Ladli Laxmi Yojana: आज लाडली लक्ष्मी उत्सव का आयोजन किया गया है। सीएम शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि प्रदेश भर में 9 मई से 15 मई तक लाडली लक्ष्मी योजना के तहत कार्यक्रम आयोजित किए जायंगे। आज इस योजना ने 16 साल पूरे कर लिए हैं। आज ही के दिन यानी 2 मई 2007 में इस योजना को शुरू किया गया था। ऐसे में आज हम आपको लाडली लक्ष्मी योजना के बारे में बता रहे हैं।
क्या है लाडली लक्ष्मी योजना
मध्यप्रदेश सरकार इस योजना के तहत बच्ची के जन्म से लेकर उसकी शादी तक पढ़ाई के लिए आर्थिक सहायता करती है। सरकार बच्ची के जन्म पर 11,000 रुपये की मदद करती है। बेटी के स्कूल एडमिशन के समय 5,000 रुपये की मदद, क्लास 6, 9, 10 और 12 वीं में जाने पर बच्ची को 5,000 रुपये की आर्थिक सहायता दी जाती है। जबकि बच्ची की 21 साल की आयु पूरी होने के बाद सरकार उसकी शादी के लिए 1 लाख रुपये की आर्थिक सहायता उसके परिवार को देती है। अगर किसी बच्ची की शादी 21 साल से कम में होती है, तो उसे यह लाभ नहीं मिलेगा।
अगर कोई बच्ची बीच में ही स्कूल छोड़ दे, तो उसे यह मदद नहीं मिलेगी। इस योजना की शुरुआत मध्यप्रदेश सरकार द्वारा साल 2007 में की गई थी। ऐसी ही योजना कई दूसरे राज्यों में भी मिलती है।
कौन है पात्र
इस योजना का लाभ राज्य की उन बच्चियों को ही मिलता है, जिनके माता-पिता मध्यप्रदेश के मूल निवासी हैं। साथ ही वे आयकर दाता न हों। इस स्कीम का नाम लाली लक्ष्मी योजना है। जो मध्यप्रदेश सरकार द्वारा चलाई जा रही है।
ऐसे करें आवेदन
आपको अपनी बेटी के सभी दस्तावेज आंगनबाड़ी सेंटर में जमा करने होंगे। जिसमें हॉस्पिटल के पर्चे से लेकर आपके राशन कार्ड होते हैं। इसके लिए आप आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं से संपर्क कर सकते हैं। लोक सेवा केन्द्र, परियोजना कार्यालय या किसी भी इंटरनेट कैफे से भी आवेदन कर सकते हैं। इस आवेदन की जांच के बाद एप्लिकेशन स्वीकृत होने के बाद आपकी बेटी के नाम से सरकार 1 लाख 43 हजार रुपये का सर्टिफिकेट देगी।
