Tulsi Vivah Geet: जो लोग कार्तिक शुक्ल एकादशी या द्वादशी पर तुलसी विवाह नहीं कर पाएं हैं अब वो ये अनुष्ठान 15 नवंबर को कार्तिक पूर्णिमा के दिन करेंगे।कहते हैं जो इंसान कार्तिक पूर्णिमा को तुलसी जी का विवाह शालिग्राम भगवान के साथ कराता है उसके जीवन में सुख-समृद्धि की कभी कमी नहीं होती। जिन लोगों के वैवाहिक जीवन में अड़चन आ रही हो उनके लिए भी तुलसी विवाह का आयोजन बेहद लाभकारी माना जाता है। वहीं जिन लोगों की बेटी नहीं होती उन्हें भी अपने जीवन में एक न एक बार तुलसी विवाह का आयोजन जरूर कराना चाहिए। चलिए आपको बताते हैं तुलसी विवाह के समय कौन से गीत गाए जाते हैं।
तुलसी विवाह गीत (Tulsi Vivah Geet)
नमो नमो तुलसा महारानी,
नमो नमो हर जी पटरानी।
कौन से महीने बीज को बोया,
तो कोनसे महीने में हुई हरियाली ।
नमो नमो….
सावन में मैया बीज को बोया ,
तो भादो मास हुई हरियाली ।
नमो नमो….
कौन से महीने में हुई तेरी पूजा तो,
कौन से महीने में हुई पटरानी ।
नमो नमो….
कार्तिक में हुई तेरी पूजा,
तो मंगसर मास हुई पटरानी ।
नमो नमो….
बाई तुलसी थे जपतप कीन्हा,
सालगराम हुई पटरानी ।
नमो नमो….
बारह बरस जीजी कार्तिक नहाई,
सालगराम हुई पटरानी ।
नमो नमो….
छप्पन भोग धरे हरि आगे,
तो बिन तुलसा हरि एक न मानी ।
नमो नमो….
सांवरी सखी मईया तेरो जस गावे ,
तो चरणा में वासो छीजो महारानी।
नमो नमो तुलसा महारानी
नमो नमो हर जी पटरानी।
तुलसी विवाह के भजन (Tulsi Vivah Bhajan)
मेरी प्यारी तुलसा जी बनेंगी दुल्हनियां...
सजके आयेंगे दूल्हे राजा।
देखो देवता बजायेंगे बाजा...
सोलह सिंगार मेरी तुलसा करेंगी।
हल्दी चढ़ेगी मांग भरेगी...
देखो होठों पे झूलेगी नथनियां।
देखो देवता...
देवियां भी आई और देवता भी आए।
साधु भी आए और संत भी आए...
और आई है संग में बरातिया।
देखो देवता...
गोरे-गोरे हाथों में मेहंदी लगेगी...
चूड़ी खनकेगी ,वरमाला सजेगी।
प्रभु के गले में डालेंगी वरमाला।
देखो देवता...
लाल-लाल चुनरी में तुलसी सजेगी...
आगे-आगे प्रभु जी पीछे तुलसा चलेगी।
देखो पैरो में बजेगी पायलियां।
देखो देवता...
सज धज के मेरी तुलसा खड़ी है...
डोली मंगवा दो बड़ी शुभ घड़ी है।
देखो आंखों से बहेगी जलधारा।
देखो देवता...
तुलसी विवाह गाना (Tulsi Vivah Gana)
मेरे अंगना में तुलसी का ब्याह सखियों
पत्ते पत्ते पे मोहन का नाम सखियों
आज तुलसी का सोलह सृंगार सखियों
पत्ते पत्ते पे मोहन का नाम सखियों
तुलसी के ब्याह में गणपत जी आये
गणपत जी आये संग में रिद्धि सिद्धि लाये
रिद्धि सिद्धि बरसाये सुहाग सखियों
पत्ते पत्ते पे मोहन का नाम सखियों
मेरे अंगना में तुलसी का ब्याह सखियों
पत्ते पत्ते पे मोहन का नाम सखियों
तुलसी के ब्याह में भोले जी आये
भोले जी आये संग में गौरा को लाये
गौरा रानी बरसाये सुहाग सखियों
पत्ते पत्ते पे मोहन का नाम सखियों
मेरे अंगना में तुलसी का ब्याह सखियों
पत्ते पत्ते पे मोहन का नाम सखियों
तुलसी के ब्याह में विष्णु जी आये
विष्णु जी आये संग में लक्ष्मी जी को लाये
लक्ष्मी जी बरसाये सुहाग सखियों
पत्ते पत्ते पे मोहन का नाम सखियों
मेरे अंगना में तुलसी का ब्याह सखियों
पत्ते पत्ते पे मोहन का नाम सखियों
तुलसी के ब्याह में रामा जी आये
रामा जी आये संग में सीता जी को लाये
सीताजी बरसाये सुहाग सखियों
पत्ते पत्ते पे मोहन का नाम सखियों
मेरे अंगना में तुलसी का ब्याह सखियों
पत्ते पत्ते पे मोहन का नाम सखियों
