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PUC Certificate: दिल्ली में 600 पीयूसी सेंटर बंद, पेट्रोल पंप मालिकों ने किया है हड़ताल का ऐलान

  • Edited by: Rohit Ojha
  • Updated Jul 15, 2024, 03:26 PM IST

PUC Certificate: पेट्रोल विक्रेताओं के विरोध के बीच दिल्ली में करीब 600 पीयूसी केंद्र बंद हैं। केजरीवाल सरकार ने गुरुवार को करीब 13 साल के अंतराल के बाद पेट्रोल, सीएनजी और डीजल वाहनों के लिए पीयूसी प्रमाणपत्र शुल्क बढ़ा दिया। नोटिफिकेशन जारी होने के साथ ही नई दरें प्रभावी हो गई हैं।

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Delhi Petrol Pumps Shut 600 PUCs

Photo : iStock

PUC Certificate: पेट्रोल विक्रेताओं और पंप मालिकों के विरोध प्रदर्शन के आह्वान पर राष्ट्रीय राजधानी में 400 पेट्रोल पंप के लगभग 600 प्रदूषण नियंत्रण (PUC) केंद्र सोमवार से बंद रहेंगे। दिल्ली सरकार द्वारा प्रदूषण प्रमाणपत्र शुल्क में प्रस्तावित बढ़ोतरी के बाद दिल्ली पेट्रोल डीलर्स एसोसिएशन (DPDA) द्वारा प्रदूषण नियंत्रण केंद्रों (PUCC) को बंद करने का आह्वान किया गया है।

डीपीडीए के अध्यक्ष निश्चल सिंघानिया ने 'पीटीआई भाषा' को बताया कि पीयूसीसी केंद्रों को चलाना अव्यवहारिक हो गया है। इसलिए एसोसिएशन ने हड़ताल पर जाने का फैसला किया है। उन्होंने कहा कि दिल्ली में 400 पेट्रोल पंप हैं और सभी के पास पेट्रोल पीयूसीसी केंद्र हैं। उनमें से कुछ के पास डीजल पीयूसीसी केंद्र भी हैं जिससे पीयूसी केंद्रों की संख्या करीब 600 हो जाती है।

13 साल बाद शुल्क हुआ है बदलाव

केजरीवाल सरकार ने गुरुवार को करीब 13 साल के अंतराल के बाद पेट्रोल, सीएनजी और डीजल वाहनों के लिए पीयूसी प्रमाणपत्र शुल्क बढ़ा दिया। यह बढ़ोतरी 20 रुपये से 40 रुपये के बीच है। परिवहन मंत्री कैलाश गहलोत ने कहा कि दिल्ली सरकार द्वारा अधिसूचित होते ही नई दरें प्रभावी हो जाएंगी।

कितना बढ़ा है चार्ज

परिवहन मंत्री कैलाश गहलोत ने कहा था कि दो और तीन पहिया वाहनों के लिए शुल्क 60 रुपये से बढ़ाकर 80 रुपये कर दिया गया है, जबकि चार पहिया वाहनों के लिए शुल्क 80 रुपये से बढ़ाकर 100 रुपये कर दिया गया है। परिवहन मंत्री कैलाश गहलोत ने कहा कि दो और तीन पहिया वाहनों के लिए शुल्क 60 रुपये से बढ़ाकर 80 रुपये कर दिया गया है, जबकि चार पहिया वाहनों के लिए शुल्क 80 रुपये से बढ़ाकर 100 रुपये कर दिया गया है। डीजल वाहनों के लिए 100 से बढ़ाकर 140 रुपये किया गया है।

केंद्रीय मोटर वाहन नियम

केंद्रीय मोटर वाहन नियम, 1989 के अनुसार, भारत में सभी मोटर वाहनों के पास पंजीकरण की तारीख से एक वर्ष के बाद वैध PUC (प्रदूषण नियंत्रण में) प्रमाणपत्र होना चाहिए। चार पहिया BS-IV अनुपालन वाहनों के लिए, प्रमाणपत्र एक वर्ष के लिए वैध रहता है, जबकि अन्य के लिए यह तीन महीने के लिए वैध होता है। (इनपुट-भाषा)

Rohit Ojha
Rohit Ojhaauthor

<p>रोहित ओझा Timesnowhindi.com में बतौर सीनियर कॉरस्पॉडेंट सितंबर 2023 से काम कर रहे हैं। यहां पर वो बिजेनस और यूटिलिटी की खबरों पर काम करते हैं। मीडिया इंडस्ट्री में पांच साल से अधिक का अनुभव। चुनावी खबरों से शुरू हुआ पत्रकारिता का सफर फिलहाल स्टॉक मार्केट, इकोनॉमी और पर्सनल फाइनेंस की खबरों के साथ जारी है। डेस्क और फील्ड दोनों में ही काम करने का तजुर्बा। टाइम्स नाऊ नवभारत से पहले अलग-अलग मीडिया संस्थानों में अलग-अलग बीट पर काम कर चुके हैं। अमर उजाला, टीवी9 हिंदी, इंडिया टीवी, आज तक जैसे मीडिया संस्थान में अलग-अलग बीट पर काम कर चुके हैं। स्टॉक मार्केट और इकोनॉमी के साथ-साथ देश की सियासी घटनाओं पर लिखने का अनुभव है। 2019 के आम चुनाव से लेकर तमाम विधानसभा की चुनावी खबरों पर काम किया है। 2019 का क्रिकेट वर्ल्ड कप और आईपीएल की खबरों पर भी काम किया है। किस्से-कहानियों में मन लगता है। शारदा यूनिवर्सिटी से मास-कम्युनिकेशन और जर्नलिज्म किया है। गृह जनपद- बक्सर। साहित्य, सियासत और सिनेमा पर लिखना-पढ़ना खूब पसंद है।</p>

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