Simha Sankranti 2023 Date: हिंदू कैलेंडर में कुल 12 संक्रांतियां (Sankranti) होती हैं। हिंदू पंचांग के अनुसार संक्रांति का अर्थ है सूर्य का एक राशि से दूसरी राशि में जाना। भारत के कुछ हिस्सों में जहां हर संक्रांति (Simha Sankranti 2023 Date) को एक महीने की शुरुआत के रूप में चिह्नित किया जाता है, तो वहीं दूसरी ओर कुछ अन्य हिस्सों में संक्रांति को प्रत्येक महीने के अंत के रूप में और अगले दिन को एक नए महीने की शुरुआत के रूप में चिह्नित किया जाता है। सिंह संक्रांति (Simha Sankranti) एक साल में आने वाले 12 संक्रांतियों में से एक है। इसे हिंदू माह श्रावण की शुरुआत (Simha Sankranti 2023) के रूप में भी मनाया जाता है।
17 अगस्त को है इस साल सिंह संक्रांति
इस साल सिंह संक्रांति 17 अगस्त को पड़ रही है। 17 अगस्त को सुबह 06 बजकर 44 मिनट से सिंह संक्रांति की तिथि शुरू होगी और ये 18 अगस्त को दोपहर 1 बजकर 44 मिनट तक रहेगी। ये दिन भगवान विष्णु, भगवान नरसिम्हा और भगवान सूर्य की पूजा को समर्पित है। भारत के उत्तरी और दक्षिणी हिस्से इस दिन को बहुत उत्साह के साथ मनाते हैं। भक्तों का मानना है कि ये दिन शांति और समृद्धि लाकर व्यक्ति के जीवन से ग्रह और दोषों को समाप्त करता है। साथ ही ये दिन लोगों के जीवन पर सकारात्मक प्रभाव पैदा करके उनके करियर में स्थिरता भी लाता है।व्यापारियों और व्यवसाय से जुड़े लोगों के लिए दिन सौभाग्य लेकर आता है। साथ ही ये लोगों के जीवन में अच्छा स्वास्थ्य भी लाता है। सिंह संक्रांति पर गाय का घी खाया जाता है। माना जाता है कि जो भी व्यक्ति इस दिन गाय के घी का सेवन करता है उसकी बल, बुद्धि, ऊर्जा और याददाश्त में वृद्धि होती है। ये त्योहार मुख्य रूप से भारत के दक्षिणी राज्यों में मनाया जाता है, उत्तराखंड के कुमाऊं क्षेत्र के लोग भी इस दिन को बड़े ही धूमधाम से मनाते हैं।
सिंह संक्रांति तमिलनाडु, केरल, कर्नाटक और आंध्र प्रदेश के मंदिरों में व्यापक रूप से मनाया जाता है। मलयालम कैलेंडर बताता है कि सिंह संक्रांति चिंगा महीने की शुरुआत है। वहीं तमिल कैलेंडर अवनी माह और बंगाली कैलेंडर भाद्र माह की शुरुआत मानता है।
