PAN Fraud: आपके परमानेंट अकाउंट नंबर (PAN) का गलत इस्तेमाल हो सकता है। धोखाधड़ी के धंधे में शामिल लोग पैन के जरिए फर्जी लेन-देन कर रहे हैं। धोखाधड़ी से जुड़े लोग गृहणियों और किसानों को ज्यादा निशाना बना रहे हैं। कई मामले ऐसे भी सामने आए हैं जिनमें किसी व्यक्ति विशेष की मृत्यु के बाद भी आयकर विभाग की ओर से रिकवरी नोटिस भेजा जाता है। कई मामलों में पैन का गलत इस्तेमाल कर लोन भी ले लिया गया है। इसलिए जरूरी है कि आप अपने पैन कार्ड को सुरक्षित रखें। बड़ी संख्या में ऐसे मामले भी सामने आए हैं, जिनमें किसी और के नाम पर लोन लिया गया या फिर फर्जी कंपनी बनाकर जीएसटी की चोरी की गई।
सावधानी ही सुरक्षा
पैन फ्रॉड से बचने के लिए सावधानी ही सबसे बड़ी सुरक्षा है। ऐसे में पैन की कॉपी वहीं दें जहां जरूरी हो। अगर कहीं पैन की कॉपी दे रहे हैं तो उसे सेल्फ अटेस्टेड और तारीख के साथ दें। साथ ही जिस काम के लिए दे रहे हैं, उस पर साफ-साफ लिखें। अगर परिवार का कोई सदस्य नहीं रहा है तो उसका पैन कार्ड आयकर विभाग में जमा कराएं। हालांकि इसके लिए अभी कोई ऑनलाइन प्रक्रिया नहीं है। उसके पैन कार्ड के संबंध में स्थानीय आयकर अधिकारी को पत्र लिखें और उसे मृत्यु प्रमाण पत्र के साथ जमा कराएं। इससे आप कई तरह की समस्याओं से बच सकते हैं।
नियमित रूप से करें ये काम
इसके लिए सबसे पहला और आसान तरीका है इनकम टैक्स इंडिया की वेबसाइट पर जाकर एनुअल इंफॉर्मेशन स्टेटमेंट लेना। यानी नियमित अंतराल पर AIS चेक करते रहें। इसके अलावा साल में कम से कम एक बार CIBIL रिपोर्ट जरूर लें। CIBIL रिपोर्ट में सभी तरह के लोन और EMI पेमेंट की डिटेल होती है। यह पता लगाने के लिए कि कोई आपके PAN पर कंपनी बनाकर धोखाधड़ी तो नहीं कर रहा है।
ऐसे करें चेक
- GST पोर्टल पर जाएं।
- Search Taxpayers टैब पर क्लिक करें।
- इसके बाद Search by PAN का ऑप्शन चुनें।
- PAN और कैप्चा डालकर सर्च पर क्लिक करें।
- अगर आपके नाम पर रजिस्ट्रेशन है तो पूरी डिटेल दिखाई देगी। अगर आपको कोई गड़बड़ी नजर आती है तो शिकायत दर्ज कराएं।
