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UAE Tourist Visa: दुबई और अबू धाबी एयरपोर्ट पर सख्त हुआ इमिग्रेशन, टूरिस्ट वीजा पर बढ़ाई गई चेकिंग

  • Authored by: Rohit Ojha
  • Updated May 26, 2024, 09:49 PM IST

UAE Tourist Visa: इस सख्ती का उद्देश्य टूरिस्ट वीजा के दुरुपयोग को रोकना है। सूत्र बताते हैं कि तमिलनाडु और केरल से पहली बार आने वाले यात्री विशेष रूप से जांच के दायरे में हैं। यात्रियों को अब दुबई और अबू धाबी हवाई अड्डों पर सख्त इमिग्रेशन से गुजरना पड़ेगा।

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Flying to the UAE Tourist Visa

Photo : iStock

UAE Tourist Visa: संयुक्त अरब अमीरात जाने वाले यात्रियों को अब दुबई और अबू धाबी हवाई अड्डों पर सख्त इमिग्रेशन से गुजरना पड़ेगा। अधिकारियों ने यह अनिवार्य कर दिया है कि विजिटर को अपने बैंक खाते में कम से कम 60,000 रुपये का प्रूफ रखना होगा या उनके पास क्रेडिट कार्ड और रिटर्न का टिकट होना चाहिए। इस सख्ती का उद्देश्य टूरिस्ट वीजा के दुरुपयोग को रोकना है। सूत्र बताते हैं कि तमिलनाडु और केरल से पहली बार आने वाले यात्री विशेष रूप से जांच के दायरे में हैं। इन जांचों के कारण भारतीय एयरपोर्ट पर देरी हो रही है, क्योंकि एयरलाइंस अब यात्रियों को बोर्डिंग की अनुमति देने से पहले यह सुनिश्चित करती हैं कि वे इन आवश्यकताओं को पूरा करें।

क्यों सख्त हुआ इमिग्रेशन

इमिग्रेशन सख्त इसलिए हुआ है, क्योंकि कुछ ऐसी घटनाएं सामने आईं, जिसमें टूरिस्ट वीजा पर आने वाले यात्रियों के पास पर्याप्त पैसे या वापसी के लिए टिकट नहीं थे। इसकी वजह से उन्हें डिपोर्ट करना पड़ा। एयरलाइंस को अब यह वेरिफाई करना आवश्यक है कि सिंगल पैसेंजर, विशेष रूप से 20-35 आयु वर्ग की महिलाएं इन नियमों का पालन करें, ताकि डिपोर्ट किए जाने वाले यात्रियों को अपने खर्च पर वापस लौटने से बचा जा सके।

क्या कर रहे हैं लोग

ईटी में छपी एक खबर के अनुसार, चेन्नई मेट्रो ट्रेवल्स के बशीर अहमद ने बताया कि चेकिंग इसलिए हो रही है क्योंकि यह पाया गया है कि लोग टूरिस्ट वीजा का उपयोग करके नौकरियों के लिए संयुक्त अरब अमीरात में प्रवेश कर रहे हैं। उनमें से कुछ अपने रिटर्न टिकट कैंसिल कर देते हैं और वहीं रुक जाते हैं। वास्तविक पर्यटकों, परिवार और ग्रुप यात्रियों के लिए कोई समस्या नहीं है।

चेक-इन का समय बढ़ा

चेक-इन का समय बढ़ गया है, विशेष रूप से कम लागत वाले कैरियर के साथ क्योंकि वे इन नए इमिग्रेशन चेकिंग का रेगुलेशन सुनिश्चित करते हैं। रिपोर्टों से पता चलता है कि वापसी टिकट या आवास का प्रमाण नहीं होने के कारण कम से कम दस व्यक्तियों को डिपोर्ट कर दिया गया है। ट्रैवल के लिए ऑफ-पीक सीजन होने के बावजूद मिडिल ईस्ट के लिए फ्लाइट की डिमांड हाई है।

Rohit Ojha
Rohit Ojhaauthor

<p>रोहित ओझा Timesnowhindi.com में बतौर सीनियर कॉरस्पॉडेंट सितंबर 2023 से काम कर रहे हैं। यहां पर वो बिजेनस और यूटिलिटी की खबरों पर काम करते हैं। मीडिया इंडस्ट्री में पांच साल से अधिक का अनुभव। चुनावी खबरों से शुरू हुआ पत्रकारिता का सफर फिलहाल स्टॉक मार्केट, इकोनॉमी और पर्सनल फाइनेंस की खबरों के साथ जारी है। डेस्क और फील्ड दोनों में ही काम करने का तजुर्बा। टाइम्स नाऊ नवभारत से पहले अलग-अलग मीडिया संस्थानों में अलग-अलग बीट पर काम कर चुके हैं। अमर उजाला, टीवी9 हिंदी, इंडिया टीवी, आज तक जैसे मीडिया संस्थान में अलग-अलग बीट पर काम कर चुके हैं। स्टॉक मार्केट और इकोनॉमी के साथ-साथ देश की सियासी घटनाओं पर लिखने का अनुभव है। 2019 के आम चुनाव से लेकर तमाम विधानसभा की चुनावी खबरों पर काम किया है। 2019 का क्रिकेट वर्ल्ड कप और आईपीएल की खबरों पर भी काम किया है। किस्से-कहानियों में मन लगता है। शारदा यूनिवर्सिटी से मास-कम्युनिकेशन और जर्नलिज्म किया है। गृह जनपद- बक्सर। साहित्य, सियासत और सिनेमा पर लिखना-पढ़ना खूब पसंद है।</p>

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