Sakat Chauth 2026 Shubh Yog Aur Puja Muhurat: आज 6 जनवरी 2026, मंगलवार की सुबह 8 बजकर 1 मिनट पर माघ माह के कृष्ण पक्ष की चतुर्थी तिथि लग गई है। इसके साथ ही सकट चौथ का पावन व्रत की भी शुरुआत हो चुकी है। यह व्रत संतान की लंबी आयु, स्वास्थ्य और सुख-समृद्धि की कामना से भगवान गणेश और सकट माता को समर्पित होता है। इस वर्ष सकट चौथ का आगाज कई दुर्लभ शुभ योगों के साथ हो रहा है, जो पूजा और व्रत को दोगुना फलदायी बना रहा है।
पंचांग के अनुसार, सुबह 8 बजकर 1 मिनट से माघ मास के कृष्ण पक्ष की चतुर्थी तिथि के प्रारंभ के समय प्रीति और सर्वार्थ सिद्धि योग जैसे दो शुभ योगों का संयोग बना हुआ है। इस शुभ संयोग में पूजा करने से भगवान गणेश की विशेष कृपा प्राप्त होती है और संकटों से मुक्ति मिलती है। आइए जानते हैं इन शुभ योगों के बारे में और पूजा का सही समय क्या है?
सकट चौथ पर बन रहे हैं शुभ योग
इस दिन कई शुभ योगों का संयोग बन रहा है, जो व्रत को अत्यंत पुण्यदायी बना रहा है।
- सर्वार्थ सिद्धि योग: सुबह 07:15 बजे से दोपहर 12:17 बजे तक रहेगा।
- प्रीति योग: प्रातःकाल से शाम 08:21 बजे तक रहेगा। मिलेगा।
- आयुष्मान योग: शाम 08:21 बजे के बाद शुरू होगा।
इन मुहूर्तों में गणेश जी की पूजा करने से व्रत का फल दोगुना हो जाता है। इसके साथ ही संतान रक्षा, बाधा निवारण और परिवार सुख की प्राप्ति होती है।
इन योगों में पूजा करने से मिलेंगे ये लाभ
सर्वार्थ सिद्धि योग में पूजा करने से सभी कार्य सिद्ध होते हैं और जीवन में स्थिरता आती है। प्रीति योग प्रेम और सौहार्द बढ़ाता है, जो वैवाहिक और पारिवारिक सुख के लिए उत्तम है। आयुष्मान योग स्वास्थ्य और लंबी आयु देता है। इन योगों में भगवान गणेश को तिल-गुड़ का भोग लगाने और व्रत कथा सुनने से संकट दूर होते हैं और घर में सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।
इस प्रकार करें पूजा
सुबह सर्वार्थ सिद्धि योग में गणेश पूजा शुरू करें। शाम या रात में आयुष्मान योग में चंद्रोदय के समय अर्घ्य दें और पारण करें।
