वायरल न्यूज़

OMG: यहां दूल्हे की बहन से होती है दुल्हन की शादी, जानें फिर किसके साथ होती है विदाई

Ajab Gajab News: गुजरात में एक ऐसा समुदाय रहता है, जिसके दूल्हे को अपनी शादी में जाने की भी अनुमति नहीं होती। दूल्हा अपनी शादी के दिन घर में ही रहता है। वहीं दूल्हे की बहन अपने भाई की जगह पर बारात लेकर जाती है।

Image

प्रतीकात्मक तस्वीर (ट्विटर)

Ajab Gajab News: भारत में शादियों का सीजन चल रहा है। शादियों के दौरान तरह-तरह की रस्मों का पालन किया जाता है। अलग-अलग समुदायों में अलग-अलग रस्में और रीति-रिवाज निभाए जाते हैं। हम आपको ऐसे ही एक विचित्र रीति-रिवाज के बारे में बताएंगे। आपको जानकर हैरानी होगी कि दुनिया में एक ऐसी जगह है, जहां दुल्हन की शादी दूल्हे से न होकर दूल्हे की बहन से होती है। यह अनोखी शादी गुजरात के आदिवासी इलाकों में होती है।

गुजरात में निभाई जाती है शादी की अनोखी परंपरा

आपको जानकर हैरानी होगी कि बारात भी दूल्हा लेकर नहीं जाता है। बल्कि दूल्हे की बहन ही बारात लेकर जाती है और दुल्हन को विदा करके भी दूल्हे की बहन ही लाती है। दरअसल, गुजरात में एक ऐसा समुदाय रहता है, जिसके दूल्हे को अपनी शादी में जाने की भी अनुमति नहीं होती। दूल्हा अपनी शादी के दिन घर में ही रहता है। वहीं दूल्हे की बहन अपने भाई की जगह पर बारात लेकर जाती है और शादी की सारी रस्में पूरी करके दुल्हन को विदा करके घर ले आती है।

दुल्हन को विदा करके लाती है दूल्हे की बहन

मान लीजिए अगर दूल्हे की कोई बहन नहीं होती है तो परिवार की ही कोई कुंवारी कन्या दूल्हे की जगह पर बारात लेकर जाती है। हालांकि, शादी के दौरान दूल्हा पूरी तरह से तैयार जरूर किया जाता है। जिस तरह बाकी शादियों में होता है कि दूल्हे के हाथों में मेहंदी लगती है। उसे शेरवानी पहनाई जाती है। इसके साथ ही दूल्हे को साफा बांधा जाता है और हाथ में तलवार भी दी जाती है। बस उसे घर से बाहर निकलने की अनुमति नहीं होती है।शादी की यह अनोखी परंपरा गुजरात में तीन गांवों में निभाई जाती है। जिन गांवों में यह परंपरा निभाई जाती है, वह गांव सुरखेड़ा, सानदा और अंबल हैं।

Aditya Sahu
आदित्य साहूauthor

आदित्य साहू टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में स्पोर्ट्स और ट्रेडिंग कंटेंट लिखतें हैं। जर्नलिज्म में मास्टर्स की डिग्री हासिल करने के बाद वह पिछले 10 सालों से मीडिया में सक्रिय हैं। स्पोर्ट्स इवेंट की रियल टाइम कवरेज, डाटा टॉपिक्स और अनोखे कंटेंट आइडियाज को आकर्षक और एंगेजिंग तरीके से प्रस्तुत करना आदित्य की खासियत है। उनकी कॉपी राइटिंग और इंटरेस्टिंग हेडलाइन बनाने की क्षमता उन्हें डिजिटल दुनिया में अलग पहचान देती है। 15,000 से अधिक बायलाइन स्टोरी पब्लिश कर चुके आदित्य का लक्ष्य हर खबर को यूनिक एंगल और स्टोरीटेलिंग के रोचक अंदाज में पेश करना है।

और पढ़ें
End of Article