दुनिया

लेबनान में इजराइल का बड़ा हमला, 22 लोगों की मौत 124 लोग घायल; इजराइली सेना के खिलाफ हो रहा था प्रदर्शन

इजराइल और लेबनान के बीच तनातनी जारी है। संघर्ष विराम समझौते के तहत लेबनान से इजराइली सेना को निकलना था, लेकिन इजराइल इसके लिए तैयार नहीं है। इसी बीच उसने प्रदर्शनकारियों पर बड़ी हमला किया है, जो उसका विरोध कर रहे थे।

Image

इजराइली हमले में तबाह लेबनानी इलाका (फाइल फोटो)

Photo : AP

लेबनान में इजराइल ने बड़ा हमला किया है। इस हमले में 22 लोगों के मारे जाने की खबर है, साथ ही 124 लोग घायल भी हुए हैं। कहा जा रहा है कि इजराइली सेना का विरोध कर रहे लोगों पर यह हमला हुआ, जिसमें इतने लोग मारे गए हैं।

इजराइली सेना के खिलाफ प्रदर्शन

बनान के स्वास्थ्य मंत्रालय के अधिकारियों ने कहा कि इजराइली सेना ने प्रदर्शनकारियों पर गोलियां चलाईं जिसमें कम से कम 22 लोगों की मौत हुई है। स्वास्थ्य मंत्रालय ने एक बयान में कहा कि मृतकों में छह महिलाएं और लेबनानी सेना का एक जवान भी शामिल है। सीमा क्षेत्र के 20 से अधिक गांवों में लोगों के घायल होने की खबर है। ये प्रदर्शनकारी संघर्ष विराम के तहत इजराइली सेना की वापसी की मांग कर रहे थे।

समझौते के बाद भी नहीं हटी इजराइली सेना

इजराइल-हिजबुल्ला युद्ध को रोकने के लिए नवंबर के अंत में संघर्ष विराम समझौते के तहत निर्धारित 60 दिन की समयसीमा में इजराइली सेना को दक्षिणी लेबनान से हटना था, लेकिन ऐसा नहीं हुआ। इसके विरोध में प्रदर्शनकारियों ने कई गांवों में घुसने का प्रयास किया। कुछ प्रदर्शनकारियों ने हिजबुल्ला के झंडे लिए हुए थे। इजराइल का कहना है कि हिजबुल्ला के दक्षिणी लेबनान में फिर से सिर उठाने से रोकने के लिए लेबनानी सेना इस इलाके के सभी क्षेत्रों में तैनात नहीं हुई है, ऐसे में इजराइली सेना को अभी और अधिक समय तक वहां रहने की जरूरत है।

हमले पर इजराइल की सफाई

इजराइली सेना ने रविवार के विरोध प्रदर्शनों को भड़काने के लिए हिजबुल्ला को दोषी ठहराया। इसने एक बयान में कहा कि उसके सैनिकों ने ‘‘उन कई क्षेत्रों में चेतावनी के तौर पर गोलियां चलाईं, जहां संदिग्धों की मौजूदगी का पता लगाया गया था।’’ बयान में कहा गया कि इजराइली सैनिकों ने कई संदिग्धों को पकड़ा है और उनसे पूछताछ की जा रही है।

लेबनान ने क्या कहा

लेबनान की सेना ने कहा कि जब तक इजराइली सेना वापस नहीं जाती, तब तक वह वहां मोर्चा नहीं संभाल सकती। लेबनान के राष्ट्रपति जोसेफ औन ने रविवार को दक्षिणी लेबनान के लोगों को संबोधित करते हुए एक बयान में कहा कि ‘‘लेबनान की संप्रभुता और क्षेत्रीय अखंडता से कोई समझौता नहीं किया जा सकता है और मैं आपके अधिकारों और सम्मान को सुनिश्चित करने के लिए उच्चतम स्तर पर इस मुद्दे के समाधान के वास्ते काम कर रहा हूं।’’

Shishupal Kumar
शिशुपाल कुमारauthor

शिशुपाल कुमार टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल के न्यूज डेस्क में कार्यरत एक अनुभवी पत्रकार हैं, जिन्हें 13 वर्षों का अनुभव हासिल है। राजनीतिक, अंतरराष्ट्रीय और क्राइम रिपोर्टिंग में गहरी रुचि और मजबूत पकड़ के साथ वे समाचारों की बारीकियों को समझने और उन्हें प्रभावशाली ढंग से प्रस्तुत करने के लिए जाने जाते हैं। शिशुपाल ने अपने करियर की शुरुआत एक इन्वेस्टिगेटिव जर्नलिस्ट के रूप में की, जहां उन्होंने प्रोडक्शन से लेकर ग्राउंड रिपोर्टिंग तक पत्रकारिता के कई महत्वपूर्ण पहलुओं में काम किया। फील्ड रिपोर्टिंग और डेस्क दोनों स्तरों पर उनकी दक्षता है। अब तक शिशुपाल कुमार 15,000 से अधिक खबरें प्रकाशित कर चुके हैं। वह ब्रेकिंग न्यूज, रियल-टाइम कवरेज, डेटा-आधारित विश्लेषण और एक्सप्लेनर लिखने में खास महारत रखते हैं। उनकी स्टोरीज तथ्यों की सटीकता और सहज भाषा की वजह से पाठकों पर मजबूत प्रभाव छोड़ती हैं।

और पढ़ें
End of Article