अध्यात्म

Kharmas 2023: खरमास कब से कब तक रहेगा, जानें इस दौरान क्या करें और क्या न करें

  • Authored by: सुजीत जी महाराजEdited by: लवीना शर्मा
  • Updated Mar 16, 2023, 07:56 AM IST

Kharmas 2023: खरमास लग गया है। ये वो अशुभ अवधि होती है जिस दौरान सभी मांगलिक कार्यों पर रोक लग जाती है। जानिए खरमास कब तक रहेगा और इस दौरान किन कार्यों पर रहेगी पाबंदी।

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खरमास 2023 में भूलकर भी न करें ये कार्य

Kharmas 2023: दिनांक 15 मार्च से एक माह तक खरमास रहेगा। यह 15 अप्रैल तक रहेगा। इस मध्य कोई भी शुभ कार्य तथा विवाह इत्यादि नहीं होंगे। धार्मिक अनुष्ठान का महत्व ज्यादा रहता है। इसी खरमास में चैत्र नवरात्र भी आता है।शक्ति पूजा होती है। माता दुर्गा की उपासना व दुर्गासप्तशती का पाठ होता है। यह समय आध्यात्मिक ऊर्जा प्राप्त करने का है। पुण्य प्राप्ति का है।

क्या होता है खरमास (What Is Kharmas, Kharmas Me Kya Na Kare)

जब सूर्य गुरु की राशि धनु या मीन में आता है तो गुरु अस्त होने के कारण कोई भी शुभ कार्य करना अनुचित होता है। बृहस्पति के बलहीन होने के कारण एक माह कोई भी मांगलिक कार्य नहीं होते हैं। इस माह सूर्य की मीन संक्रांति 15 मार्च को है जो 15 अप्रैल के बाद समाप्त होगी।

खरमास में क्या मत करें...

1-मुंडन खरमास में नहीं होते।

2-विवाह या कोई भी मांगलिक कार्य नहीं होगा।

3-इस बीच बेटी या बहू की बिदाई नहीं होती है।

4-नवीन गृह प्रवेश नहीं होगा।

5-किसी व्यावसायिक प्रतिष्ठान का शुभारंभ नहीं होगा।

खरमास में क्या करें (Kharmas Me Kya Kare)

खरमास में सूर्य गुरु की राशि में रहते हैं। इस संक्रांति में सूर्य मीन में रहेंगे।इस बीच सूर्य उपासना करनी चाहिए। प्रतिदिन तीन बार श्री आदित्यहृदयस्तोत्र का पाठ करना चाहिए। श्री विष्णुसहस्त्रनाम का पाठ करना चाहिये। एक बात स्मरण रहे कि नित्य पूजा वैसे ही चलेगी। आप तीर्थ यात्रा भी कर सकते हैं।खरमास में अन्न दान का बहुत महत्व है। अन्न तथा वस्त्र का दान करें।पिता का प्रतिदिन चरण स्पर्श कर आशीर्वाद प्राप्त करें। गुरु का आशीर्वाद लें।गायत्री मंत्र का जप करें। इस समय गुरु भी मीन में ही गोचर कर रहा है। अतः प्रत्येक गुरुवार को भगवान विष्णु जी की पूजा करें तथा श्री विष्णुसहस्रनाम का पाठ करें।

सुजीत जी महाराज
सुजीत जी महाराजauthor

सुजीत जी महाराज ज्योतिष और वास्तु विज्ञान एक्सपर्ट हैं जिन्हें 20 वर्षों का ज्योतिष, तंत्र विज्ञान का अनुभव हासिल हैं। 25000 से ऊपर लेख देश के कई बड़े पत्र पत्रिकाओं में प्रकाशित हो चुके हैं और कई बड़े पुरस्कार भी प्राप्त कर चुके हैं जिसमें ,एक अमेरिका के संस्था से भी प्राप्त है। यह गणित के साथ फलित ज्योतिष पर भी पकड़ रखते हैं और ज्योतिष के क्षेत्र में इन्हें कई सम्मान मिल चुके हैं।

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