अध्यात्म

Basant Panchami 2025 Maa Saraswati Mantra: संगीत और ज्ञान की देवी माता सरस्वती को प्रसन्न कर पाइए उनका आशीर्वाद, इस बसंत पंचमी पर करिए इन सिद्ध मंत्रो का जाप

Mata Saraswati Mantra (माता सरस्वती मंत्र): बसंत पंचमी का पर्व बहुत ही पावन माना जाता है। इस दिन ज्ञान और संगीत की देवी मां सरस्वती की विधि विधान पूजा की जाती है और वसंत ऋतु के आने का उत्सव मनाया जाता है। ये दिन विद्यार्थियों के लिए बहुत अच्छा हो सकता है अगर वो मां शारदे के वैदिक मंत्रो का जाप करें जिससे उन्हें जीवन की हर परीक्षा में सफलता म‍िलेगी। चल‍िए जानते हैं माता सरस्वती मंत्र।

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Mata Saraswati ke Mantra

Mata Saraswati Mantra (माता सरस्वती मंत्र): बसंत पंचमी, माघ महीने की शुक्ल पक्ष की पंचमी तिथि‍ पर मनाया जाने वाला एक विशेष हिंदू त्योहार है। इस दिन माता सरस्वती की पूजा की जाती है। मान्यताओं के अनुसार माता सरस्वती को विद्या, बुद्धि, ज्ञान और विवेक की देवी माना जाता है। माता सरस्वती के हाथों में वीणा, पुस्तक, माला और अक्ष माला होती है। माता सरस्वती परम ब्रह्म के प्रकृति रूप का ही एक अंश हैं जो प्राणियों में ज्ञान का प्रकाश भरती हैं। आज हम आपको शास्त्रों में वर्णित माता सरस्वती के कुछ ऐसे सिद्ध मंत्र बताएंगे हैं जिनके जाप से आत्मज्ञान की प्राप्ति होती है और बुद्धि हमेशा जागृत रहेगी। मान्‍यता ये भी है क‍ि इन मंत्रों को पड़ने से विद्यार्थियों को पढ़ा हुआ सब कुछ याद रहेगा, ऐसे में चल‍िए जानते हैं माता सरस्वती के मंत्रों को।

Mata Saraswati Mantra (माता सरस्वती मंत्र)

वेद और अन्य धार्मिक ग्रंथों में वर्णित माता सरस्वती के के मंत्रों के जाप और स्मरण से व्यक्ति को सुख, समृद्धि, शांति और यश की प्राप्ति होती है, जि‍न्‍हें आप यहां पर पढ़ सकते हैं –

सरस्वती ध्यान मंत्र - ॐ सरस्वती मया दृष्ट्वा, वीणा पुस्तक धारणीम्। हंस वाहिनी समायुक्ता मां विद्या दान करोतु में ॐ।।

सरस्वती विद्या मंत्र - सरस्वती नमस्तुभ्यं वरदे कामरूपिणि। विद्यारम्भं करिष्यामि सिद्धिर्भवतु मे सदा॥

सरस्वती मंत्र धन और बुद्धि के लिए - ॐ अर्हं मुख कमल वासिनी पापात्म क्षयम् कारी वद वद वाग्वादिनी सरस्वती ऐं ह्रीं नमः स्वाहा।

ज्ञान वृद्धि के लिए सरस्वती मंत्र - सरस्वति महाभागे विद्ये कमललोचने। विद्यारूपे विशालाक्षि विद्यां देहि नमोस्तुते॥

सरस्वती पुराणोक्ता मंत्र - या देवी सर्वभूतेषु विद्या-रूपेण संस्थिता। नमस्तस्यै नमस्तस्यै नमस्तस्यै नमो नमः॥

ऐसा माना जाता है कि सरस्वती माता के मंत्रों का जाप करने से आत्मविश्वास बढ़ता है और वाणी दोषों से मुक्‍त‍ि मि‍लती है। माता सरस्वती के इन मंत्रो के प्रतिदिन जाप से तन-मन को शुद्धि मिलती है।

(डिसक्लेमर- इस लेख में दी गई जानकारी मान्यताओं पर आधारित है। timesnowhindi.com इसकी सटीकता या विश्वसनीयता की पुष्टि नहीं करता है। इसलिए किसी भी जानकारी या मान्यता को अमल में लाने से पहले संबंधित विशेषज्ञ की राय जरूर लें।)

Laveena Sharma
लवीना शर्माauthor

धरती का स्वर्ग कहे जाने वाले जम्मू-कश्मीर की रहने वाली हूं। पत्रकारिता में पोस्ट ग्रेजुएट हूं। 10 साल से मीडिया में काम कर रही हूं। पत्रकारिता में करियर की शुरुआत न्यूज 24 से हुई। इसके बाद तमाम चैनलों में काम किया। जहां स्क्रिप्ट राइटिंग, एडिटिंग और एंकरिंग का अनुभव हासिल हुआ। रफ्तार यहीं नहीं रूकी अब चाह थी कुछ नया करने की जिसके लिए मैंने डिजिटल मीडिया में स्विच किया और मैं जनसत्ता से जुड़ गई। जनसत्ता में मैंने अध्यात्म सेक्शन लीड किया। इसके बाद पत्रिका में सेवाएं दी और अब timesnowhindi.com से जु़ड़ी हूं। यहां भी मैं अध्यात्म सेक्शन में कार्यरत हूं। भारतीय संस्कृति, अध्यात्म और ज्योतिष शास्त्र में मेरा शुरू से ही लगाव रहा है। मेरी कोशिश रहती है कि मैं ऐसा कंटेट लिखूं जिससे बड़े बुजुर्ग ही नहीं बल्कि आज के युवा भी कनेक्ट कर सकें।

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