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फेस ऑथेंटिकेशन से UAN जेनरेट कैसे करें? उमंग ऐप से ऑनलाइन हो जाएगा काम, पूरी प्रक्रिया जानें

EPFO ने Face Authentication Technology (FAT) आधारित नई डिजिटल सुविधा शुरू की है, जिसके जरिए कर्मचारी सिर्फ एक सेल्फी लेकर अपना UAN खुद बना और उसी समय एक्टिव कर सकते हैं। यह पहल EPFO को अधिक तेज, पारदर्शी और सदस्य-हितैषी बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।

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How To Generate UAN Through Face Authentication Via Umang App

कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (EPFO) ने पीएफ अकाउंट से जुड़ी एक बड़ी समस्या का समाधान कर दिया है। अब कर्मचारियों को UAN (यूनिवर्सल अकाउंट नंबर) जनरेट और एक्टिवेट कराने के लिए कंपनी पर निर्भर नहीं रहना पड़ेगा। EPFO ने Face Authentication Technology (FAT) आधारित नई डिजिटल सुविधा शुरू की है, जिसके जरिए कर्मचारी सिर्फ एक सेल्फी लेकर अपना UAN खुद बना और उसी समय एक्टिव कर सकते हैं। यह पहल EPFO को अधिक तेज, पारदर्शी और सदस्य-हितैषी बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।

क्या है फेस ऑथेंटिकेशन आधारित नई सेवा?

पहले UAN जनरेट करने की जिम्मेदारी नियोक्ता (कंपनी) की होती थी। इसके बाद कर्मचारी को अलग से UAN एक्टिवेट करना पड़ता था। इस पूरी प्रक्रिया में अक्सर देरी, गलत जानकारी लिंक होना या तकनीकी समस्याएं सामने आती थीं।

इन परेशानियों को दूर करने के लिए EPFO ने 8 अप्रैल 2025 से Face Authentication Technology के जरिए Self-UAN Generation की सुविधा शुरू की है। इस सिस्टम में कर्मचारी अपने आधार से जुड़े फेस डेटा के माध्यम से खुद ही UAN जनरेट कर सकता है और तुरंत एक्टिवेट भी कर सकता है।

सिर्फ एक सेल्फी से कैसे बनेगा UAN?

  • सरकार के UMANG ऐप पर जाना होगा
  • “Self-UAN Generation” या “Face Authentication” विकल्प चुनना होगा
  • अपना आधार नंबर दर्ज करना होगा
  • आधार से जुड़े मोबाइल नंबर पर आए OTP को दर्ज करना होगा
  • इसके बाद मोबाइल या लैपटॉप कैमरे से लाइव सेल्फी लेनी होगी
सिस्टम चेहरे की पहचान को आधार डाटा से मिलाकर सत्यापित करता है। जैसे ही वेरिफिकेशन पूरा होता है, UAN तुरंत जनरेट और एक्टिवेट हो जाता है। पूरी प्रक्रिया कुछ ही मिनटों में पूरी हो जाती है।

कर्मचारियों के लिए बड़ी राहत

इस नई व्यवस्था से अब लंबी प्रक्रियाओं, कागजी कार्रवाई और दफ्तरों के चक्कर से मुक्ति मिलेगी। डिजिटल सत्यापन के जरिए प्रक्रिया तेज और सुरक्षित दोनों बनेगी। EPFO की यह पहल कर्मचारियों के लिए पीएफ सेवाओं को और आसान बनाने की दिशा में बड़ा बदलाव साबित हो सकती है।

Pradeep Pandey
प्रदीप पाण्डेयauthor

प्रदीप पाण्डेय टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में टेक और ऑटो बीट पर कंटेंट तैयार करते हैं। डिजिटल मीडिया में 10 वर्षों के अनुभव के साथ प्रदीप तकनीक की दुनिया को समझने और उसे आम पाठकों तक सरल व उपयोगी रूप में पहुंचाने के लिए जाने जाते हैं। प्रदीप अब तक 11,000 से अधिक आर्टिकल्स लिख चुके हैं। वह गैजेट रिव्यू, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, टेक टिप्स और नवीनतम टेक इनोवेशन पर लगातार काम करते हैं। एआई टूल्स पर एक्सपेरिमेंट करना, नए ऐप्स टेस्ट करना और टेक से जुड़े प्रैक्टिकल सॉल्यूशंस खोजने में उनकी खास रुचि है।

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