बुलवायो (जिम्बाब्वे): रचिन रवींद्र, हेनरी निकोल्स और डेवोन कॉन्वे के बड़े शतकों की मदद से जिम्बाब्वे के खिलाफ न्यूजीलैंड ने दूसरे टेस्ट के दूसरे दिन अपनी पहली पारी में तीन विकेट पर रिकॉर्ड 601 रन बना कर 476 रन की बढ़त हासिल कर ली है। मैच के दूसरे दिन का खेल खत्म होते वक्त रवींद्र 139 गेंदों में 21 चौकों और दो छक्कों की मदद से 165 और हेनरी निकोल्स 150 रन बनाकर क्रीज पर मौजूद हैं। निकोल्स ने 245 गेंद की पारी में अब तक 15 चौके लगा चुके हैं। इन दोनों बल्लेबाजों के बीच चौथे विकेट के लिए 285 गेंदों में 256 रनों की नाबाद साझेदारी हो चुकी है।
जिंबाब्वे ने अपने सर्वश्रेष्ठ स्कोर में किया सुधार
न्यूजीलैंड ने अपने इस प्रदर्शन के साथ ही नौ साल पहले इसी मैदान पर जिम्बाब्वे के खिलाफ अपने पिछले सर्वश्रेष्ठ स्कोर चार विकेट 582 में सुधार किया। न्यूजीलैंड ने दिन की शुरुआत एक विकेट पर 174 रन पर करने के बाद खेल के दूसरे दिन दो विकेट गंवाकर 427 रन बनाये। इससे पहले कॉन्वे 153 रन बनाकर ब्लेसिंग मुजरबानी का शिकार बने। उन्होंने दो साल के शतकों का सूखा खत्म करने के दौरान इस पारी में 18 चौके लगाये।
जिंबाब्वे की टीम पहुंची हार की दहलीज पर
जिम्बाब्वे को दिन की पहली सफलता नाइटवॉच मैन जैकब डफी (36) के रूप में मिली। विंसेंट मासेकेसा की गेंद में ब्रायन बेनेट ने शानदार कैच लपक कर उनकी पारी का अंत किया। कॉन्वे और निकोल्स ने इसके बाद तीसरे विकेट के लिए 110 रन की साझेदारी की। कॉन्वे के आउट होने के बाद रवींद्र ने आक्रामक पारी से जिम्बाब्वे के गेंदबाजों की बखिया उधेड दीं। मैच के पहले ही दिन जिम्बाब्वे की टीम पहली पारी महज 125 रन पर सिमट गयी थी। ऐसे में दूसरे दिन ही उसके ऊपर करारी हार का खतरा मंडराने लगा है।
