Iran US Tensions: ईरान की संसद के स्पीकर मोहम्मद बाघर गालिबाफ (Mohammad Bagher Ghalibaf statement) ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने कहा कि वॉशिंगटन और तेहरान के बीच चल रहे तनाव को लेकर ट्रंप बार-बार गलत दावे कर रहे हैं। गालिबाफ के अनुसार, इन बयानों का सच्चाई से कोई लेना-देना नहीं है और इससे हालात और ज्यादा बिगड़ सकते हैं। गालिबाफ ने आरोप लगाया कि अमेरिकी राष्ट्रपति ने एक ही घंटे में सात दावे किए और सभी के सभी गलत थे। उन्होंने कहा कि झूठे बयानों के आधार पर न तो कोई युद्ध जीता जा सकता है और न ही बातचीत में सफलता हासिल की जा सकती है। उनका मानना है कि इस तरह की बयानबाजी से दोनों देशों के बीच भरोसा कम होता है।
जलडमरूमध्य को खुला रखना मुश्किल-गालिबाफ
उन्होंने खास तौर पर होर्मुज जलडमरूमध्य का जिक्र किया, जो दुनिया के सबसे महत्वपूर्ण समुद्री रास्तों में से एक है। गालिबाफ ने चेतावनी दी कि अगर ईरान पर दबाव और नाकेबंदी जारी रही, तो इस जलडमरूमध्य को खुला रखना मुश्किल हो सकता है। उन्होंने साफ कहा कि यहां से गुजरने वाले जहाजों को तय नियमों का पालन करना होगा और इसके लिए ईरान की अनुमति जरूरी होगी। ईरानी नेता ने यह भी कहा कि होर्मुज जलडमरूमध्य खुला रहेगा या बंद, इसका फैसला सोशल मीडिया पर दिए गए बयानों से नहीं, बल्कि जमीनी हालात के आधार पर होगा। उन्होंने अमेरिका के बयानों को विरोधाभासी और भ्रामक बताया।
अमेरिका और ईरान के बीच तनाव अभी भी जारी
गालिबाफ ने मीडिया की भूमिका पर भी टिप्पणी की। उनका कहना है कि आज के समय में मीडिया के जरिए जनमत को प्रभावित करना भी एक तरह का युद्ध है। हालांकि, उन्होंने विश्वास जताया कि ईरान की जनता इन तरीकों से प्रभावित नहीं होगी और सच्चाई को समझती है। अंत में उन्होंने लोगों से अपील की कि वे बातचीत और समझौते से जुड़ी सही जानकारी के लिए आधिकारिक स्रोतों पर भरोसा करें। इस पूरे घटनाक्रम से साफ है कि अमेरिका और ईरान के बीच तनाव अभी भी बना हुआ है और इसका असर वैश्विक व्यापार और सुरक्षा पर पड़ सकता है।
ट्रंप द्वारा किए गए सात दावे:
- अमेरिका और ईरान के बीच बातचीत अच्छी चल रही है और जल्द समझौता हो सकता है।
- ईरान अपना समृद्ध यूरेनियम अमेरिका को दे देगा, और दोनों मिलकर इसे निकालेंगे।
- ईरान कभी परमाणु हथियार नहीं बनाएगा।
- होर्मुज जलडमरूमध्य खुला है या जल्द खुल जाएगा, जिससे जहाजों की आवाजाही सामान्य होगी।
- इस समझौते में किसी तरह का पैसा नहीं दिया जाएगा।
- ईरान ने समुद्र में लगाए गए माइन्स हटा दिए हैं या हटा रहा है।
- हालात अब शांत हो रहे हैं और अमेरिका की स्थिति मजबूत मानी जा रही है।
