Hellfire R9X: हेलफायर आर9एक्स से मारा गया था जवाहिरी, 'निंजा मिसाइल' नाम से है मशहूर

  • Authored by: टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल
  • Updated Aug 2, 2022, 09:26 AM IST

Hellfire R9X: हेलफायर मिसाइल आर9एक्स पहली बार मार्च 2017 में दिखाई दी, जब अल-कायदा के वरिष्ठ नेता अबू अल-खैर अल-मसरी को उस समय ड्रोन हमले से मार दिया गया था जब वह सीरिया में एक कार में यात्रा कर रहा था।

Hellfire R9X: हेलफायर आर9एक्स से मारा गया था जवाहिरी, 'निंजा मिसाइल' नाम से है मशहूर
Photo Credit: ANI

Hellfire R9X: अलकायदा नेता अयमान अल-जवाहिरी को अमेरिका की सीआईए ने ड्रोन हमले में मारा गिराया है। ओसामा बिन लादेन के बाद अल-जवाहिरी ने अलकायदा की कमान संभाली थी। ड्रोन हमले के लिए अमेरिका ने दो हेलफायर मिसाइल आर9एक्स का इस्तेमाल किया। इस खतरनाक मिसाइल को 'निंजा मिसाइल' के नाम से भी जाना जाता है। 

हेलफायर आर9एक्स से मारा गया था जवाहिरी

दरअसल हेलफायर मिसाइल आर9एक्स बाकी मिसाइलों की तरह विस्फोट नहीं करती है। इस मिसाइल के अंदर से चाकू जैसे ब्लेड्स निकलते हैं, जो टारगेट पर बिल्कुल सटीक निशाना लगाते हैं। इस मिसाइल के हमले में टारगेट के अलावा आस-पास के लोगों को कोई नुकसान नहीं होता है।

छह ब्लेड से लैस होती है हेलफायर आर9एक्स

ये मिसाइल छह ब्लेड से लैस होती है और टारगेट पर अटैक कर उसको खत्म कर देती है। हेलफायर मिसाइल आर9एक्स पहली बार मार्च 2017 में दिखाई दी, जब अल-कायदा के वरिष्ठ नेता अबू अल-खैर अल-मसरी को उस समय ड्रोन हमले से मार दिया गया था जब वह सीरिया में एक कार में यात्रा कर रहा था।

राष्ट्र के नाम अपने संबोधन में खुद अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाडेन ने बताया कि सटीक हमले में जवाहिरी के परिवार के सदस्यों को कोई नुकसान नहीं हुआ और ना ही किसी भी नागरिक को कोई चोट आई है। 

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