मेलबर्न: महान बल्लेबाज इयान चैपल का मानना है कि कप्तानी को लेकर डेविड वॉर्नर पर लगा आजीवन प्रतिबंध हटाने का कोई मतलब नहीं है क्योंकि अब कप्तानी की उनकी उम्र निकल चुकी है। चैपल ने कहा कि 36 वर्षीय वॉर्नर को सही समय पर कप्तानी सौंपी गई होती तो वह अच्छे कप्तान होते।
उन्होंने चैनल नाइन के ‘वाइड वर्ल्ड आफ स्पोटर्स ’ कार्यक्रम में कहा, ‘‘क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया अगर वॉर्नर के कप्तानी करने पर लगा प्रतिबंध हटा भी देता है तो उससे क्या होगा। वॉर्नर किसी भी ऑस्ट्रेलियाई टीम का कप्तान तो बनने नहीं जा रहे। उसकी उम्र निकल चुकी है।’’ उन्होंने कहा, ‘‘कप्तान युवा होना चाहिये ताकि मोर्चे से अगुवाई कर सके।’’
ऑस्ट्रेलिया के पूर्व कप्तान का मानना है कि वॉर्नर यह प्रतिबंध इसलिये हटवाना चाहते हैं क्योंकि उनकी ख्वाहिश बिग बैश लीग में सिडनी थंडर्स की कप्तानी करने की है। उन्होंने कहा, ‘‘डेविड बीबीएल टीम की कप्तानी करना चाहता है। वह सिडनी थंडर्स के लिये बहुत अच्छा कप्तान रहा है। इसलिये वह प्रतिबंध हटवाना चाहता होगा।’’
इस पूरे मामले पर क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया के रवैये के बारे में उन्होंने कहा, ‘‘क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया खिलाड़ियों के हित में कुछ नहीं करता है। यह अपने आपको बचाने की कवायद में ही लगा रहता है। यह मामला उसका एक और उदाहरण है।’’
