Gangaur Aarti Lyrics in Hindi: गणगौर का व्रत हर साल चैत्र महीने की शुक्ल पक्ष की तृतीया तिथि के दिन रखा जाता है। इस साल ये व्रत आज यानि 11 अप्रैल को रखा जा रहा है। इस दिन पति की लंबी आयु के लिए व्रत रखा जाता है। इसके साथ ही इस दिन कुंवारी कन्या भी व्रत रखती हैं। कुंवारी कन्या मनचाहे वर की प्राप्ति के लिए इस दिन व्रत रखती हैं। गणगौर की दिन पूरे विधि- विधान के साथ माता पार्वती और शिव जी की पूजा की जाती है। इस दिन गणगैर माता की आरती करना शुभ होता है। यहां पढ़ें गणगौर माता की आरती
मां पार्वती जी की आरती (Gangaur 2024 Maa Parvati Ji Ki Aarti)
जय पार्वती माता जय पार्वती माताब्रह्म सनातन देवी शुभ फल कदा दाता।
जय पार्वती माता जय पार्वती माता।
अरिकुल पद्मा विनासनी जय सेवक त्राता
जग जीवन जगदम्बा हरिहर गुण गाता।
जय पार्वती माता जय पार्वती माता।
सिंह को वाहन साजे कुंडल है साथा
देव वधु जहं गावत नृत्य कर ताथा।
जय पार्वती माता जय पार्वती माता।
सतयुग शील सुसुन्दर नाम सती कहलाता
हेमांचल घर जन्मी सखियन रंगराता।
जय पार्वती माता जय पार्वती माता।
शुम्भ निशुम्भ विदारे हेमांचल स्याता
सहस भुजा तनु धरिके चक्र लियो हाथा।
जय पार्वती माता जय पार्वती माता।
सृष्टि रूप तुही जननी शिव संग रंगराता
नंदी भृंगी बीन लाही सारा मदमाता।
जय पार्वती माता जय पार्वती माता।
देवन अरज करत हम चित को लाता
गावत दे दे ताली मन में रंगराता।
जय पार्वती माता जय पार्वती माता।
श्री प्रताप आरती मैया की जो कोई गाता
सदा सुखी रहता सुख संपति पाता।
जय पार्वती माता मैया जय पार्वती माता।
