Surya Guru Dashank Yog 2026: ज्योतिष में सूर्य को पद, प्रतिष्ठा, नेतृत्व, प्रशासन और सेल्फ कॉन्फिडेंस का कारक माना जाता है, जबकि गुरु ज्ञान, शिक्षा, धन, भाग्य और विस्तार से जुड़े ग्रह हैं। 15 सितंबर 2026 की शाम 5 बजकर 8 मिनट पर सूर्य और गुरु एक-दूसरे से 36 डिग्री पर आ गए हैं। इससे दोनों ग्रहों के बीच दशांक योग का निर्माण हुआ है।
इस समय सूर्य सिंह राशि में और गुरु कर्क राशि में मौजूद हैं। सूर्य अपनी राशि सिंह में होने के कारण मजबूत स्थिति में हैं, जबकि गुरु कर्क राशि में उच्च के माने जाते हैं। दोनों ग्रहों की यह स्थिति दशांक योग के प्रभाव को ज्योतिषीय नजर से महत्वपूर्ण बनाती है।
इस योग का असर करीब 2 से 4 हफ्तों तक देखने को मिल सकता है। हालांकि इस दौरान एक बड़ा राशि परिवर्तन भी होने वाला है। 17 सितंबर को सूर्य सिंह राशि से निकलकर कन्या राशि में प्रवेश कर जाएंगे। ऐसे में सूर्य की राशि बदलने के बाद योग के फल में भी बदलाव आएगा और राशियों पर इसका असर अलग तरीके से दिखाई दे सकता है।
सूर्य और गुरु की मजबूत स्थिति से क्यों है यह योग खास
सूर्य का सिंह राशि में होना उनकी मजबूत स्थिति मानी जाती है। सिंह सूर्य की अपनी राशि है और यह नेतृत्व, अधिकार, प्रशासन और प्रतिष्ठा से जुड़ी है। वहीं गुरु कर्क राशि में उच्च के माने जाते हैं। गुरु की यह स्थिति ज्ञान, भाग्य, शिक्षा और आर्थिक मामलों को मजबूती देने वाली मानी जाती है।
सूर्य और गुरु दोनों ही ज्योतिष में महत्वपूर्ण ग्रह हैं। सूर्य व्यक्ति को पहचान और अधिकार दिलाने की क्षमता रखते हैं, जबकि गुरु सही मार्गदर्शन और अवसरों का विस्तार करते हैं। ऐसे में दोनों के बीच बना दशांक योग कुछ राशियों के लिए करियर, धन, शिक्षा और सामाजिक प्रतिष्ठा के लिहाज से सकारात्मक रह सकता है।
मेष राशि
मेष राशि वालों के लिए यह समय करियर और पर्सनल लाइफ दोनों के लिहाज से महत्वपूर्ण रह सकता है। सूर्य आपके पंचम भाव में प्रभाव डाल रहे हैं, जबकि गुरु चौथे भाव में हैं। पंचम भाव बुद्धि, शिक्षा, क्रिएटिविटी और संतान से जुड़ा होता है, वहीं चौथा भाव घर, प्रॉपर्टी, सुख-सुविधाओं और मानसिक शांति का माना जाता है।
इस दौरान स्टूडेंट्स पढ़ाई में बेहतर फोकस कर सकते हैं। प्रतियोगी परीक्षा की तैयारी कर रहे लोगों को अच्छे रिजल्ट मिल सकते हैं। जॉब में अपनी स्किल दिखाने का मौका मिलेगा और किसी महत्वपूर्ण प्रोजेक्ट की जिम्मेदारी भी मिल सकती है। प्रॉपर्टी से जुड़ा कोई पुराना मामला आगे बढ़ सकता है।
17 सितंबर के बाद सूर्य के कन्या राशि में जाने से आपके लिए जॉब, सर्विस और रोजमर्रा के कामकाज से जुड़े मामलों पर फोकस बढ़ेगा। इस समय अपनी मेहनत और रूटीन को मजबूत रखना आपके लिए फायदेमंद रहेगा।
उपाय: रोज सुबह सूर्य देव को तांबे के पात्र से जल अर्पित करें।
कर्क राशि
कर्क राशि वालों के लिए यह योग काफी शुभ माना जा सकता है क्योंकि गुरु आपकी राशि में ही मौजूद हैं और कर्क में गुरु उच्च के माने जाते हैं। सूर्य आपके दूसरे भाव में हैं, जो धन, सेविंग, परिवार और वाणी से जुड़ा है।
इस दौरान इनकम से जुड़े मामलों में सुधार देखने को मिल सकता है। जॉब करने वालों को सैलरी, इंसेंटिव या किसी अन्य आर्थिक लाभ से जुड़ी अच्छी खबर मिल सकती है। बिजनेस करने वालों को पुराने संपर्कों से फायदा मिल सकता है।
आपकी बातचीत का असर बढ़ेगा और सही तरीके से अपनी बात रखने पर कोई महत्वपूर्ण काम पूरा हो सकता है। परिवार में भी कोई शुभ खबर मिल सकती है। 17 सितंबर के बाद सूर्य के कन्या राशि में आने पर आपकी कम्युनिकेशन और नेटवर्किंग से जुड़े कामों में तेजी आ सकती है। इस समय किसी नई स्किल को सीखना भी आगे चलकर फायदा दे सकता है।
उपाय: गुरुवार को भगवान विष्णु की पूजा करें और पीली दाल का दान करें।
सिंह राशि
सिंह राशि वालों के लिए यह योग खास महत्व रखता है क्योंकि सूर्य आपकी राशि में ही मौजूद हैं। सूर्य का अपनी राशि में होना सेल्फ कॉन्फिडेंस, नेतृत्व क्षमता और फैसले लेने की ताकत को बढ़ाने वाला माना जाता है।
जॉब में आपकी मेहनत वरिष्ठ अधिकारियों की नजर में आ सकती है। प्रमोशन या नई जिम्मेदारी मिलने के योग बन सकते हैं। मीडिया, मैनेजमेंट, प्रशासन, पब्लिक डीलिंग और नेतृत्व से जुड़े काम करने वालों के लिए यह समय खास तौर पर अच्छा रह सकता है। बिजनेस करने वालों को नए क्लाइंट या किसी महत्वपूर्ण व्यक्ति का सपोर्ट मिल सकता है। लंबे समय से अटके किसी काम को आगे बढ़ाने का मौका भी मिल सकता है।
हालांकि 17 सितंबर को सूर्य कन्या राशि में चले जाएंगे, जिसके बाद आपका फोकस पैसा, सेविंग और फैमिली से जुड़े मामलों पर अधिक रहेगा। इस तारीख से पहले मिले प्रोफेशनल अवसरों का सही इस्तेमाल करना आपके लिए बेहतर रहेगा।
उपाय: रविवार को सूर्य देव को जल अर्पित करें और आदित्य हृदय स्तोत्र का पाठ करें।
वृश्चिक राशि
वृश्चिक राशि वालों के लिए सूर्य करियर से जुड़े भाव को मजबूत कर रहे हैं। सूर्य का प्रभाव आपके दसवें भाव पर पड़ रहा है, जो जॉब, बिजनेस, पद और प्रोफेशनल पहचान का मुख्य भाव माना जाता है।
इस दौरान आपकी मेहनत का रिजल्ट मिल सकता है। ऑफिस में जिम्मेदारी बढ़ने के साथ आपकी पहचान भी मजबूत हो सकती है। वरिष्ठ अधिकारियों का सहयोग मिलेगा और किसी बड़े प्रोजेक्ट की जिम्मेदारी मिलने के योग बन सकते हैं।
बिजनेस करने वाले लोगों को नई डील, नया क्लाइंट या कारोबार बढ़ाने का मौका मिल सकता है। सरकारी काम से जुड़े लोगों के लिए भी समय उपयोगी रह सकता है। 17 सितंबर के बाद सूर्य के कन्या राशि में जाने से इनकम और नेटवर्किंग से जुड़े मामलों में फायदा मिल सकता है। किसी प्रभावशाली व्यक्ति से संपर्क आपके करियर को आगे बढ़ाने में मदद कर सकता है।
उपाय: रविवार को गुड़ का दान करें और सूर्य देव को जल चढ़ाएं।
धनु राशि
धनु राशि के स्वामी गुरु हैं और इस समय गुरु कर्क राशि में उच्च के माने जाते हैं। सूर्य आपके भाग्य और उच्च शिक्षा से जुड़े क्षेत्र को प्रभावित कर रहे हैं। ऐसे में यह समय स्टूडेंट्स के लिए काफी अच्छा रह सकता है।
उच्च शिक्षा, प्रतियोगी परीक्षा और नई स्किल सीखने की दिशा में आगे बढ़ रहे लोगों को अच्छे अवसर मिल सकते हैं। विदेश में पढ़ाई या जॉब से जुड़ी योजना बना रहे लोगों को भी सकारात्मक खबर मिल सकती है।
जॉब में नई जिम्मेदारी मिलने के साथ करियर ग्रोथ का रास्ता खुल सकता है। बिजनेस करने वालों को किसी अनुभवी व्यक्ति की सलाह से फायदा हो सकता है। 17 सितंबर के बाद सूर्य के कन्या राशि में आने पर करियर से जुड़े मामलों में इसका प्रभाव और बढ़ सकता है। ऐसे में अगले कुछ हफ्तों में प्रोफेशनल लाइफ में कोई महत्वपूर्ण बदलाव देखने को मिल सकता है।
उपाय: गुरुवार को भगवान विष्णु की पूजा करें और केले के पेड़ को जल अर्पित करें।
डिसक्लेमर: यहां दी गई जानकारी ज्योतिष शास्त्र पर आधारित है और ज्योतिष विद्या के अच्छे जानकार लेखक द्वारा विश्लेषण करके दी गई है। यह केवल सूचना के लिए दी जा रही है। आपके ऊपर इसका प्रभाव आपकी व्यक्तिगत जन्मकुंडली में ग्रहों की स्थिति और महादशाओं पर भी निर्भर करेगा। Times Now Navbharat इसकी पुष्टि नहीं करता है।
