Shiv Ji Ke Bhajan
Sawan 2024 Shiv Ji Ke Bhajan (शिवजी के भजन): सावन महीना शिव की पूजा के लिए खास माना जाता है। इस पूरे महीने भक्त सुबह-शाम शिव जी की विधि विधान पूजा करते हैं। मंदिरों में भी इस मौके पर भक्तों की भारी भीड़ उमड़ती है। चारों तरफ शिव के जयकारों और भजनों की गूंज सुनाई देती है। चल रे कावरिया शिव के धाम, शिव शंकर को जिसने पूजा तमाम ऐसे भजन हैं जो सावन के महीने में खूब सुने जाते हैं। चलिए देखते हैं सावन के सुपरहिट भजनों की लिस्ट।
चाहे छाए हो बादल काले,
चाहे पाँव में पड़ जाय छाले,
चल रे कावड़िया शिव के धाम,
चाहे आग गगन से बरसे,
चाहे पानी को मन तरसे,
चल रे कावडिया शिव के धाम,
चल रे कावडिया शिव के धाम,
बोल बम बोल बम बोल बम बोल,
तेरा कुछ ना लगेगा मोल ॥
कावड़ कान्धे धर के बना तू,
शिव नाम को जोगी,
मन में रख भरोसा तुझ पे,
शिव की करुणा होगी,
शिव की करुणा होगी,
कावड़ साधना है न्यारी,
कावड़ शिव को बहुत प्यारी,
चल रे कावडिया शिव के धाम,
चल रे कावडिया शिव के धाम,
बोल बम बोल बम बोल बम बोल,
तेरा कुछ ना लगेगा मोल ॥
कावड़ के इस तप से तूने,
ऐसा पारस होना,
मिट्टी को तेरा हाथ लगे तो,
वो भी बन जाये सोना,
वो भी बन जाये सोना,
आगे बढ़ता जा तु प्यारे,
बाबा तेरी बाट निहारे,
चल रे कावडिया शिव के धाम,
चल रे कावडिया शिव के धाम,
बोल बम बोल बम बोल बम बोल,
तेरा कुछ ना लगेगा मोल ॥
गंगा जी का पावन जल जो,
शिव को अर्पण करता,
अश्वमेध के यज्ञ बराबर,
उसको फल है मिलता,
उसको फल है मिलता,
शिव है तीन लोक का दाता,
शिव है सिरजनहार विधाता,
चल रे कावडिया शिव के धाम,
चल रे कावडिया शिव के धाम,
बोल बम बोल बम बोल बम बोल,
तेरा कुछ ना लगेगा मोल ॥
चाहे छाय हो बादल काले,
चाहे पाँव में पड़ जाय छाले,
चल रे कावड़िया शिव के धाम,
चाहे आग गगन से बरसे,
चाहे पानी को मन तरसे,
चल रे कावडिया शिव के धाम,
चल रे कावडिया शिव के धाम,
बोल बम बोल बम बोल बम बोल,
तेरा कुछ ना लगेगा मोल ॥
शिव शंकर को जिसने पूजा,
उसका ही उद्धार हुआ ।
अंत काल को भवसागर में,
उसका बेडा पार हुआ ॥
भोले शंकर की पूजा करो,
ध्यान चरणों में इसके धरो ।
हर हर महादेव शिव शम्भू,
हर हर महादेव शिव शम्भू ।
हर हर महादेव शिव शम्भू...
डमरू वाला है जग में दयालु बड़ा
दीन दुखियों का देता जगत का पिता ॥
सब पे करता है ये भोला शंकर दया
सबको देता है ये आसरा ॥
इन पावन चरणों में अर्पण,
आकर जो इक बार हुआ,
अंतकाल को भवसागर में,
उसका बेडा पार हुआ,
हर हर महादेव शिव शम्भू,
हर हर महादेव शिव शम्भू ।
हर हर महादेव शिव शम्भू...
नाम ऊँचा है सबसे महादेव का,
वंदना इसकी करते है सब देवता ।
इसकी पूजा से वरदान पातें हैं सब,
शक्ति का दान पातें हैं सब।
नाथ असुर प्राणी सब पर ही,
भोले का उपकार हुआ ।
अंत काल को भवसागर में,
उसका बेडा पार हुआ॥
शिव शंकर को जिसने पूजा,
उसका ही उद्धार हुआ ।
अंत काल को भवसागर में,
उसका बेडा पार हुआ ॥
भोले शंकर की पूजा करो,
ध्यान चरणों में इसके धरो ।
हर हर महादेव शिव शम्भू,
हर हर महादेव शिव शम्भू ।
हर हर महादेव शिव शम्भू...
सुबह सुबह ले शिव का नाम,
कर ले बन्दे यह शुभ काम ।
सुबह सुबह ले शिव का नाम,
शिव आयेंगे तेरे काम ॥
ॐ नमः शिवाय, ॐ नमः शिवाय,
ॐ नमः शिवाय...
खुद को राख लपेटे फिरते,
औरों को देते धन धाम ।
देवो के हित विष पी डाला,
नीलकंठ को कोटि प्रणाम ॥
॥ सुबह सुबह ले शिव...॥
शिव के चरणों में मिलते है,
सारी तीरथ चारो धाम ।
करनी का सुख तेरे हाथों,
शिव के हाथों में परिणाम ॥
॥ सुबह सुबह ले शिव...॥
शिव के रहते कैसी चिंता,
साथ रहे प्रभु आठों याम ।
शिव को भजले सुख पायेगा,
मन को आएगा आराम ॥
॥ सुबह सुबह ले शिव...॥
सुबह सुबह ले शिव का नाम,
कर ले बन्दे यह शुभ काम ।
सुबह सुबह ले शिव का नाम,
शिव आयेंगे तेरे काम ॥