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'ग्लोबल वार्मिंग का क्या हुआ?': अमेरिका में पड़ी भीषण ठंड तो ट्रंप ने जलवायु परिवर्तन पर कसा तंज; पढ़ें पोस्ट में क्या लिखा?

Trump Mocks Climate Change: अमेरिका के करीब 40 राज्यों में रिकॉर्ड तोड़ सर्दी और भीषण शीतकालीन तूफान के बीच राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने जलवायु परिवर्तन पर तंज कसते हुए पूछा कि “ग्लोबल वॉर्मिंग आखिर गई कहां?” ट्रंप लंबे समय से क्लाइमेट चेंज को लेकर संदेह जताते रहे हैं। उन्होंने 2017 में अमेरिका को पेरिस जलवायु समझौते से बाहर निकालने की घोषणा की थी, जो 2020 में लागू हुई, हालांकि 2021 में अमेरिका फिर शामिल हुआ। दूसरे कार्यकाल में ट्रंप ने 2025 में दोबारा इससे बाहर निकलने की प्रक्रिया शुरू की, जो जनवरी 2026 में पूरी हुई। इसके अलावा ट्रंप प्रशासन ने इंटरनेशनल सोलर अलायंस से भी अमेरिका को अलग कर लिया, इसे अमेरिकी हितों के खिलाफ बताया।

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ट्रंप ने जलवायु परिवर्तन पर कसा तंज।(फोटो सोर्स: AP)

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Trump Mocks Climate Change: अमेरिका का बड़ा हिस्सा इस समय भीषण सर्दी और तूफान से गुजर रहा है। ठंड के बीच अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने सोशल मीडिया हैंडल ट्रूथ सोशल पर जलवायु परिवर्तन को लेकर तंज कसा है। उन्होंने कहा है कि जब 40 अमेरिकी राज्यों में रिकॉर्ड ठंड पड़ने जा रही है तो फिर ग्लोबल वॉर्मिंग आखिर गई कहां।

40 राज्यों में भीषण ठंड का अलर्ट जारी

मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार अमेरिका के लगभग दो-तिहाई हिस्से में एक विशाल शीतकालीन तूफान दस्तक देने वाला है। इस ठंडे तूफान के चलते भारी बर्फबारी, तेज हवाएं, कड़ाके की ठंड और बड़े पैमाने पर बिजली गुल होने की आशंका जताई गई है। करीब 40 राज्यों में कोल्ड वेव की चेतावनी जारी की गई है,इसे हाल के वर्षों में सबसे गंभीर सर्दी के दौरों में से एक माना जा रहा है।

ट्रंप ने क्या कहा?

ट्रंप ने अपनी पोस्ट में लिखा कि 40 राज्यों में रिकॉर्ड ठंड पड़ने जा रही है और ऐसी स्थिति पहले बहुत कम देखी गई है। इसके साथ ही उन्होंने पर्यावरण कार्यकर्ताओं पर कटाक्ष करते हुए पूछा कि आखिर ग्लोबल वॉर्मिंग का क्या हुआ। ट्रंप लंबे समय से जलवायु परिवर्तन को लेकर संदेह जताते रहे हैं और पहले भी इसे धोखा और राजनीतिक एजेंडा बता चुके हैं।

पेरिस समझौते से अमेरिका को किया बाहर

ट्रंप ने 1 जून 2017 को औपचारिक रूप से घोषणा की थी कि अमेरिका पेरिस जलवायु समझौते (Paris Agreement) से बाहर होगा। ट्रम्प ने जून 2017 में घोषणा की कि वह अमेरिका को इस समझौते से बाहर ले जाएंगे, और औपचारिक प्रक्रिया 4 नवंबर 2019 को शुरू हुई। इस प्रक्रिया के स्पष्ट नियम के अनुसार अमेरिका औपचारिक रूप से 4 नवंबर 2020 को समझौते से बाहर हो गया था (एक साल की औपचारिक प्रक्रिया के बाद)। बाद में जो बाइडेन के राष्ट्रपति बनने पर अमेरिका 2021 में फिर से पेरिस एग्रीमेंट में शामिल हो गया।

दूसरी बार (2025–2026)

उनके दूसरे कार्यकाल के दौरान, 20 जनवरी 2025 को ट्रंप ने फिर एक कार्यकारी आदेश (Executive Order) जारी कर अमेरिका को पेरिस समझौते से वापस निकालने का निर्देश दिया। औपचारिक प्रक्रिया के बाद, अमेरिका का वह कदम 27 जनवरी 2026 को पूरी तरह लागू हो गया। ट्रंप ने इसे अमेरिका की अर्थव्यवस्था और नौकरियों के लिए नुकसानदेह बताते हुए यह फैसला लिया था।

इंटरनेशनल सोलर एलांयस से भी किया दूर

हाल ही में ट्रंप ने अमेरिका को इंटरनेशनल सोलर एलांयस (ISA) से बाहर निकालने का फैसला किया। ट्रंप प्रशासन ने इंटरनेशनल सोलर अलायंस और 65 अन्य एजेंसियों को अमेरिका विरोधी, बेकार या फिजूलखर्ची वाले अंतरराष्ट्रीय संगठन बताया है। वॉइट हाउस ने कहा कि ये संगठन कट्टरपंथी जलवायु नीतियों, ग्लोबल गवर्नेंस और वैचारिक कार्यक्रमों को बढ़ावा देते हैं, जो अमेरिकी संप्रभुता और आर्थिक ताकत के साथ टकराव में हैं।

Piyush Kumar
पीयूष कुमारauthor

पीयूष कुमार टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल के न्यूज डेस्क पर Senior Copy Editor के रूप में कार्यरत हैं। देश-दुनिया की हलचल पर उनकी पैनी नजर रहती है और इन घटनाओं को सटीक, सरल और असरदार अंदाज में खबरों की भाषा देना उनकी सबसे बड़ी ताकत है। ब्रेकिंग न्यूज की रफ्तार हो या किसी जटिल मुद्दे को आसान बनाकर समझाने वाले एक्सप्लेनर—पीयूष दोनों में बराबर दक्षता रखते हैं। न्यूज जजमेंट, फैक्ट-बेस्ड राइटिंग और एंड-टू-एंड कॉपी प्रोडक्शन पर इनकी पकड़ मजबूत है और अबतक 4,000 से अधिक स्टोरी लिख चुके हैं।

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