Numerology Number 7 Horoscope 2022 (अंक ज्योतिष राशिफल 2022): अंक 07 का स्वामीग्रह केतु है। जिस जातक का जन्म किसी भी माह तथा वर्ष में 07, 16 या 25 को हुआ है वो अंक 07 के जन्मांक के प्रभाव में आएंगे। इस अंक के जातक मेडिकल तथा प्रबंधकीय फील्ड में बहुत सफल होते हैं। वे बहुत ही कर्मयोगी तथा आध्यात्मिक होते हैं। जिस भी कार्य को हाथ में लेते हैं, उसको अंजाम तक पहुंचा कर के ही मानते हैं। धार्मिक गुरु होते हैं। विद्यालयों के प्रबंधक होते हैं। राजनीति के लिए यह अंक बहुत अनुकूल है। बैंकिंग, मीडिया, सिविल सेवा तथा पुलिस सेवा में उच्च पदों को प्राप्त करते हैं। शनि, शुक्र तथा बुध इसके परम मित्र है। अंक 08 इसका सबसे प्रिय मित्र अंक है। 2022 का अंक 06 है। 06 का स्वामीग्रह शुक्र है। बुध शनि व शुक्र का मित्र है। ऐसे जातक का शुभ रत्न गोमेद है।
जन्मांक 7 का वार्षिक अंकफल
1. स्वास्थ्य
स्वास्थ्य सुख में केतु का प्रभाव बहुत बेहतर नहीं है। केतु मार्च व नवम्बर में थोड़ी परेशानी उत्पन्न कर सकता है। फरवरी तथा मार्च में हेल्थ में नेत्र रोग के प्रति सचेत रहें। शुगर तथा उदर विकार की समस्या आ सकती है। बीपी के मरीजों के लिए सितम्बर तथा नवम्बर का महीना कष्टप्रद है।
2. व्यवसाय तथा जॉब
आईटी, बैंकिग व मैनेजमेंट फील्ड से जुड़े लोग इस वर्ष सफलता की प्राप्ति करेंगे। अगस्त के बाद ऑफिस की तरफ से विदेश जाने का अवसर प्राप्त होगा। मीडिया, आईटी तथा फ़िल्म फील्ड के जातकों के लिए यह वर्ष बहुत अनुकूल है। इस वर्ष जॉब चेंज के अवसर बन सकते हैं। जॉब में प्रोमोशन से लाभान्वित होंगे। छात्र सफल रहेंगे। व्यवसाय में प्रोग्रेस है।
3. लव लाइफ तथा दाम्पत्य जीवन
इस वर्ष आपकी लव लाइफ बहुत ही सफल रहेगी। दाम्पत्य जीवन सुखद रहेगा। जीवन साथी को मार्च तक स्वास्थ्य से परेशानी हो सकती है। इस वर्ष प्रेम, विवाह का रूप लेगा। इसके लिए फरवरी के बाद का समय अनुकूल है। आपके लव लाइफ के लिए जून से नवम्बर तक का समय बेहतर है।
4. व्यवसाय व आर्थिक स्थिति
व्यवसाय इस वर्ष बेहतर है। आर्थिक स्थिति 15 मार्च के बाद बेहतर रहनी चाहिए। सितंबर व नवम्बर में जमीन व वाहन खरीद सकते हैं। धन आगमन होगा।
5. शुभ समय
मार्च से अगस्त व दिसम्बर माह का शुभ है।
6. उपाय
भैरो उपासना करें। माता काली जी की उपासना करें। गणेश जी की पूजा करें। बुध व केतु के बीज मंत्र का जप करें। गाय को बुधवार को पालक खिलाएं। समय समय पर शुभ मुहूर्त में रुद्राभिषेक कराते रहें।

