Vastu Tips For Home: घर पर भी हमें बड़े बूढ़े हमेशा उल्टी चप्पल रखने के लिए टोकते जरूर हैं। हम बड़े बुजुर्गों के टोकने पर तुरंत चप्पल सीधी कर देते हैं। लेकिन क्या आप जानते हैं कि घर में उल्टी चप्पल होने के पीछे क्या कारण हो सकता हैं? दरअसल हमारा समाज कई प्रकार के शुभ अशुभ चीजों को मानता है। उनमें से एक है चप्पल जूतों का उल्टा रखना। मान्यता है कि घर में उल्टी चप्पल या उल्टे जूते होने पर उन्हें तुरंत सीधा कर देना चाहिए, क्योंकि इससे घर पर लड़ाई हो सकती है और मां लक्ष्मी भी रूठ जाती हैं। इसलिए बड़े बुजुर्ग कहते हैं कि उल्टी चप्पल को तुरंत सीधा कर देना चाहिए, इसके पीछे कोई वैज्ञानिक तथ्य नहीं है।
अक्सर हमने देखा है चप्पल उल्टी होने के बाद हमें उसे सीधा करने को कहा जाता है। पुरानी सभ्यता के अनुसार यह माना जाता है कि यदि आप चप्पल तथा जूते उल्टे रखते हैं या जल्दबाजी में वह उल्टे हो जाते हैं तो घर में लक्ष्मी माता का आगमन नहीं होता है और घर में दरिद्रता और गरीबी आती है। इसके अलावा घर में बीमारी, दुख आदि चीजें आने लगती हैं। इसलिए चप्पल तथा जूता निकालने के बाद यदि वह गलती से उल्टा हो जाता है तो तुरंत उसे सीधा करें।
आती है नकारात्मक ऊर्जा
मान्यता है कि घर के आगे या घर में उल्टा चप्पल और जूता रखने से घर में झगड़ा हो सकता है। बड़े बुजुर्ग कहते हैं कि चप्पल और जूतों को कभी भी उल्टा ना रखें इससे घर में नकारात्मक ऊर्जा आती है।
रहता है शनि का प्रकोप
माना जाता है कि घर में उल्टे जूता चप्पल रखने से तनाव का माहौल रहता है। साथ ही उल्टे चप्पल और जूते रखने से शनि का प्रकोप रहता है, क्योंकि शनिदेव को पैरों का कारक माना गया है।
सोच पर पड़ता है बुरा असर
यह भी मान्यता है कि घर के दरवाजे पर भूलकर भी जूते-चप्पल उल्टे नहीं रखने चाहिए। इससे घर के सदस्यों की सोच पर बुरा असर पड़ने की मान्यता है। वास्तु के मुताबिक जूते-चप्पल उल्टे होने से घर की सकारात्मकता दूर चली जाती है। इससे परिवार की सुख-शांति में काफी बाधा आती है।
(डिस्क्लेमर : यह पाठ्य सामग्री आम धारणाओं और इंटरनेट पर मौजूद सामग्री के आधार पर लिखी गई है। टाइम्स नाउ नवभारत इसकी पुष्टि नहीं करता है।)

