़ से उखाड़ फेंकने और उसकी स्थायी हार सुनिश्चित करने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है, ताकि अमेरिकी मातृभूमि और उसके सहयोगियों की रक्षा की जा सके। बता दें कि ISIS ने साल 2019 में सीरिया और इराक में अपने नियंत्रण वाले बड़े इलाकों (खिलाफत) को खो दिया था, लेकिन इसके छोटे-छोटे और सक्रिय सेल अभी भी सीरिया के सुदूर इलाकों में छिपे हुए हैं और गुरिल्ला हमलों को अंजाम देने की फिराक में रहते हैं। अमेरिकी सेना का यह ताजा हमला यह साफ करता है कि पेंटागन अभी भी सीरिया में ISIS के नेतृत्व को पूरी तरह खत्म करने के अभियान में मुस्तैद है।
होर्मुज में फंसे 11,000 नाविकों को निकालने के लिए UN का महाअभियान शुरू
इसी बीच अमेरिका और ईरान के बीच युद्धविराम के लिए हुए समझौता ज्ञापन (MoU) के बाद, संयुक्त राष्ट्र (UN) की वैश्विक समुद्री एजेंसी अंतरराष्ट्रीय समुद्री संगठन (IMO) ने होर्मुज जलडमरूमध्य में पिछले कई महीनों से फंसे 11,000 से अधिक नाविकों को सुरक्षित बाहर निकालने के लिए एक बड़ा रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया है। यह जलमार्ग इस वर्ष फरवरी से अमेरिका-ईरान संघर्ष के कारण व्यावहारिक रूप से पूरी तरह बंद था, जिससे सैकड़ों मालवाहक और तेल टैंकर जहाज बीच समुद्र में ही फंस गए थे।
