Middle East War News: कतर में दुनिया के सबसे बड़े गैस फील्ड रास लफान पर ईरान के हमले के बाद दुनिया भर में गैस संकट की आशंका तेज हो गई है। रिपोर्टों के मुताबिक ईरान के हमले में कतर के इस गैस फील्ड को भारी नुकसान पहुंचा है। कतर ने कहा है कि मिसाइल हमलों से उसके रास लफान एलएनजी संयंत्र को भारी क्षति हुई है और गैस का निर्यात करीब 17% कम हो गया है। संयंत्र के पूरी क्षमता के साथ काम न कर पाने की वजह से हर साल उसे लगभग 20 अरब डॉलर का नुकसान हो सकता है और इसके मरम्मत में 5 साल तक लग सकते हैं।
139 बैलिस्टिक मिसाइल, 238 ड्रोन मार गिराए
वहीं, संयुक्त अरब अमीरात (UAE) की स्टेट सिक्योरिटी ने एक आतंकी नेटवर्क को पकड़ने का दावा किया है, जिसे हिज्बुल्ला और ईरान का समर्थक बताया गया है। यह नेटवर्क नकली कंपनी के जरिए देश की अर्थव्यवस्था में घुसपैठ करने की कोशिश कर रहा था। बहरीन ने बताया कि संघर्ष शुरू होने के बाद से उसकी एयर डिफेंस ने 139 बैलिस्टिक मिसाइल और 238 ड्रोन को मार गिराया है। वहीं, दुबई के लोगों को मोबाइल पर अलर्ट भेजे गए हैं, जिसमें ईरानी मिसाइल हमलों की चेतावनी दी गई। वहीं कुवैत ने भी ईरान के ड्रोन गिराने का दावा किया है।
गैस फील्ड पर हमले के बाद मध्य पूर्व में नए सिरे से तनाव पसरा
खाड़ी देशों के ऊर्जा संयंत्रों पर ईरान के हमले के बाद क्षेत्र में तनाव नए सिरे से पसर गया है। सऊदी अरब और कतर ने ईरान को चेतावनी जारी की है। सऊदी ने कहा है कि उसके गैस एवं तेल रिफाइनरियों पर यदि और हमले हुए तो वह जवाब देगा। ईरान के हमलों से खाड़ी के देश नाराज हैं। आने वाले दिनों में यदि वे ईरान पर जवाबी कार्रवाई करते हैं तो इसमें हैरानी नहीं होनी चाहिए। मध्य पूर्व में बढ़े तनाव के बीच अमेरिका ने UAE और कुवैत को 16.46 अरब डॉलर के हथियार बेचने की मंजूरी दी है।
ईरान ने 'बेकाबू नतीजों' की चेतावनी दी है
संयुक्त अरब अमीरात ने हबशान गैस संयंत्र एवं बाब ऑयल फील्ड पर ईरान के हमलों को 'खतरनाक बढ़ोतरी' बताया है। यह सब इजराइल द्वारा साउथ पार्स गैस फील्ड पर हमले के बाद हुआ, जिसके जवाब में ईरान ने 'बेकाबू नतीजों' की चेतावनी दी है। ईरान को चेतावनी देते हुए सऊदी अरब ने गुरुवार को कहा कि जवाब देने की क्षमता उसके पास है और वह इसका अधिकार वह सुरक्षित रख रहा है।
सैन्य रणनीति पर दोबारा विचार करे ईरान
सऊदी अरब के विदेश मंत्री प्रिंस फैसल बिन फरहान अल सऊद ने ईरान को चेतावनी देते हुए कहा है कि 'उनके देश एवं खाड़ी के अन्य देशों पर ईरान के हमलों को बर्दाश्त करने की एक सीमा है। इसलिए तेहरान अपनी सैन्य रणनीति पर दोबारा विचार करे।' विदेश मंत्री ने आगे कहा कि 'खाड़ी देशों एवं सऊदी अरब के बास जवाब देने की पर्याप्त एवं प्रभावी क्षमताएं मौजूद हैं और वे चाहें तो वे इनका इस्तेमाल कर सकते हैं।'
