अध्यात्म

10 November 2024 Panchang: पंचांग से जानिए अक्षय नवमी के दिन क्या होगा पूजा का मुहूर्त, कब से कब तक रहेगा राहुकाल

10 November 2024 Panchang (10 नवंबर 2024 पंचांग): कार्तिक महीने की शुक्ल पक्ष की नवमी तिथि के दिन अक्षय नवमी का व्रत रखा जाएगा। आज के दिन सूर्योदय सुबह 6 बजकर 39 मिनट पर होगा। आइए जानें आज का पूरा पंचांग।

Image

10 November 2024 Panchang

10 November 2024 Panchang (10 नवंबर 2024 पंचांग): पंचांग के अनुसार अक्षय नवमी के दिन धनिष्ठा नक्षत्र रहने वाला है। इस दिन आंवले के पेड़ की पूजा की जाती है। आंवला नवमी के दिन अभिजीत मुहूर्त 11:55 से लेकर 12 बजकर 27 मिनट तक रहेगा। इस मुहूर्त में आंवले के पेड़ की पूजा की जा सकती है। आज के दिन ब्रम्ह मुहूर्त सुबह 4:09 से लेकर 5 बजकर 5 मिनट तक रहेगा। इस मुहूर्त में स्नान करना शुभ होगा। आज के दिन राहुकाल का समय सायंकाल 04:30 बजे से 06 बजे तक रहेगा। इस समय में कोई शुभ काम नहीं किया जाता है। आइए जानते हैं आज का पूरा पंचांग।

10 November 2024 Panchang (10 नवंबर 2024 पंचांग)

संवत-पिङ्गला विक्रम संवत 2081

माह-कार्तिक ,शुक्ल पक्ष,पर्व -नवमी

तिथि- नवमी

दिवस -शनिवार

सूर्योदय-06:39am

सूर्यास्त-05:30 pm

नक्षत्र-धनिष्ठा

चन्द्र राशि -कुम्भ स्वामी -शनि

सूर्य राशि-तुला,स्वामी ग्रह-शुक्र

करण- बव

योग: वृद्धि

शुभ मुहूर्त

1अभिजीत-11:55 am से 12:27 pm तक

2विजय मुहूर्त-02:24pm से 03:28pm तक

3गोधुली मुहूर्त--06:21pm से 07:21pm तक

4 ब्रम्ह मुहूर्त-4:09m से 05:05am तक

5अमृत काल-06:05am से 07:41am तक

6निशीथ काल मुहूर्त-रात्रि 11:43से 12:21तक रात

संध्या पूजन-06:22 pm से 07:05pm तक

दिशा शूल- पश्चिम दिशा।इस दिशा में यात्रा से बचें। दिशाशूल के दिन उस दिशा की यात्रा करने से बचते हैं,यदि आवश्यक है तो एक दिन पहले प्रस्थान निकालकर फिर उसको लेकर यात्रा करें।

अशुभ मुहूर्त

राहुकाल-सायंकाल 04:30 बजे से 06 बजे तक

क्या करें-आज रविवार नवमी तिथि है। भगवान सूर्य का व्रत है।माता शीतला जी की पूजा भी करें। शिव उपासना करें नवमी शक्ति उपासना का बहुत पावन दिवस होता है। आज दुर्गा माता जी की पूजा बहुत ही श्रद्धा से होती है। जीवन को प्रसन्नमय व उन्नतिशील करने के लिए सूर्य व मङ्गल के बीज मंत्र का जप करें। सुंदरकांड का पाठ आरोग्यता व समृद्धि के लिए कर सकते हैं।आज गुड़ दान भी किया जा सकता है। सप्त अन्न का दान भी कर सकते हैं। रविवार व्रत करने से जन्म जन्मांतर के पाप व वर्तमान रोग नष्ट होते हैं तथा उम्र लंबी होती है। श्री आदित्यह्र्दय स्तोत्र का 03 पाठ करें। भगवान सूर्य के 100 नाम का जप करने से पाप नष्ट होते हैं। सूर्य को जल दें। गायत्री मंत्र का जप करें।

क्या न करें-पिता की किसी भी बात की अवज्ञा मत करें।

Sujeet jee Maharaj
सुजीत जी महाराजauthor

सुजीत जी महाराज ज्योतिष और वास्तु विज्ञान एक्सपर्ट हैं जिन्हें 20 वर्षों का ज्योतिष, तंत्र विज्ञान का अनुभव हासिल हैं। 25000 से ऊपर लेख देश के कई बड़े पत्र पत्रिकाओं में प्रकाशित हो चुके हैं और कई बड़े पुरस्कार भी प्राप्त कर चुके हैं जिसमें ,एक अमेरिका के संस्था से भी प्राप्त है। यह गणित के साथ फलित ज्योतिष पर भी पकड़ रखते हैं और ज्योतिष के क्षेत्र में इन्हें कई सम्मान मिल चुके हैं।

और पढ़ें
End of Article