Bada Mangal 2026 : ज्येष्ठ माह के मंगलवार को सनातन धर्म में बेहद पवित्र माना जाता है। इन मंगलवारों को “बड़ा मंगल” या “बुढ़वा मंगल” कहा जाता है। मान्यता है कि इस दिन सच्चे मन से बजरंगबली की पूजा करने से जीवन के संकट दूर होते हैं और भक्तों की मनोकामनाएं पूरी होती हैं। 19 मई 2026 को ज्येष्ठ माह का तीसरा बड़ा मंगल मनाया जा रहा है। इस दिन हनुमान जी की विशेष पूजा, व्रत और दान का बहुत महत्व माना गया है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, बड़े मंगल पर हनुमान जी की आराधना करने से मंगल दोष शांत होता है और जीवन में साहस, आत्मविश्वास और सफलता प्राप्त होती है।
कब है तीसरा बड़ा मंगल 2026
इस साल ज्येष्ठ माह का तीसरा बड़ा मंगल 19 मई 2026, मंगलवार को पड़ रहा है। पंचांग के अनुसार तृतीया तिथि 18 मई को शाम 05 बजकर 53 मिनट पर शुरू होगी और 19 मई को दोपहर 02 बजकर 18 मिनट तक रहेगी। इसी दिन बड़े मंगल का पर्व मनाया जाएगा।
तीसरे बड़े मंगल के शुभ मुहूर्त
बड़े मंगल पर पूजा के लिए कई शुभ मुहूर्त बन रहे हैं। ब्रह्म मुहूर्त सुबह 04:05 बजे से 04:47 बजे तक रहेगा। अभिजीत मुहूर्त सुबह 11:50 बजे से दोपहर 12:45 बजे तक रहेगा। विजय मुहूर्त दोपहर 02:34 बजे से 03:29 बजे तक रहेगा। गोधूलि मुहूर्त शाम 07:06 बजे से 07:27 बजे तक रहेगा, जबकि अमृत काल रात 09:14 बजे से 09:40 बजे तक रहेगा। इन शुभ समय में हनुमान जी की पूजा करना अत्यंत फलदायी माना गया है।
बड़ा मंगल पूजा सामग्री (Bada Mangal Puja Samagri)
हनुमान जी की पूजा के लिए लाल कपड़ा, सिंदूर, चमेली का तेल, लाल चंदन, अक्षत, कलावा, गेंदे के फूलों की माला, तुलसी दल, दीपक, रुई की बत्ती, धूप, अगरबत्ती, बूंदी या बेसन के लड्डू, गुड़, भुने चने और फल आदि रखें। मान्यता है कि चमेली के तेल और सिंदूर का चोला चढ़ाने से बजरंगबली जल्दी प्रसन्न होते हैं।
बड़े मंगल पर हनुमान जी की पूजा कैसे करें
बड़े मंगल के दिन सुबह जल्दी उठकर स्नान करें और साफ लाल या पीले रंग के वस्त्र धारण करें। इसके बाद घर के मंदिर या हनुमान मंदिर को गंगाजल से शुद्ध करें। एक चौकी पर लाल कपड़ा बिछाकर हनुमान जी की प्रतिमा स्थापित करें। अब चमेली के तेल में सिंदूर मिलाकर हनुमान जी को चोला अर्पित करें और गेंदे के फूलों की माला पहनाएं।
इसके बाद देसी घी का दीपक जलाकर हनुमान चालीसा, सुंदरकांड या बजरंग बाण का पाठ करें। फिर बूंदी, बेसन के लड्डू, गुड़-चना और फलों का भोग लगाएं। अंत में आरती करके अपनी मनोकामना कहें और प्रसाद बांटें।
हनुमान जी को कैसे करें प्रसन्न
अगर जीवन में बार-बार बाधाएं आ रही हैं या मानसिक तनाव बना रहता है, तो बड़े मंगल पर हनुमान चालीसा का पाठ करना बेहद शुभ माना जाता है। सुंदरकांड का पाठ करने से भय, रोग और नकारात्मक ऊर्जा दूर होती है। जिन लोगों की कुंडली में मंगल कमजोर हो, उन्हें इस दिन लाल मसूर, गुड़, लाल वस्त्र या तांबे का दान करना चाहिए। बंदरों को केला, गुड़ और चना खिलाना भी शुभ माना जाता है। जरूरतमंद लोगों को भोजन कराना और शरबत पिलाना पुण्यदायी माना गया है।
बड़ा मंगल क्यों है खास
ज्येष्ठ माह के बड़े मंगल का विशेष महत्व उत्तर भारत, खासकर लखनऊ और अवध क्षेत्र में माना जाता है। इस दिन जगह-जगह भंडारे लगाए जाते हैं और हनुमान मंदिरों में भक्तों की भारी भीड़ उमड़ती है। मान्यता है कि बड़े मंगल पर सच्चे मन से बजरंगबली की पूजा करने से संकट दूर होते हैं और जीवन में सुख-समृद्धि आती है। हनुमान जी को भगवान राम का परम भक्त माना जाता है। इसलिए इस दिन “श्री राम जय राम जय जय राम” मंत्र का जप करना भी बहुत शुभ माना गया है। कहते हैं कि जो भक्त बड़े मंगल पर श्रद्धा और भक्ति के साथ पूजा करता है, उस पर बजरंगबली की विशेष कृपा बनी रहती है।
