रूस और यूक्रेन की जंग के दौरान पुतिन को तीसरा सबसे बड़ा सरप्राइज़ या यूं कहिए सदमा मिला। इसके पहले जब युद्ध के 50वें दिन ब्लैक सागर में मोस्कवा युद्धपोत डूबा और दो महीने पहले 8 अक्टूबर को क्रीमिया ब्रिज पर अटैक हुआ था तो भी पुतिन को कानोंकान खबर नहीं हुई थी और अब एंगेल्स एयरबेस पर अटैक हुआ तो भी यही हालात रहे।सवाल उठा कि सारातोव एयरबेस पर ये हमला कैसे हुआ किसने किया। क्योंकि ये रूस का वो एयरबेस है जो रूस के tu-95 बॉम्बर्स का ठिकाना है। बताया जा रहा है कि इन बॉम्बर्स की मदद से रूस की सेना परंपरागत मिसाइलों और बमों की बारिश यूक्रेन पर कर रही है मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक एंगेल्स एयरबेस पर अटैक यूक्रेन के ड्रोन्स ने किया। कुल मिलाकर 2 हमले किए गए इस हमले में रूस के 4 परमाणु बॉम्बर तबाह हो गएएक ऑयल डिपो तबाह हो गयाऔर कम से कम 3 लोगों की मौत हो गई।
एंगेल्स, रूस का सुरक्षित ठिकाना
यूक्रेन के ड्रोन्स ने रूस के जिस एंगेल्स एयरबेस पर हमला किया ये बेहद सुरक्षित ठिकाना माना जाता है। सवाल यही है कि रूस के परमाणु बॉम्बर्स वाले इस एयरबेस पर हमला अब महाजंग को किस तरफ ले जाएगा। क्योंकि ये पुतिन के लिए भी बड़े चैलेंज की तरह है। इस हमले ने एक और चीज साफ कर दी है और वो ये कि यूक्रेन और नाटो पुतिन से खुलकर लोहा लेने के मूड में हैं। क्योंकि इस हमले में यूक्रेन ने रूस को अंदर घुसकर मारा है। खबरें तो ये भी हैं कि यूक्रेन अब मॉस्को को भी निशाना बना सकता है। लिहाजा सभी रूसी एयरबेस को हाई अलर्ट पर कर दिया गया है।
बड़ी तबाही की आशंका
जिस तरह यूक्रेन ने रूसी एयरबेस को निशाना बनाया है उसे देखकर तमाम एक्सपर्ट यही कह रहे हैं कि बिना अमेरिका जैसे किसी बड़े देश की मदद के ये मुमकिन नहीं हैं। एक थ्योरी ये भी सामने आ रही है कि हो सकता है पुतिन ने ये अटैक खुद ही कराया हो ताकि वो अंतर्राष्ट्रीय मंच पर अमेरिका और नाटो को घेर सके। हमले की सच्चाई क्या है इस पर फिलहाल कुछ भी साफ नहीं लेकिन ये जरूर साफ है कि पुतिन इस अटैक के बाद ठीक वैसे ही हमलावर होंगे जैसे मोस्कोवा की जलसमाधि और क्रीमिया ब्रिज पर अटैक के बाद हुए थे। आपको याद होगा क्रीमिया ब्रिज पर हमले के बाद पुतिन ने यूक्रेन के शहरों को मिसाइल दाग-दाग कर खंडहर बना दिया था और अब पुतिन क्या करेंगे इसका ट्रेलर भी देख लीजिए। एक बार फिर रूस की क्रूज मिसाइलें यूक्रेन के आसमान में उड़ रही हैं। डेनिप्रो पेट्रोवस्क, किरोवोगार्ड, माइकोलेव और कीव में एयर रेड अलर्ट के सायरन गूंज रहे हैं। जानकारी के मुताबिकरूस यूक्रेन पर 100 से ज्यादा मिसाइल दागेगारूस के 13 एयरक्राफ्ट मिसाइल लेकर उड़ने वाले हैं। हर बॉम्बर में 8 मिसाइलें होंगी इस हिसाब से देखें तो कुल 104 मिसाइलें दागी जाएंगी। इतना ही नहीं काला सागर से रूस कैलिबर क्रूज मिसाइल भी लान्च करने वाला है।
