टीम इंडिया लगातार दूसरी बार भी वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप के फाइनल में पहुंचकर इस खिताब को जीत नहीं पाई। पहली बार न्यूजीलैंड के हाथो उसे हार मिली थी और इस बार ऑस्ट्रेलिया ने पैट कमिंस के नेतृत्व में पटखनी दी। ऑस्ट्रेलिया ने इस मैच को 209 रन के बड़े अंतर से अपने नाम किया और पहली टीम बन गई, जिसके पास आईसीसी के सब खिताब हैं। अब ऑस्ट्रेलिया के पास वर्ल्ड कप, चैंपियंस ट्रॉफी, टी20 वर्ल्ड कप और वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप का खिताब है।
प्लेइंग इलेवन में अश्विन को लेकर सवाल
टीम इंडिया इस मुकाबले को हारी तो सबसे बड़ा सवाल रोहित शर्मा और कोच राहुल द्रविड़ के उस फैसले पर उठा जिसके तहत उन्होंने टेस्ट के नंबर वन गेंदबाज रविचंद्रन अश्विन को प्लेइंग इलेवन से बाहर रखा था। सचिन तेंदुलकर, सौरव गांगुली और वीरेंद्र सहवाग सहित कई क्रिकेटरों ने इस फैसले पर टीम मैनेजमेंट से सवाल खड़े किए थे और लिखा था कि अश्विन जैसे गेंदबाज किसी भी ट्रैक पर विकेट ले सकते हैं।
पहली बार अश्विन ने तोड़ी चुप्पी
टीम से ड्रॉप किए जाने के बाद पहली बार रविचंद्रन अश्विन ने चुप्पी तोड़ी है। उन्होंने एक ट्वीट किया है, जिसमें उन्होंन लिखा है 'इस WTC Final को जीतने के लिए ऑस्ट्रेलिया को बधाई। हमारे पक्ष में निर्णय न आना निराशाजनक है, फिर भी पिछले 2 वर्षों में कड़ी मेहनत कर यहां पहले स्थान पर आना एक बेहतरीन प्रयास था। सभी गड़बड़ी और तीखे आकलन के बीच, मुझे लगता है कि इस सायकल में खेलने वाले मेरे सभी साथियों और सबसे महत्वपूर्ण रूप से कोचिंग और सहायक कर्मचारियों को धन्यवाद देना बहुत महत्वपूर्ण है, जो चट्टान की तरह हमारे साथ डटे रहे।'
2021-23 में अश्विन रहे थे सबसे सफल
अश्विन को इस मैच में मौका न मिलना सच में टीम इंडिया के लिए गलत फैसला साबित हुआ, क्योंकि 2021-23 में वह सर्वाधिक विकेट लेने वाले भारतीय गेंदबाज थे। उन्होंने कुल 61 विकेट झटके। वहीं इस मैच में ऑस्ट्रेलिया के लिए खेल रहे नाथन लियोन ने 5 विकेट झटके जिसमें दूसरी पारी में 4 विकेट शामिल है।
