Rumesh Tharanga Pathirage: श्रीलंकाई एथलेटिक्स के लिए शनिवार की रात ऐतिहासिक बन गई। 23 वर्षीय जेवलिन थ्रोअर रुमेश थरंगा पथिरागे ने ब्रसेल्स में खेले गए 2026 डायमंड लीग फाइनल में पुरुषों के भाला फेंक स्पर्धा का खिताब जीत लिया है। इसी के साथ वह डायमंड लीग ट्रॉफी जीतने वाले श्रीलंका के पहले एथलीट बन गए हैं।
किंग बाउडौइन स्टेडियम में हुए इस फाइनल में रुमेश ने अपने तीसरे प्रयास में 89.04 मीटर का विजयी थ्रो किया। यह थ्रो पूरे मुकाबले में सबसे लंबा साबित हुआ। पोलैंड के डेविड वेगनर ने 87.47 मीटर के अपने करियर के सर्वश्रेष्ठ थ्रो के साथ दूसरा स्थान हासिल किया, जबकि त्रिनिदाद एंड टोबैगो के पूर्व ओलंपिक चैंपियन केशोर्न वालकॉट 83.99 मीटर के साथ तीसरे नंबर पर रहे।
कॉमनवेल्थ गेम्स में जीता था गोल्ड मेडल
मुकाबले की शुरुआत रुमेश के लिए औसत रही थी। पहले दो थ्रो में वह 80.42 मीटर और 79.73 मीटर ही फेंक पाए। पहले राउंड के बाद वालकॉट 83.99 मीटर के साथ टॉप पर थे। फिर तीसरे राउंड में वेगनर ने 87.47 मीटर फेंककर लीड ले ली। दबाव की इस घड़ी में रुमेश ने दम दिखाया और उसी राउंड में 89.04 मीटर का थ्रो कर सभी को पीछे छोड़ दिया। अपने विनिंग थ्रो के बाद रुमेश ने 85.96 मीटर और 85.76 मीटर के दो और ठोस थ्रो किए। उनका आखिरी थ्रो फाउल रहा, लेकिन तब तक जीत पक्की हो चुकी थी। ग्रेनेडा के एंडरसन पीटर्स 83.70 मीटर के साथ चौथे और केन्या के जूलियस येगो 76.79 मीटर के साथ पांचवें स्थान पर रहे।
इतिहास रचने के बाद क्या बोले रुमेश
खिताब जीतने के बाद रुमेश ने कहा कि ठंडे मौसम ने उन्हें प्रभावित किया। उन्होंने कहा, "मैं इस जीत से बहुत खुश हूं। श्रीलंका जैसे छोटे देश से आकर बड़ी मीट जीतना मेरे लिए बहुत बड़ी बात है। आज मौसम काफी ठंडा और कठिन था, इसलिए मैं और लंबा थ्रो नहीं कर पाया।" गौरतलब है कि भारत के नीरज चोपड़ा चोट के चलते इस फाइनल में नहीं खेले। उन्होंने पिछले हफ्ते ही टूर्नामेंट से नाम वापस ले लिया था। यह साल रुमेश के लिए ब्रेकथ्रू ईयर रहा है। इस सीजन की शुरुआत में उन्होंने कॉमनवेल्थ गेम्स में गोल्ड जीता था और जून में रोम डायमंड लीग में 92.62 मीटर थ्रो कर न सिर्फ नेशनल रिकॉर्ड बनाया था, बल्कि इस साल का सबसे लंबा थ्रो भी फेंका था।
