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Kartik Purnima Puja Vidhi: कार्तिक पूर्णिमा के दिन कैसे करें पूजा, जानिए स्टेप बाय स्टेप पूरी जानकारी

Kartik Purnima Puja Vidhi: कार्तिक पूर्णिमा के दिन देव दिवाली और गुरु नानक जयंती भी मनाई जाती है। इस पूर्णिमा का सनातन धर्म में विशेष महत्व माना जाता है। इस पवित्र दिन पर गंगा नदी में स्नान करना बेहद शुभ फलदायी होता है। यहां आप जानेंगे कार्तिक पूर्णिमा की पूजा विधि।

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Kartik Purnima Puja Vidhi

Kartik Purnima Puja Vidhi (कार्तिक पूर्णिमा पूजा विधि): कार्तिक पूर्णिमा के दिन भगवान विष्णु की पूजा की जाती है। हिंदू धार्मिक मान्यताओं अनुसार इस दिन भगवान विष्णु ने मत्सयावतार लिया था। ऐसे में जो भी व्यक्ति इस दिन गंगा स्नान करने के बाद दान पुण्य के कार्य करता है उसे अक्षय पुण्य की प्राप्ति होती है। इसके अलावा कार्तिक पूर्णिमा पर भगवान सत्यनारायण की पूजा का भी विशेष महत्व होता है। इसलिए इस पूर्णिमा पर कई लोग घर में सत्यनारायण कथा कराते हैं। इस साल कार्तिक पूर्णिमा 15 नवंबर को मनाई जाएगी। जानिए इसकी पौराणिक कथा।

कार्तिक पूर्णिमा पूजा विधि (Kartik Purnima Puja Vidhi)

  • कार्तिक पूर्णिमा के दिन सुबह जल्दी उठकर व्रत का संकल्प लें और फिर किसी पवित्र नदी में स्नान करें। अगर ऐसा कर पाना संभव नहीं है तो आप घर में ही नहाने के पानी में थोड़ा सा गंगाजल डालकर उससे स्नान जरूर करें।
  • चंद्रोदय होने पर शिव, संभूति, संतति, प्रीति, अनसूया और क्षमता इन 6 कृतिकाओं की विधि विधान पूजा करें।
  • इस दिन बैल, गाय, हाथी, घोड़ा, रथ या घी का दान करना बेहद शुभ माना जाता है।
  • इस दिन रात्रि जागरण का भी विशेष महत्व होता है।
  • कार्तिक पूर्णिमा पर जरूरतमंद लोगों को भोजन अवश्य कराना चाहिए। साथ ही इस दिन हवन भी करना चाहिए।
  • इस दिन यमुना जी पर कार्तिक स्नान का समापन करके राधा-कृष्ण का पूजन और दीपदान करने की भी परंपरा है।
Kartik Purnima Rangoli Design

कार्तिक पूर्णिमा के दिन क्या करें (Kartik Purnima Par Kya Kare)

इस दिन सत्यनारायण कथा का पाठ करवाने की सलाह दी जाती है। कहते हैं इससे घर में सुख-समृद्धि आरती है। इसके अलावा इस दिन दीपदान करना भी शुभ माना जाता है। इससे मां लक्ष्मी की विशेष कृपा प्राप्त होती है।

Laveena Sharma
लवीना शर्माauthor

धरती का स्वर्ग कहे जाने वाले जम्मू-कश्मीर की रहने वाली हूं। पत्रकारिता में पोस्ट ग्रेजुएट हूं। 10 साल से मीडिया में काम कर रही हूं। पत्रकारिता में करियर की शुरुआत न्यूज 24 से हुई। इसके बाद तमाम चैनलों में काम किया। जहां स्क्रिप्ट राइटिंग, एडिटिंग और एंकरिंग का अनुभव हासिल हुआ। रफ्तार यहीं नहीं रूकी अब चाह थी कुछ नया करने की जिसके लिए मैंने डिजिटल मीडिया में स्विच किया और मैं जनसत्ता से जुड़ गई। जनसत्ता में मैंने अध्यात्म सेक्शन लीड किया। इसके बाद पत्रिका में सेवाएं दी और अब timesnowhindi.com से जु़ड़ी हूं। यहां भी मैं अध्यात्म सेक्शन में कार्यरत हूं। भारतीय संस्कृति, अध्यात्म और ज्योतिष शास्त्र में मेरा शुरू से ही लगाव रहा है। मेरी कोशिश रहती है कि मैं ऐसा कंटेट लिखूं जिससे बड़े बुजुर्ग ही नहीं बल्कि आज के युवा भी कनेक्ट कर सकें।

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