IND U19 vs ENG U19: इंग्लैंड के खिलाफ अंडर-19 वर्ल्ड कप फाइनल मुकाबले में न केवल वैभव सूर्यवंशी ने रिकॉर्ड्स की झड़ी लगाई, बल्कि आयुष म्हात्रे एंड कंपनी ने भी टूर्नामेंट के इतिहास में एक ऐसा कारनामा अपने नाम कर लिया जो आज से पहले कोई भी टीम नहीं कर पाई थी। टॉस जीतकर भारत ने पहले बल्लेबाजी करने का फैसला किया और 9 विकेट के नुकसान पर 411 रन का पहाड़ सा स्कोर खड़ा कर दिया। यह अंडर-19 वर्ल्ड कप फाइनल का सबसे बड़ा स्कोर है। आज से पहले कोई भी टीम फाइनल में 400 रन का आंकड़ा नहीं पार कर पाई थी। इसी के साथ भारत अंडर-19 वर्ल्ड कप के प्लेऑफ में 350 रन का आंकड़ा छूने वाला पहला देश बन गया है। यह अंडर-19 वर्ल्ड कप में भारत का दूसरा सबसे बड़ा स्कोर भी है। अंडर-19 में भारत का सबसे बड़ा स्कोर 3 विकेट के नुकसान पर 425 रन था जो उसने 22 साल पहले स्कॉटलैंड के खिलाफ बनाया था।
भारत ने तोड़ा अपना ही रिकॉर्ड
आयुष म्हात्रे एंड कंपनी ने प्लेऑफ में सबसे बड़ा टोटल बनाने के मामले में अपना ही रिकॉर्ड तोड़ दिया। इससे पहले, अंडर-19 वर्ल्ड कप के प्लेऑफ में सबसे बड़े स्कोर का रिकॉर्ड भारत के ही नाम था। साल 2016 में फतुल्लाह में नामीबिया के खिलाफ इस टीम ने 349/6 का स्कोर खड़ा किया था। उस मुकाबले में ऋषभ पंत ने 96 गेंदों में 111 रन की पारी खेली थी।
तीसरी बार पार किया 400 प्लस का आंकड़ा
भारतीय टीम ने अंडर-19 वर्ल्ड कप में तीसरी बार 400 का आंकड़ा छुआ है। इससे पहले भारतीय टीम ने 16 फरवरी 2024 को स्कॉटलैंड के विरुद्ध 3 विकेट खोकर 425 रन बनाए थे, जबकि 22 जनवरी 2022 को युगांडा के खिलाफ 5 विकेट खोकर 405 रन का स्कोर खड़ा किया था। अंडर-19 वर्ल्ड कप में सबसे बड़े चेज की बात करें तो यह 311 रन का है, जो भारत ने बुधवार को सेमीफाइनल में अफगानिस्तान के खिलाफ हासिल किया था।
हरारे में आया वैभव का तूफान
सलामी बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी ने 80 गेंदों में 15 चौकों और इतने ही छक्कों के साथ 175 रन की पारी खेली। इस बीच उन्होंने कप्तान आयुष म्हात्रे के साथ 90 गेंदों में 142 रन, जबकि वेदांत त्रिवेदी के साथ 39 गेंदों में 89 रन की साझेदारी की। वैभव ने 175 में से 150 रन बाउंड्री से जुटाए। इस दौरान उन्होंने दूसरे सबसे तेज शतक (55 गेंद में शतक) फाइनल में सबसे बड़ी पारी (175 रन) और एक सीजन में सबसे ज्यादा छक्के (20 छक्के) लगाने का रिकॉर्ड अपने नाम कर लिया।
आयुष म्हात्रे 51 गेंदों में 9 बाउंड्री के साथ 53 रन बनाकर आउट हुए, जबकि अभिज्ञान कुंडू ने 40 रन की पारी खेली। इनके अलावा, कनिष्क चौहान ने अंतिम ओवरों में तेजतर्रार बल्लेबाजी करते हुए भारत को 400 के पार पहुंचाया। उन्होंने 20 गेंदों में 4 बाउंड्री के साथ नाबाद 37 रन की पारी खेली। इंग्लैंड की तरफ से जेम्स मिंटो ने सर्वाधिक 3 विकेट निकाले, जबकि सेबेस्टियन मॉर्गन और एलेक्स ग्रीन ने 2-2 विकेट हासिल किए। एक विकेट मैनी लम्सडेन ने अपने नाम किया।
